Aryan Khan Drugs Case: आर्यन खान ड्रग्स केस में पूर्व एनसीबी अधिकारी ने बॉम्बे हाईकोर्ट में बयान दिया है। क्या आर्यन को बचाने के लिए रिश्वत ली गई, चलिए जानते हैं।
Aryan Khan Drugs Case: साल 2021 में सामने आए चर्चित क्रूज ड्रग्स केस को लेकर एक बार फिर नई कानूनी हलचल देखने को मिल रही है। इस मामले में पूर्व (एनसीबी) मुंबई जोनल डायरेक्टर समीर वानखेड़े ने बॉम्बे हाईकोर्ट में बयान दिया है।
कहा है कि उन्होंने अभिनेता शाहरुख खान से उनके बेटे आर्यन खान को बचाने के लिए किसी भी प्रकार की रिश्वत की मांग नहीं की थी। इस बयान के बाद एक बार फिर ये हाई-प्रोफाइल मामला चर्चा में आ गया है।
दरअसल, ये पूरा मामला उस समय शुरू हुआ था जब अक्टूबर 2021 में मुंबई के पास एक क्रूज़ जहाज पर कथित ड्रग्स पार्टी की सूचना मिलने के बाद एनसीबी ने छापेमारी की थी। इस कार्रवाई के दौरान आर्यन खान समेत कई लोगों को हिरासत में लिया गया था। ये मामला देखते ही देखते देशभर में सुर्खियों में छा गया और लंबे समय तक मीडिया की प्रमुख खबर बना रहा।
बाद में इस केस ने नया मोड़ तब लिया जब आरोप लगा कि आर्यन खान को राहत देने के बदले कथित तौर पर 25 करोड़ रुपये की मांग की गई थी। इसी आरोप के आधार पर मई 2023 में सीबीआई ने समीर वानखेड़े और अन्य के खिलाफ भ्रष्टाचार और आपराधिक साजिश से जुड़ा मामला दर्ज किया। हालांकि अब वानखेड़े की ओर से अदालत में दायर याचिका में इन आरोपों को पूरी तरह निराधार बताया गया है।
अदालत में वानखेड़े के वकील ने दलील दी कि जांच एजेंसी के पास ऐसा कोई ठोस सबूत नहीं है जिससे यह साबित हो सके कि उनके मुवक्किल ने किसी तरह की रिश्वत मांगी या ली। उन्होंने यह भी कहा कि पूरे ऑपरेशन के दौरान एनसीबी ने कानून के तहत कार्रवाई की थी और सभी प्रक्रियाओं का पालन किया गया था।
इस मामले की सुनवाई के दौरान अदालत की पीठ ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद आगे की सुनवाई अगले दिन जारी रखने का फैसला किया है। यानी फिलहाल ये कानूनी प्रक्रिया अभी जारी है और आने वाले दिनों में इस पर और महत्वपूर्ण अपडेट सामने आ सकते हैं।
इस केस में एक और अहम पहलू यह भी है कि एनसीबी की आंतरिक जांच के बाद मामले से जुड़ी कुछ जानकारियां सीबीआई को सौंपी गई थीं, जिसके आधार पर आगे की जांच शुरू हुई। इसी के चलते ईडी ने भी मनी लॉन्ड्रिंग के आरोपों को लेकर अलग से केस दर्ज किया था।
हालांकि इस पूरे घटनाक्रम के बीच एनसीबी ने अपनी चार्जशीट में 14 आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की, लेकिन आर्यन खान को क्लीन चिट दे दी गई थी। इसके बावजूद यह मामला आज भी कानूनी और राजनीतिक हलकों में चर्चा का विषय बना हुआ है।
अब सभी की नजरें अदालत की अगली सुनवाई पर टिकी हुई हैं, जहां यह तय होगा कि समीर वानखेड़े के खिलाफ दर्ज एफआईआर पर आगे क्या रुख अपनाया जाता है और इस बहुचर्चित केस में आगे कौन सा नया मोड़ सामने आता है