बूंदी

‘मंच पर साथ बैठते हैं गाय काटने वाले, ऐसे दोगले लोगों से रहें सावधान’, राजस्थान के शिक्षा मंत्री मदन दिलावर का बयान

Madan Dilawar Statement: शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने तीखे तेवर दिखाते हुए समाज में व्याप्त 'दोहरे चरित्र' पर जुबानी हमला बोला। उन्होंने कहा, गाय काटकर खाने वाले लोग हमारे साथ मंच साझा करते हैं, जबकि राम और गंगा को मानने वाले हमसे दूरी बना रहे हैं।

2 min read
Mar 27, 2026
शिक्षा मंत्री मदन दिलावर (पत्रिका फाइल फोटो)

Madan Dilawar Statement on Cows in Bundi: राजस्थान के शिक्षा मंत्री मदन दिलावर अपने तल्ख तेवरों और बेबाक बयानी के लिए एक बार फिर चर्चा में हैं। बूंदी के जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डाइट) में स्वामी विवेकानंद की प्रतिमा के अनावरण समारोह के दौरान उन्होंने समाज में व्याप्त 'दोहरे चरित्र' और जातिवाद पर तीखा प्रहार किया।

मदन दिलावर ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि जो लोग गाय काटकर खाते हैं, वे हमारे साथ मंच साझा करते हैं, जबकि भगवान राम और गंगा माता को मानने वाला व्यक्ति हमसे दूरी बना रहा है। उन्होंने ऐसे लोगों को 'दोगला' करार दिया।

ये भी पढ़ें

Nadbai Jeweler Murder: ‘खून का बदला खून से लेंगे’, BJP विधायक बोले- कसम खाकर कहता हूं, ऐसी वारदात दोबारा नहीं होगी

जातिवाद पर प्रहार और ऐतिहासिक संदर्भ

शिक्षा मंत्री ने अनुसूचित जाति और पिछड़े वर्गों की महत्ता पर जोर देते हुए कहा कि जिन्हें आज हम दलित या पिछड़ा कहते हैं, ये वही लोग हैं जिन्होंने तलवार की धार पर भी झुकना स्वीकार नहीं किया। दिलावर के अनुसार, विदेशी ताकतों ने इन्हें धर्मांतरण के लिए मजबूर किया। लेकिन इन्होंने मरना मंजूर किया पर अपना धर्म नहीं छोड़ा।

उन्होंने समाज को एकजुट होने का आह्वान करते हुए कहा, शिक्षा के मंदिर में सभी समान हैं। भगवान राम ने शबरी के जूठे बेर खाकर और निषाद राज को गले लगाकर ऊंच-नीच का भेद मिटाया था। अगर हम आज भी जात-पात में फंसे रहे, तो विदेशी शक्तियां हमें तोड़ देंगी।

हिंदुत्व और स्वामी विवेकानंद की प्रेरणा

विवेकानंद की प्रतिमा का अनावरण करते हुए दिलावर ने कहा कि खुद को हिंदू कहना सांप्रदायिकता नहीं बल्कि गर्व की बात है। उन्होंने युवाओं से अपील की कि विवेकानंद की मूर्ति केवल माला पहनाने के लिए नहीं, बल्कि उनके जीवन से प्रेरणा लेने के लिए है। उन्होंने आगाह किया कि समाज को बांटने वाली ताकतों से सचेत रहने की जरूरत है, अन्यथा देश बिखर सकता है।

एक्शन मोड में मंत्री: 150 कर्मचारी बर्खास्त

केवल भाषणों तक सीमित न रहते हुए मदन दिलावर ने विभाग में अनुशासन को लेकर भी कड़ा संदेश दिया। उन्होंने खुलासा किया कि राजस्थान की शिक्षा व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए अब तक लापरवाही और भ्रष्टाचार में लिप्त 150 कर्मचारियों को सीधे बर्खास्त किया जा चुका है। उन्होंने साफ कर दिया कि राजस्थान अब शिक्षा के क्षेत्र में अग्रणी राज्यों में है और यहां कामचोरी या 'दोहरे चरित्र' वाले लोगों के लिए कोई स्थान नहीं है।

सरकारी स्कूलों में कराओ बच्चों का प्रवेश

मंत्री दिलावर ने अपने उद्बोधन में राजकीय विद्यालयों की शिक्षा प्रणाली को निजी स्कूलों से बेहतर बताते हुए अभिभावकों से अपने बच्चों का प्रवेश सरकारी स्कूलों में कराने की अपील की। उन्होंने शिक्षकों को भी निर्देश दिए कि वे अपने आचरण को आदर्श बनाएं, ताकि बच्चों को संस्कारवान शिक्षा मिल सके।

बच्चों पर ध्यान देने की जरूरत

शिक्षा मंत्री ने कहा कि बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा केवल विद्यालय के भरोसे नहीं दी जा सकती। इसके लिए घर पर भी एक अच्छा शैक्षिक वातावरण होना बेहद जरूरी है। उन्होंने कहा कि सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले अधिकांश बच्चे गरीब और पिछड़े तबके से आते हैं, जिन पर अतिरिक्त ध्यान देने की आवश्यकता है। शिक्षकों को चाहिए कि वे इन बच्चों की पारिवारिक पृष्ठभूमि को ध्यान में रखते हुए उन्हें भावनात्मक और शैक्षिक संबल प्रदान करें।

होनहारों को किया सम्मानित

कार्यक्रम के दौरान मंत्री दिलावर ने 10वीं बोर्ड परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर जिले का नाम रोशन करने वाली छात्राओं का हौसला बढ़ाते हुए सम्मानित किया। मंत्री ने रिदिमा जांगिड़, अंशिका राठौर व शिक्षा गौत्तम को माला पहनाकर सम्मानित किया।

ये भी पढ़ें

डिप्टी CM प्रेमचंद बैरवा के सामने छात्रा ने फाड़कर उछाले कागज, डिग्री लेते हुए बोली- बेइज्जती करके इज्जत देने का शुक्रिया

Published on:
27 Mar 2026 02:13 pm
Also Read
View All

अगली खबर