
Dhamtari Religious Conversion: छत्तीसगढ़ के धमतरी में प्रार्थना सभा को लेकर शनिवार को विवाद की स्थिति बन गई। शहर के टिकरापारा इलाके में आयोजित प्रार्थना सभा को लेकर हिंदू संगठनों के कार्यकर्ताओं ने धर्मांतरण कराए जाने का आरोप लगाते हुए विरोध प्रदर्शन किया। इसके बाद क्रिश्चियन संगठन से जुड़े लोग भी मौके पर पहुंच गए। दोनों पक्षों के आमने-सामने आने के बाद सड़क पर नारेबाजी होने लगी। स्थिति बिगड़ने की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची। तहसीलदार की मौजूदगी में पुलिस बल तैनात किया गया और दोनों पक्षों को शांत कराने का प्रयास किया गया। विवाद के चलते मुख्य सड़क पर कुछ समय के लिए यातायात भी प्रभावित रहा।
जानकारी के मुताबिक, टिकरापारा क्षेत्र में शनिवार को क्रिश्चियन समुदाय की ओर से प्रार्थना सभा आयोजित की गई थी। इसी दौरान हिंदू संगठन के कार्यकर्ताओं ने सभा की आड़ में धर्मांतरण कराए जाने का आरोप लगाते हुए विरोध शुरू कर दिया। विरोध कर रहे लोगों का कहना था कि प्रार्थना सभा के नाम पर लोगों को धर्म परिवर्तन के लिए प्रेरित किया जा रहा है। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि फिलहाल नहीं हुई है। दूसरी ओर, क्रिश्चियन पक्ष की ओर से प्रार्थना सभा को धार्मिक गतिविधि बताया गया। इसी मुद्दे को लेकर दोनों पक्षों के लोग मौके पर पहुंच गए। देखते ही देखते वहां नारेबाजी शुरू हो गई और विवाद की स्थिति बन गई।
विवाद की सूचना मिलने के बाद पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी तत्काल मौके पर पहुंचे। तहसीलदार के साथ पुलिस बल को तैनात किया गया। अधिकारियों ने दोनों पक्षों से बातचीत कर स्थिति को नियंत्रित करने का प्रयास किया। पुलिस की मौजूदगी में मौके पर स्थिति को शांत कराया गया। किसी तरह की अप्रिय घटना को रोकने के लिए इलाके में निगरानी भी रखी गई। हंगामे के दौरान मुख्य सड़क पर लोगों की भीड़ जुटने से कुछ समय के लिए यातायात प्रभावित हुआ।
प्रार्थना सभा को लेकर लगाए गए धर्मांतरण के आरोपों की फिलहाल स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। प्रशासन की ओर से संबंधित गतिविधियों और लगाए गए आरोपों की जांच किए जाने की बात सामने आई है। जांच के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि प्रार्थना सभा के दौरान नियमों का उल्लंघन हुआ था या नहीं। पुलिस और प्रशासन का प्रयास रहा कि विवाद को बढ़ने से रोका जाए और दोनों पक्षों के बीच टकराव की स्थिति न बने। अधिकारियों ने मौके पर मौजूद लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की।
धमतरी जिले में प्रार्थना सभाओं और कथित धर्मांतरण को लेकर पहले भी विवाद सामने आते रहे हैं। ऐसे मामलों में एक पक्ष की ओर से धर्मांतरण का आरोप लगाया जाता रहा है, जबकि दूसरी ओर से धार्मिक प्रार्थना और सभा को अपनी धार्मिक गतिविधि बताया जाता है। इसी पृष्ठभूमि में टिकरापारा की घटना को लेकर भी प्रशासन ने स्थिति पर नजर रखी है। फिलहाल पूरे मामले में तथ्य जुटाए जा रहे हैं और संबंधित पक्षों से जानकारी ली जा रही है।
घटना को लेकर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि धर्मांतरण रोकने के लिए सरकार ने कानून बनाया है, लेकिन यदि इसके बाद भी ऐसी घटनाएं सामने आ रही हैं और धर्मांतरण नहीं रुक रहा है तो इसके लिए जिम्मेदार कौन है। दीपक बैज ने सरकार को जिम्मेदार बताते हुए कहा कि उसे इस बात के लिए माफी मांगनी चाहिए कि वह धर्मांतरण रोकने में सक्षम नहीं हो पा रही है। उनके बयान के बाद मामला राजनीतिक बहस का विषय भी बन गया है।
टिकरापारा में प्रार्थना सभा को लेकर हुए विवाद के बाद अब पूरे मामले में प्रशासन की जांच महत्वपूर्ण है। पुलिस और प्रशासन की मौजूदगी में स्थिति को नियंत्रित कर लिया गया है। वहीं, धर्मांतरण को लेकर लगाए गए आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी। फिलहाल प्रशासन मामले से जुड़े तथ्यों और संबंधित गतिविधियों की जानकारी जुटा रहा है।