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IRCTC पर बैरागढ़ नहीं, संत हिरदाराम नगर के नाम से बुक होगी टिकट, यह है नया कोड

IRCTC पर बैरागढ़ नहीं, संत हिरदाराम नगर के नाम से बुक होगी टिकट, यह है नया कोड

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May 31, 2018
अब पहले ही पता चल जाएगा टिकट कंफर्म होगा या नहीं, ऐसी है IRCTC की नई वेबसाइट


संत हिरदाराम नगर। भोपाल के उपनगर बैरागढ़ रेलवे स्टेशन का भी नाम अब बदल गिया है। इसका नाम बदलकर संत हिरदाराम नगर हो गया है। आईआरसीटीसी ने भी टिकट बुकिंग संत हिरदाराम नगर के नाम से शुरू कर दी है। इस स्टेशन के लिए नए कोड से बुकिग भी शुरू हो गई है। BIH इसका नया कोड है।

कुछ सालों पहले भोपाल के उपनगर बैरागढ़ का नाम बदलकर संत हिरदाराम नगर कर दिया गया था। नाम तो बदल दिया गया, लेकिन रेलवे स्टेशन का नाम बैरागढ़ ही रहा। इसके लिए स्थानीय लोगों ने कई बार केंद्र सरकार को पत्र लिखा, लेकिन रेलवे स्टेशन का नाम संत हिरदाराम नगर नहीं हो पाया।

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संत हिरदाराम नगर का कोट हुआ BIH
आईआरसीटीसी पर टिकट बुकिंग के लिए अब इस रेलवे स्टेशन का नाम S HIRDARAMNAGAR - BIH के नाम से मिलेगा। ऑनलाइन टिकट बुकिंग सिस्टम पर बैरागढ़ नाम हटा दिया गया है।

SHRN के भ्रम में न रहें
इधर, संत हिरदाराम नगर रेलवे स्टेशन का कोड BIH रहेगा। इसके साथ ही एक नाम और S HIRDARAMNAGAR - SHRN नाम से भी आनलाइन बुकिंग के दौरान आता है। इसलिए SHRN कोड का इस्तेमाल न करते हुए BIH कोड का ही इस्तेमाल करें।

कुछ माह पहले ही हुई 30 साल पुरानी मांग
कुछ माह पहले ही संत हिरदाराम नगर रेलवे स्टेशन को रतलाम रेल मंडल से हटाकर भोपाल मंडल में शामिल कर लिया गया। इसे भोपाल मंडल में शामिल करने के लिए 30 सालों से मांग चल रही थी। भारत सरकार के गजट में भी इसका प्रकाशन कर दिया गया। नया आदेश 1 फरवरी से लागू हो गया था।

यह है महत्वपूर्ण
-केंद्र सरकार ने पश्चिम मध्य रेलवे के भोपाल मंडल का क्षेत्राधिकार 839.30 किलोमीटर से बढ़ाकर 848.92 किलोमीटर कर दिया है। अब तक यह सीमा उज्जैन-मक्सी जंक्शन के तहत थी।

रेल सुविधा संघर्ष समिति के अध्यक्ष परसराम आसनानी के नेतृत्व में कई बरसों से यह मांग की जा रही थी। अब इस समिति के संघर्ष को सफलता मिल पाई है।

मेरे बुजुर्ग होने पर पूरी हुई मांग
आसनानी कहते हैं कि 30 सालों पहले बैरागढ़ स्टेशन के विकास की दृष्टि से इसे भोपाल मंडल में शामिल की मांग की थी। इसके बाद मैं युवा से बुजुर्ग हो गया, तब जाकर यह खुशी मिल पाई। इस दौरान काफी संघर्ष करना पड़ा।

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Published on:
31 May 2018 02:56 pm
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