
भोपाल. मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने रविवार को सतना जिले के रैगांव विधानसभा क्षेत्र का दौरा कर चुनावी बिगुल फूंक दिया। उन्होंने क्षेत्र में दो बड़ी सभाएं कीं। साथ ही 25 किलोमीटर लंबी जनदर्शन यात्रा में शामिल हुए। इस दौरान पीने के पानी की व्यवस्था पर बात करते ही लोग बोल उठे कि पांच साल पहले की योजना अब तक पूरी नहीं हुई है।
इस पर मुख्यमंत्री ने कलेक्टर और लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी के इंजीनियर को मंच पर बुला लिया। उनसे जवाब लेते हुए 31 मार्च 2022 तक ढाई करोड़ की नल-जल योजना पूरी करने की समय-सीमा तय कराई। कलेक्टर को पुरानी योजना अटकने की जांच कराने के निर्देश दिए। प्रथ्वीपुर में जनदशन यात्रा रैगांव विधानसभा सीट पूर्व मंत्री व भाजपा विधायक जुगलकिशोर बागरी के निधन से खाली हुई है, जिस पर जल्दी उपचुनाव होने हैं। कोरोना काल के बाद यह सीएम की पहली जनदर्शन यात्रा थी। मुख्यमंत्री 14 सितंबर को उपचुनाव वाले पृथ्बीपुर के दौरे पर भी पहुंचेंगे। वे जनदर्शन यात्रा में शामिल होकर लोगों की समस्याएं सुनेंगे। उनका रोड शो मोहनगढ़ और अचर्रा होकर गुजरेगा।
सामान्य वर्ग आयोग गठित किया
मुख्यमंत्री ने शिवराजपुर में सभा को संबोधित करते हुए कहा कि प्रदेश में किसी भी वर्ग के साथ अन्याय और भेदभाव नहीं होगा। इसीलिए अजा, अजजा और पिछड़ा वर्ग आयोग की तरह सामान्य वर्ग आयोग गठित किया है, जिसका अध्यक्ष तय कर दिया है। यह आयोग सामान्य वर्ग के कल्याण के लिए काम करेगा। उन्होंने कहा कि गरीबी रेखा का राशन हर वर्ग को मिलेगा, वो चाहे सामान्य हो या अन्य। प्रदेश में हर महीने 7 तारीख को राशन बांटा जाएगा। राशन में गड़बड़ी करने वालों को जेल भेजेंगे।
सीएम ने क्षेत्र के लिए की अहम घोषणाएं
मुख्यमंत्री ने शिवराजपुर में सीएम राइज के तहत 18 करोड़ के स्कूल भवन बनाए जाने का ऐलान किया। बिजली की समस्या को देखते हुए विद्युत सब स्टेशन बनवाने की बात कही। वहीं, हाट बाजार और सड़क निर्माण का भी ऐलान किया।
कांग्रेसी हिरासत में
मुख्यमंत्री के सतना दौरे का एनएसयूआइ और यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने विरोध किया। वे महंगाई और बेरोजगारी के मुद्दे पर सरकार का विरोध कर रहे थे। उनके हेलिपैड पर पहुंचने से पहले ही पुलिस ने हिरासत में ले लिया।
किया स्वीकार कम वर्षा से बिजली संकट
प्रदेश में बिजली की समस्या को स्वीकार करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि इस साल बारिश कम हुई है, नर्मदा के बांध खाली हैं। पानी वाली बिजली नहीं बनी, इसलिए कमी आई है, लेकिन हम आम जन को परेशान नहीं होने देंगे। खरीदकर बिजली की कमी को पूरी करने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि कोरोना के लॉकडाउन के कारण बाजार बंद रहे, टैक्स कम मिला है, इसलिए कड़की में हूं, पर कमलनाथ जैसा नहीं कि पैसे का रोना रोते रहें।
चुनावी क्षेत्रों में ही जनदर्शन क्यों
भोपाल. जनदर्शन पर पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा, मुख्यमंत्री शिवराज जनदर्शन यात्रा करें अपने दर्शन जनता को दें। हमें आपत्ति नहींं, पर उनका जनदर्शन कार्यक्रम उन क्षेत्रों में हो रहा है, जहां आगामी समय में उपचुनाव होना है। बेहतर हो, वह अपना जनदर्शन उन क्षेत्रों में भी दें, जहां जनता बेसब्री से उनके दर्शनों को आतुर है।