Minister Virendra Kumar - मध्यप्रदेश में एक केंद्रीय मंत्री के बंगले के पास कुछ ऐसी घटना घटी कि बवाल मच गया। यह घटना CCTV में भी कैद हो गई।
Minister Virendra Kumar - मध्यप्रदेश में एक केंद्रीय मंत्री के बंगले के पास कुछ ऐसी घटना घटी कि बवाल मच गया। यह घटना CCTV में भी कैद हो गई। टीकमगढ़ में केंद्रीय मंत्री क्षेत्रीय सांसद वीरेंद्र कुमार के बंगले के पास बैग में वोटर आईडी कार्ड मिले। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी द्वारा निर्वाचन आयोग पर लगाए जा रहे वोट चोरी के आरोपों के बीच केंद्रीय मंत्री के निवास के पास वोटर आईडी मिलने से हड़कंप मच गया। विपक्ष हमलावर हो गया हालांकि इस मामले में अब नया मोड़ आ गया है। सांसद प्रतिनिधि ने इसे साजिश बताते हुए हकीकत का खुलासा किया। उन्होंने कहा कि मंत्री के बंगले के पास रहने वाले एक सरकारी कर्मचारी ने ये आईडी फेंकी जिसके उन्होंने CCTV के फुटेज भी उपलब्ध कराए।
इन दिनों देशभर में एसआईआर (SIR) विवाद सुर्खियों में बना हुआ है। कांग्रेस नेता राहुल गांधी एमपी सहित अनेक राज्यों में चुनाव आयोग और बीजेपी पर वोट चोरी के इल्जाम लगा रहे हैं। इन विवादों के बीच टीकमगढ़ में केंद्रीय मंत्री वीरेंद्र कुमार के निवास के पास दर्जनों वोटर आईडी कार्ड पड़े मिले। यहां एक पॉली बैग में अनेक कार्ड मिले जिसमें कुछ अधजले भी थे।
केंद्रीय मंत्री के निवास के पास आईडी कार्ड मिलने से हड़कंप मच गया। प्रशासनिक अधिकारियों की टीम तुरंत मौके पर पहुंची और वोटर आईडी कार्ड जब्त किए। इन्हें जांच के लिए निर्वाचन शाखा भेजा गया। SIR विवाद और वोट चोरी के आरोपों के बीच इतनी बड़ी तादाद में वोटर आईडी कार्ड मिलने पर सवाल उठने लगे।
मामले में अब नया मोड़ आया है। सांसद व केंद्रीय मंत्री वीरेंद्र कुमार के प्रतिनिधि विवेक चतुर्वेदी ने इसे साजिश बताते हुए इसका खुलासा किया। उन्होंने कहा कि केंद्रीय मंत्री सांसद वीरेंद्र कुमार को बदनाम करने के लिए ये आईडी कार्ड षड्यंत्र पूर्वक उनके बंगले के पास फेंके गए। पास ही रहनेवाले एक सरकारी कर्मचारी ने यह काम किया जोकि स्वास्थ्य विभाग में है। सांसद प्रतिनिधि विवेक चतुर्वेदी ने सीसीटीवी फुटेज में इसके सबूत होने का भी दावा किया। उन्होंने सीसीटीवी फुटेज मीडिया को उपलब्ध कराए।
इधर तहसलीदार सतेन्द्र सिंह गुर्जर ने बताया कि केंद्रीय मंत्री के बंगले के पास मिले कुछ वोटर आईडी सन 2011 के हैं। निर्वाचन शाखा मामले की जांच कर रही है। बता दें कि टीकमगढ़ कलेक्टर विवेक श्रोतिय भी मामले की जांच के आदेश दे चुके हैं।