मनोरंजन

आमिर खान की इंटरफेथ मैरेज पर क्यों मचा बवाल? जानिए फतवा क्या होता है और इसका कितना है कानूनी असर

Aamir Khan Marriage Controversy: आमिर खान की इंटरफेथ शादी पर विवाद इसलिए उठा क्योंकि भारत में धार्मिक और सांस्कृतिक मतभेदों के बीच इंटरफेथ विवाह समाज में संवेदनशील विषय माना जाता है।
2 min read
Jul 15, 2026
Aamir Khan is facing controversy
Aamir Khan interfaith marriage (सोर्स: x-@bollybubble)

Aamir Khan Fatwa Controversy: बॉलीवुड एक्टर आमिर खान एक बार फिर सुर्खियों में हैं। इस बार वजह उनकी इंटरफेथ शादी और उससे जुड़ा धार्मिक विवाद है। खबरों के मुताबिक गौरी स्प्रैट के साथ उनकी शादी को लेकर कुछ नेताओं ने आपत्ति जताई है। इसी के साथ 'फतवा' शब्द भी चर्चा में आ गया है। अब बात आती है कि आखिर फतवा क्या होता है और क्या इसका किसी व्यक्ति की शादी या कानूनी स्थिति पर कोई प्रभाव पड़ता है।

फतवा क्या है और कानूनी असर

इस्लामिक परंपरा में फतवा किसी योग्य इस्लामिक विद्वान के जरिए धार्मिक सवालों पर दी गई एक आधिकारिक राय होती है। इसे शरिया के सिद्धांतों के आधार पर जारी किया जाता है। लोग व्यक्तिगत, सामाजिक या धार्मिक मामलों में मार्गदर्शन पाने के लिए फतवा मांग सकते हैं।

दरअसल, आम धारणा के विपरीत फतवा कोई अदालत का आदेश, गिरफ्तारी वारॉट या कानूनी सजा नहीं होता। ये केवल धार्मिक दृष्टिकोण को जाहिर करता है। बता दें, भारत के कानून के मुताबिक किसी फतवे का विवाह की वैधता या किसी नागरिक के कानूनी अधिकारों पर सीधा असर नहीं पड़ता। भारतीय न्यायालय भी कई बार साफ कर चुके हैं कि फतवों को किसी व्यक्ति पर उसकी इच्छा के विरुद्ध लागू नहीं किया जा सकता।

आमिर खान की इंटरफेथ शादी पर आपत्ति जताई है

मुस्लिम पर्सनल दारुल इफ्ता के शाही चीफ मुफ्ती मौलाना इब्राहिम हुसैन ने आमिर खान की इंटरफेथ शादी पर आपत्ति जताई है। उनका कहना है कि उनकी शरिया की व्याख्या के मुताबिक एक मुस्लिम पुरुष का गैर-मुस्लिम महिला से विवाह तब तक एक्सेप्ट नहीं माना जाता, जब तक वो इस्लाम एक्सेप्ट न कर ले। उन्होंने इस आधार पर आमिर की शादी को शरिया के अनुरूप नहीं बताया।

व्यक्तिगत स्वतंत्रता और भारतीय कानून का हवाला

बता दें, मौलाना ने आमिर खान के मैरीड लाइफ पर भी कमेंट करते हुए उनके बार-बार शादी और तलाक को लेकर अपनी असहमति जताई। इन बयानों के बाद सोशल मीडिया पर बहस तेज हो गई है। कुछ यूजर्स इसे धार्मिक मान्यताओं का विषय बता रहे हैं, जबकि कई लोग व्यक्तिगत स्वतंत्रता और भारतीय कानून का हवाला देकर अलग राय रख रहे हैं।

'हमारे परिवार में धर्म परिवर्तन कभी मुद्दा नहीं रहा'

इस पर आमिर खान ने कहा कि उनकी दोनों बहनों की शादी हिंदू परिवारों में हुई है। उनकी बेटी आइरा खान ने भी हिंदू परिवार में विवाह किया है, जबकि उनके चचेरे भाई मंसूर खान की शादी एक ईसाई महिला से हुई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनकी पूर्व पत्नी रीना दत्ता, पूर्व पत्नी किरण राव और मौजूदा पत्नी गौरी स्प्रैट में से किसी ने भी शादी के लिए धर्म परिवर्तन नहीं किया।

उन्होंने कहा कि उनकी सभी शादियां कानूनी प्रक्रिया के तहत सिविल मैरिज के जरिए हुईं। आमिर ने ये भी बताया कि गौरी स्प्रैट ईसाई परिवार से आती हैं और उन्होंने भी अपना धर्म नहीं बदला। अभिनेता ने व्यंग्यात्मक अंदाज में कहा कि समय के साथ लोगों की सोच और आरोप दोनों पहले से ज्यादा हास्यास्पद होते जा रहे हैं।

फिलहाल ये मामला धार्मिक और सामाजिक चर्चा का विषय बना हुआ है। कानूनी रूप से किसी भी विवाह की वैधता भारतीय कानून के तहत तय होती है, न कि किसी धार्मिक फतवे के आधार पर। यही कारण है कि आमिर खान की शादी को लेकर उठे विवाद के बीच 'फतवा' और उसकी कानूनी स्थिति पर लोगों की दिलचस्पी भी बढ़ गई है।

Updated on:
15 Jul 2026 02:52 pm
Published on:
15 Jul 2026 02:15 pm
Also Read
View All
‘मुझे डेट पर लेकर चलो’, फीमेल कंटेस्टेंट पैमेला के सामने आकांक्षा चमोला ने रखी डिमांड, बोलीं- मेरे लिए इतना तो कर दो

बॉलीवुड के बाद अब पंजाबी सिनेमा में एंट्री करेंगे नवाजुद्दीन सिद्दीकी, सोनम बाजवा संग करेंगे रोमांस?

‘बीवी का अफेयर होगा तो पति बर्दाश्त करेगा क्या?’, गोविंदा को छोड़ने पर सुनीता आहूजा ने दिया बेबाक बयान

उद्घाटन के कुछ ही दिन बाद दिल्ली-देहरादून एक्प्रेस-वे पर बना गड्ढा, शेखर सुमन ने बताए गड्ढों के दस प्रकार

SC से राहत के बीच शाहरुख खान का पुराना ट्वीट वायरल: फैन ने पूछा-‘मन्नत’ बेचोगे क्या? किंग खान ने दिया मजेदार जवाब