Patrika Keynote 2025 : पत्रिका समूह के संस्थापक श्रद्धेय कर्पूर चंद्र कुलिश की जन्म शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में पत्रिका समूह देशभर में संवाद श्रृंखला आयोजित कर रहा है। इसी क्रम में भोपाल के पं.खुशीलाल शर्मा शासकीय आयुर्वेद महाविद्यालय एवं संस्थान सभागार में लोकतंत्र और मीडिया विषय पर मंथन हुआ।
Patrika Keynote 2025 : पत्रिका समूह के संस्थापक श्रद्धेय कर्पूर चंद्र कुलिश की जन्म शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में देशभर में संवाद श्रृंखला पत्रिका KEYNOTE आयोजित कर रहा है। इसी क्रम में आज मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल के पं. खुशीलाल शर्मा शासकीय आयुर्वेद महाविद्यालय एवं संस्थान सभागार में लोकतंत्र और मीडिया विषय पर मंथन हुआ। कार्यक्रम में पत्रिका समूह के प्रधान संपादक डॉ. गुलाब कोठारी की मौजूदगी में हुए विचारों के महाकुंभ में केंद्रीय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने अपने विचार व्यक्त करते हुए पत्रिका और पत्रिका समूह के प्रधान संपादक डॉ. गुलाब कोठारी की जमकर तारीफ की और कहा कि अगर समाज को सुधारना है तो गुलाब कोठारी जी जैसा सेतू चाहिए।
पत्रिका KEYNOTE कार्यक्रम को संबोधित करते हुए केन्द्रीय कानून एवं न्याय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने कहा कि 'कभी कभी क्या होता है हमारी आत्मा लाइट तो फेंकती है लेकिन उसके सामने राख आ जाती है उस राख को हटाने का काम डॉ. गुलाब कोठारी करते हैं और जब वो राख हटती है तो हमारे अंदर प्रकाश होता है फिर हम खुद से नो योअर सेल्फ (KNOW YOUR SELF) की बात करते हैं। उन्होंने आगे कहा कि वैसे तो संविधान के तीन स्तंभ हैं विधायिका, कार्य पालिका और न्याय पालिका लेकिन हम सुनते आए हैं एक चौथा स्तंभ भी है और वो है पत्रकारिता। गुलाब जी ने हमें ज्ञान दिया और हमारे ज्ञान चक्षु खोले भी कि ये चौथा स्तंभ नहीं है। क्योंकि चौथा स्तंभ होते ही ये इनसे जुड़ जाएगा और पत्रकारिता को इनसे नहीं जुड़ना है। फिर मैंने उनसे सवाल किया कि तो फिर मीडिया क्या है? जिसका गुलाब कोठारी जी ने जवाब दिया कि मीडिया जो है वो सेतू का काम करता है।
केन्द्रीय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने पत्रिका समूह के संस्थापक श्रद्धेय कर्पूर चंद्र कुलिश जी को याद करते हुए कहा कि उन्होंने 1956 में अपने कुछ मित्रों के साथ अखबार की शुरूआत की थी। आज कितना बड़ा पत्रिका समूह बन गया। जब इमरजेंसी लगी तो कुलिश जी ने प्रश्न किया कि ये कैसा शासन आ गया ? तब उनके पास जीप होती थी तो वो जीप से गांव गांव जाने लगे । ठीक उसी तरह से अब गुलाब जी चुनावों के वक्त जागो जनमत के माध्यम से गांव-गांव शहर-शहर जाकर कहते हैं कि लोकतंत्र ठीक है तो आप लोकतंत्र में भागीदारी दें ऐसा काम अगर कोई करता है तो आदरणीय गुलाब जी करते हैं।
केन्द्रीय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने मंच से डॉ. गुलाब कोठारी की तारीफ करते हुए बताया कि- मैं चुनाव लड़ रहा था तो गुलाब कोठारी जी ने एक प्रोग्राम चलाया । जिसमें ये पूछा गया कि जो चुनाव लड़ता है उसका घोषणा पत्र क्या होना चाहिए ये सवाल इन्होंने जनता से पूछा? वैसे तो ये राजनीति वालों का काम है लेकिन गुलाब कोठारी ने ये प्रोग्राम चलाया कि जनता का घोषणा पत्र क्या है ? क्या जो नेता जीतेगा वो जनता का घोषणा पत्र पूरा करेगा की नहीं? उस वक्त तो कुछ समझ नहीं आया हमें लेकिन बाद में समझ आया कि पत्रिका और गुलाब कोठारी जी सेतू का काम कर रहे थे। मंत्री मेघवाल ने कहा कि आज आपके अंदर जो संवेदनाएं कमजोर हो रही हैं उन्हें मजबूत करने के लिए गुलाब कोठारी जी आए हैं और मुझे बुलाया है। मैं आभार प्रकट करता हूं पत्रिका समूह का। हमें गुलाब कोठारी जी जैसे ही काम करने वाले लोगों की आवश्यकता है और अगर समाज को सुधारना है तो गुलाब कोठारी जी जैसा सेतू चाहिए।