
Couple cremated on same pyre: मध्य प्रदेश के ग्वालियर जिले डबरा तहसील में अंतर्मन को झकझोर कर रख देने वाले दृश्य ने सभी की आंखों में पानी ला दिया। गुरूवार को एक सड़क हादसे (Road Accident) में हुई दंपति की दर्दनाक मौत के बाद शुक्रवार को उनका एक ही चिता पर अंतिम संस्कार किया गया। अंतिम संस्कार के समय सबसे मार्मिक क्षण तब हुआ जब मृत दंपति की चिता को उनके तीन साल के मासूम बेटे ने मुखाग्नि दी। यह देख मुक्तिधाम में मौजूद सभी लोगों की आंखें नम हो गई। दंपति की एक 8 महीने की बेटी भी है जिसे वह अपने पीछे छोड़ गए हैं। ग्रामीणों का कहना था कि इतनी कम उम्र में बच्चों का अनाथ हो जाना पूरे गांव के लिए अत्यंत पीड़ादायक है।
दरअसल, डबरा-चीनोर मार्ग पर इटायल गांव के पास गुरुवार को तेज रफ्तार ट्रक की टक्कर से पति पत्नी की मौत हो गई थी। नरेश जाटव (25) निवासी बारौल जो कि पत्नी आरती (23) और अपनी 8 महीने की बेटी को लेकर ग्वालियर गया था। ग्वालियर के अस्पताल से इलाज कराकर बाइक से वापस लौटते समय एक ट्रक चालक ने इटायल गांव के पास उन्हें टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि हादसे में पति-पत्नी की मौत हो गई। टक्कर की वजह से उनकी 8 महीने की बेटी सड़क किनारे गिर गई थी। हादसे की खबर जैसे ही परिजनों और ग्रामीणों तक पहुंची, पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई।
शुक्रवार को दोनों के शव का पोस्टमार्टम किया गया इसके बाद दोपहर 2 बजे शव परिजन को सौंपे गए। शव जैसे ही बारौल गांव पहुंचा, वैसे ही इलाके में मातम छा गया। पति-पत्नी दोनों के शव को अंतिम संस्कार की प्रक्रिया के लिए एक ही चिता पर रखा गया। इसके बाद उनके तीन साल के बेटे उन्हें मुखाग्नि दी।
बताया जा रहा है कि मृतक नरेश जाटव ने आरती के साथ प्रेम विवाह किया था। दोनों ने सामाजिक और पारिवारिक चुनौतियों के बीच अपने जीवन की नई शुरुआत की थी। मृतक अपने पीछे मासूम बेटा और बेटी छोड़ गए हैं। घर से जब दोनों की अर्थी उठी तो वहां मौजूद हर कोई भावुक हो गया। लोगों के आंख से आंसू निकल पड़े। ग्रामीणों, परिजनों और समाज के लोगों की बड़ी संख्या अंतिम संस्कार में मौजूद रही। एक सड़क दुर्घटना ने पल भर में एक हंसता-खेलता परिवार उजाड़ दिया।