बीकानेर

Indian Railways: बीकानेर रेलवे स्टेशन के री-डेवलपमेंट को झटका, 382 करोड़ की परियोजना पर लगा ब्रेक

Bikaner Railway Station Redevelopment: बीकानेर रेलवे स्टेशन को विश्वस्तरीय सुविधाओं से लैस करने की महत्वाकांक्षी री-डेवलपमेंट परियोजना को बड़ा झटका लगा है। परियोजना का कार्य कर रही कंपनी का ठेका रेलवे ने निरस्त कर दिया है, जिसके चलते निर्माण कार्य बंद पड़ा है।

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Jun 08, 2026
Bikaner Railway Station new look
ऐसा बनेगा बीकानेर रेलवे स्टेशन। पत्रिका फाइल फोटो

बीकानेर। बीकानेर रेलवे स्टेशन को विश्वस्तरीय सुविधाओं से लैस करने की महत्वाकांक्षी री-डेवलपमेंट परियोजना को बड़ा झटका लगा है। परियोजना का कार्य कर रही कंपनी का ठेका रेलवे ने निरस्त कर दिया है, जिसके चलते पिछले महीने से निर्माण कार्य बंद पड़ा है। हालांकि रेलवे और जनप्रतिनिधियों का दावा है कि नई टेंडर प्रक्रिया जल्द पूरी कर परियोजना को दोबारा गति दी जाएगी। केंद्रीय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने रविवार को बताया कि संबंधित कंपनी निर्धारित गति से काम नहीं कर रही थी।

इसके चलते रेलवे ने उसका अनुबंध समाप्त कर दिया। उन्होंने कहा कि अब परियोजना को आगे बढ़ाने की रणनीति पर चर्चा की गई है और जल्द नए टेंडर जारी कर निर्माण कार्य फिर से शुरू कराया जाएगा। रेलवे सूत्रों के अनुसार री-डेवलपमेंट कार्य पिछले महीने से बंद है। ठेका निरस्त होने के बाद नई निविदा प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। प्रक्रिया पूरी होते ही निर्माण कार्य पुनः शुरू होने की उम्मीद है।

बीकानेर रेलवे स्टेशन के आधुनिकीकरण का कार्य वर्ष 2025 में शुरू किया गया था। लगभग 382 करोड़ रुपए की लागत वाली इस परियोजना का शिलान्यास वर्ष 2023 में नौरंगदेसर में आयोजित कार्यक्रम के दौरान किया गया था। परियोजना को अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत उत्तर पश्चिम रेलवे की प्रमुख परियोजनाओं में शामिल किया गया है।

यात्रियों को मिलने वाली हैं अत्याधुनिक सुविधाएं

री-डेवलपमेंट योजना के तहत स्टेशन परिसर को आधुनिक स्वरूप देने के साथ यात्री सुविधाओं का व्यापक विस्तार प्रस्तावित है। इसमें स्टेशन भवन का पुनर्निर्माण, बेहतर सर्कुलेशन एरिया, पार्किंग और वाणिज्यिक गतिविधियों के लिए आधुनिक ढांचा विकसित किया जाना है।

कोटगेट-सांखला फाटकों पर आरयूबी का विरोध

बीकानेर व्यापार एसोसिएशन ने कोटगेट और सांखला रेलवे फाटक पर आरयूबी और अंडरपास निर्माण पर विरोध दर्ज करवाया है। एसोसिएशन के सचिव उमेश मेंहदीरता के नेतृत्व में एक प्रतिनिधि मंडल ने केन्द्रीय मंत्री अर्जुनराम मेघवाल को सौंपे ज्ञापन में बताया कि कोटगेट और सांखला रेल फाटकों पर आरयूबी -अंडरपास निर्माण से समस्या और बढ़ेगी और शहरवासी परेशान होंगे।

प्रस्तावित अंडरब्रिज में अनेक खामियां हैं। सांखला फाटक पर दीवार बनाने से आमजन परेशान होंगे। कोटगेट आरयूबी महज 4 मीटर चौड़ा और 2.5 मीटर ही ऊंचा है। ज्ञापन में प्रस्तावित अंडरब्रिज-अंडरपास के निर्माण को पूर्णत: रद्द कर बीकानेर शहर के बाहर बाईपास रेल लाइन का निर्माण करवाकर फाटकों की समस्या के स्थायी समाधान की मांग की गई। प्रतिनिधिमंडल में उमेश मेंहदीरता, मांगीलाल झाबक, श्याम तंवर, शांति लाल कोचर शामिल रहे।

Published on:
08 Jun 2026 08:36 am