School Roof Collapse: सरमथुरा के सरकारी स्कूल में आधी रात को बरामदे की छत गिरने से हड़कंप मच गया, हालांकि बड़ा हादसा टल गया। सीसीटीवी में पूरी घटना कैद होने के बाद भवन की गुणवत्ता और सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं।
सरमथुरा। कस्बे के सरकारी स्कूल के बरामदे की छत आधी रात को अचानक भरभराकर गिर पड़ी। गनीमत रही कि रात में स्कूल खाली था, जिससे बड़ा हादसा टल गया। सीसीटीवी फुटेज में रात 12 बजकर 52 मिनट पर छत की ग्यारह पट्टियां एक साथ गिरती हुई दिखाई दीं, जबकि एक भी पट्टी पहले से क्षतिग्रस्त नहीं थी। सीसीटीवी फुटेज देखने के बाद भवन को असुरक्षित मानते हुए शिक्षक भी चिंतित हैं।
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व्याख्याता हरदयाल मीणा ने बताया कि कस्बे के राउमा विद्यालय में आधी रात को बरामदे की ग्यारह पट्टियां एक साथ टूटकर भरभराकर गिर पड़ीं। सुबह स्कूल पहुंचने के बाद शिक्षकों ने पट्टियां टूटी देखीं तो सीसीटीवी कैमरे की जांच की गई। फुटेज के अनुसार रात 12 बजकर 52 मिनट पर बरामदे की ग्यारह पट्टियां एक साथ गिरती दिखाई दीं।
हालांकि पट्टियां पहले से क्षतिग्रस्त नहीं थीं, लेकिन बारिश का पानी भरने के कारण क्षति होने की संभावना जताई जा रही है। रात में स्कूल सूना होने के कारण बड़ा हादसा टल गया। इस संबंध में शिक्षा विभाग, प्रशासनिक अधिकारियों सहित संबंधित विभागों को रिपोर्ट भेज दी गई है।
व्याख्याता हरदयाल मीणा ने बताया कि स्कूल भवन में कई पट्टियां टूटकर लोहे की एंगल के सहारे लटकी हुई हैं, जिससे कभी भी हादसा हो सकता है। इस बारे में कई बार शिक्षा विभाग व प्रशासनिक अधिकारियों को अवगत कराया जा चुका है। उन्होंने बताया कि स्कूल के प्रधानाचार्य कक्ष में भी पट्टियां टूटी हुई हैं, जो कभी भी गिर सकती हैं। स्कूल भवन में बच्चे ही नहीं, शिक्षक भी असुरक्षित महसूस कर रहे हैं।
कस्बे के राउमावि में नगर पालिका प्रशासन ने तीन माह पूर्व अवकाश के दौरान छत की मरम्मत कराई थी, जिसकी गुणवत्ता पर अब सवाल उठ रहे हैं। शिक्षकों ने बताया कि पालिका ने 2023 में स्कूल की छतों को दुरुस्त करने के लिए टेंडर जारी किया था, लेकिन ठेकेदार ने तीन माह पूर्व ही मरम्मत कार्य पूरा किया था। अब घटिया निर्माण की पोल खुल गई है।
स्कूल प्रशासन ने बरामदे की पट्टियां क्षतिग्रस्त होने और मलबा पड़े होने के कारण कटीले तारों की बाड़ लगाकर बच्चों की आवाजाही रोक दी है। इसी प्रकार स्कूल में घटिया निर्माण के कारण वजन से तीन पिलर झुक गए हैं, जिससे बच्चे भयभीत हैं।