Reliance Industries' New Initiative: रिलायंस इंडस्ट्रीज़ पर्यावरण को बचाने के लिए एक बड़ा कदम उठाने जा रही है। कंपनी अपनी प्लास्टिक की बोतलों की रिसाइक्लिंग की क्षमता को बढ़ाकर 500 करोड़ प्लास्टिक बोतलों को रिसाइकिल करेगी।
नई दिल्ली। भारत के सबसे बड़े बिज़नेसमैन मुकेश अंबानी (Mukesh Ambani) की कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज़ लिमिटेड (Reliance Industries Limited) पर्यावरण को बचाने की महत्वपूर्ण दिशा में एक बड़ा कदम उठाने जा रही है। रिलायंस इंडस्ट्रीज़ ने प्लास्टिक बोतलों (PET Bottles) की रिसाइक्लिंग की क्षमता को दोगुना करके लगभग 500 करोड़ प्लास्टिक बोतलों को रिसाइकिल करने की योजना बनाई है।
प्लास्टिक बोतलों की रिसाइक्लिंग की क्षमता बढ़ाने के लिए प्लांट
रिलायंस इंडस्ट्रीज़ से मिली जानकारी के मुताबिक कंपनी के इस काम के लिए प्लास्टिक रिसाइक्लिंग और कचरा प्रबंधन कंपनी श्रीचक्र इकोटेक्स इंडिया प्राइवेट लिमिटेड (Srichakra Ecotex India Pvt. Ltd.) आंध्र प्रदेश में प्लास्टिक रिसाइक्लिंग के लिए एक नया प्लांट लगाएगी। यह प्लांट खासतौर पर रिलायंस इंडस्ट्रीज़ के लिए काम करेगा।
PET बोतलों की रिसाइक्लिंग करके उन्हें PSF में बदला जाएगा
रिलायंस इंडस्ट्रीज़ के लिए आंध्र प्रदेश में श्रीचक्र इकोटेक्स इंडिया प्राइवेट लिमिटेड के लगने वाले नए प्लास्टिक रिसाइक्लिंग प्लांट में प्लास्टिक की पैट बोतलों (PET Bottles) को रिसाइकिल किया जाएगा। इन बोतलों को रिसाइक्लिंग प्रोसेस से पॉलिएस्टर स्टेपल फाइबर (PSF) में बदला जाएगा। श्रीचक्र इकोटेक्स इंडिया प्राइवेट लिमिटेड के रिलायंस इंडस्ट्रीज़ के लिए लगने वाले इस नए प्लास्टिक रिसाइक्लिंग प्लांट में PSF- रेक्राॅन ग्रीनगोल्ड (Recron GreenGold) और पैट फ्लेक्स (PET Flakes) की वाॅश-लाइन का इस्तेमाल किया जाएगा। कंपनी Recron ब्रांड नाम से रूई जैसा फाइबर तैयार करती है। यह फाइबर तकियों, गद्दों आदि में भरने में इस्तेमाल होता है। कंपनी की योजना के अनुसार पैट बोतलों को रिसाइकिल करने की क्षमता को बढ़ाकर दोगुने से भी ज्यादा करना है। इस पूरी प्रोसेस का लक्ष्य करीब 500 करोड़ पैट बोतलों को रिसाइकिल करना है।
रिलायंस इंडस्ट्रीज़ के इस कदम का पर्यावरण पर परिणाम
रिलायंस इंडस्ट्रीज़ के प्लास्टिक बोतलों की रिसाइक्लिंग के इस काम से भारत में लोगों के इस्तेमाल करने के बाद 90% से भी ज्यादा प्लास्टिक पैट बोतलों की रिसाइक्लिंग सम्भव होगी। इससे प्लास्टिक को कचरे में ना फेंकते हुए उसकी रिसाइक्लिंग होने से पर्यावरण प्रदूषण कम होगा। रिसाइक्लिंग की वजह से प्लास्टिक को कचरे में जलाया नहीं जाएगा, ना ही नदियों और तालाबों में बहाया जाएगा। इससे हवा और पानी भी साफ और शुद्ध रहेंगे।
रोज़गार के नए अवसर
रिलायंस इंडस्ट्रीज़ लिमिटेड के इस कदम से आंध्र प्रदेश में श्रीचक्र इकोटेक्स इंडिया प्राइवेट लिमिटेड के लगने वाले नए प्लास्टिक रिसाइक्लिंग प्लांट में लोगों को नौकरी मिलेंगी जिससे रोजगार बढ़ेगा। साथ ही कंपनी के इस कदम से अन्य कंपनियां भी प्रभावित हो सकती हैं। ऐसे में पर्यावरण तो बचेगा ही, साथ ही रोज़गार के नए अवसरों को भी बढ़ावा मिलेगा।