दौसा

Sheetal Meena Death Case: जल्द खुलेगा शीतल मीणा की मौत का राज, पोस्टमार्टम और FSL रिपोर्ट पर टिकी सबकी निगाहें

Sheetal Meena: उपकोष कार्यालय में कार्यरत कनिष्ठ लेखाकार शीतल मीणा की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के मामले की जांच लगातार गहराती जा रही है। पुलिस हर पहलू को ध्यान में रखते हुए जांच में जुटी हुई है।

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Jun 16, 2026
Sheetal Meena Death Case
शीतल मीणा। पत्रिका फाइल फोटो

दौसा। उपकोष कार्यालय में कार्यरत कनिष्ठ लेखाकार शीतल मीणा की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के मामले की जांच लगातार गहराती जा रही है। शीतल की मौत के बाद उनके परिजनों ने तत्कालीन उपकोष अधिकारी मनोज मीणा और स्टाफ पर गंभीर आरोप लगाए थे। इसी बीच मनोज मीणा द्वारा भी आत्महत्या कर लेने से यह पूरा मामला और अधिक संवेदनशील और चर्चित हो गया है। अब दोनों अधिकारियों की मौत के बाद पुलिस हर पहलू को ध्यान में रखते हुए जांच में जुटी हुई है।

जांच के दौरान एक महत्वपूर्ण तथ्य यह सामने आया है कि जिस दिन शीतल मीणा की तबीयत बिगड़ी थी, उसी दिन उनके लिए सिकराय कस्बे से बादाम शेक मंगवाया गया था। इस जानकारी के बाद खाद्य सुरक्षा विभाग भी सक्रिय हो गया और संबंधित प्रतिष्ठान से बादाम शेक और आइसक्रीम के नमूने लेकर जांच प्रक्रिया शुरू कर दी गई।

10 दिन में आएगी जांच रिपोर्ट

खाद्य सुरक्षा अधिकारी महेंद्र सैनी ने बताया कि बादाम शेक सहित अन्य आइसक्रीम के सैंपल लेकर उन्हें प्रयोगशाला भेज दिया गया है। उन्होंने कहा कि जांच रिपोर्ट आने में लगभग 10 दिन का समय लगेगा। रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि पेय पदार्थ में किसी प्रकार की मिलावट, संदिग्ध तत्व अथवा स्वास्थ्य के लिए हानिकारक सामग्री मौजूद थी या नहीं।

सीसीटीवी फुटेज खंगालने में जुटी पुलिस

वहीं, दूसरी ओर पुलिस भी मामले की कड़ियों को जोड़ने में जुटी हुई है। सोमवार को मानपुर थाना अधिकारी सतीश कुमार नगर पालिका कार्यालय पहुंचे, जहां उन्होंने नगर पालिका के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज का अवलोकन किया और संबंधित जानकारियां जुटाईं। इसके अलावा महुवा थाना अधिकारी महेंद्र सिंह भी उपकोष कार्यालय सिकराय पहुंचे और वहां कार्यरत कर्मचारियों से विस्तृत पूछताछ की। अधिकारियों ने कार्यालय के विभिन्न कमरों का निरीक्षण कर घटनाक्रम से जुड़े तथ्यों की जानकारी एकत्रित की। इस दौरान मानपुर थाना अधिकारी भी मौजूद रहे और उन्होंने कर्मचारियों से अलग-अलग बातचीत कर बयान दर्ज किए।

पुलिस सूत्रों के अनुसार जांच को वैज्ञानिक तरीके से आगे बढ़ाया जा रहा है। मौके से जुटाए गए साक्ष्यों, कर्मचारियों के बयानों, सीसीटीवी फुटेज और पेय पदार्थों की जांच रिपोर्ट को जांच का महत्वपूर्ण आधार बनाया जाएगा। मामले से जुड़े प्रत्येक पहलू की गहनता से पड़ताल की जा रही है ताकि मौत के वास्तविक कारणों का पता लगाया जा सके।

पुलिस जांच और खाद्य सुरक्षा विभाग की रिपोर्ट पर टिकी सबकी निगाहें

इधर, इस पूरे घटनाक्रम ने क्षेत्र में कई सवाल खड़े कर दिए हैं। दो अधिकारियों की मौत के बाद लोगों की निगाहें अब पुलिस जांच और खाद्य सुरक्षा विभाग की रिपोर्ट पर टिकी हुई हैं। परिजनों और आमजन की मांग है कि मामले की निष्पक्ष, पारदर्शी और गहन जांच कर सच्चाई को सामने लाया जाए, ताकि दोषियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित हो सके।

जहां सरकारी काम करती थी शीतल, वह कमरा बंद

मानपुर थाना अधिकारी सतीश कुमार ने बताया कि मामले में लगातार अनुसंधान किया जा रहा है और विभिन्न पहलुओं पर जांच जारी है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट एवं एफएसएल की रिपोर्ट आने के बाद जांच को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण मदद मिलने की संभावना है। फिलहाल पुलिस किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने से बच रही है और सभी तथ्यों के सामने आने का इंतजार किया जा रहा है। वहीं, जिस कमरे में कनिष्ठ लेखाकार शीतल मीणा बैठकर सरकारी काम करती थी, उसे कमरे को मानपुर पुलिस के द्वारा बंद कर रखा है। इसी कमरे में शीतल का टूटा हुआ मोबाइल भी पुलिस ने बरामद किया था।

Updated on:
16 Jun 2026 08:59 am
Published on:
16 Jun 2026 07:53 am