
Aishwarya Rai Bachchan Birthday Special: ऐश्वर्या राय बच्चन आज यानी नवंबर 1 को 52 साल की हो गई हैं। उनकी जिंदगी में नंबर 1 का बहुत बड़ा योगदान रहा है। पैदा हुई 1 तारीख को, घर की पहली बच्ची, क्लास में हमेशा पहले नंबर पर आने वाली, एक नंबर की महत्वाकांक्षी और शुरू से एक नंबर की जिंदगी की चाह रखने वाली एक मध्यमवर्ग की लड़की। ऐश्वर्या राय को जानने वाले बताते हैं कि स्कूली दिनों से वो बहुत कंपटीटिव रही हैं। अगर कोई उनसे ज्यादा नंबर ले आए, स्कूल कंपटीशन के मुकाबले में उनसे आगे निकल जाए, जो दिखने में उनसे ज्यादा स्मार्ट लगे, उन्हें पसंद नहीं था।
आज हम नंबर वन की इस एक्ट्रेस की नंबर वन जिंदगी के कुछ अनजान पहलुओं पर नजर डालेंगे।
ऐश्वर्या राय का जन्म और परवरिश मैंगलोर में हुआ। उनके पिता कृष्णराज राय आर्मी या मैरीन बायोलिजिस्ट थे। ऐश्वर्या जब मिडिल स्कूल में थी, पापा का ट्रांसफर मुंबई हो गया। यह पूरे परिवार के लिए बेहद अच्छा साबित हुआ। मुंबई ने ऐश्वर्या की प्रतिभा को और निखारा। बचपन में स्कूली दिनों में ऐश ने पांच साल तक भरतनाट्यम का प्रशिक्षण लिया, कुछ समय तक शास्त्रीय संगीत भी सीखा। 1999 में दिए अपने एक इंटरव्यू में ऐश्वर्या ने कहा था कि दक्षिण भारत में हर लड़की अपने स्कूली दिनों में संगीत और नृत्य सीखती है। यह इसलिए भी जरूरी है कि हमारा रिश्ता अपनी जड़ों से जुड़े। इसके अलावा नृत्य आपके भीतर ग्रेस लाता है। मुझे इसका बहुत फायदा मिला जब मुझे फिल्मों में नाचने का मौका मिला। पढ़ाई में बेहद कुशल ऐश्वर्या अपने पापा के कहने पर एक डॉक्टर बनना चाहती थी। पर आठवीं में आने के बाद उन्होंने निर्णय लिया कि वे मेडिकल में नहीं, बल्कि इंटीरियर डिजाइनिंग के क्षेत्र में अपना करियर बनाना चाहती हैं।
अब जा कर ऐश्वर्या को लोग ऐश पुकारने लगे हैं। पर उनका पहला निक नेम तो बेहद मजेदार था। मैंगलोर में नानी के परिवार वाले बेबी ऐश्वर्या को गुल्लू मामी के नाम से पुकारते थे। बाद के दिनों में वो सबकी गुल्लू बन गईं। ऐश या ऐशू नाम से ऐश्वर्या को उनके कॉलेज के साथी बुलाते थे। जब वो विज्ञापन की दुनिया में काम करने गईं, तब उनके साथ काम करने वालों ने उनका नाम ऐश रख दिया।
ऐश्वर्या के स्कूल की फीजिक्स की टीचर ने पहली बार उन्हें एहसास दिलाया कि वो सुंदर हैं और मॉडलिंग कर सकती हैं। ऐश ने जब यह बात अपनी मां को बताई तो मां ने भी हंसते हुए कहा कि अगर मौका मिले तो जरूर करो, इससे तुम्हारा आत्मविश्वास बढ़ेगा। ऐश्वर्या महज 17 साल की थीं जब एक फैशन कैटलॉग के लिए उन्होंने पहली बार फोटो शूट किया था। इस शूट के लिए उन्हें अलग-अलग तरह के कपड़े पहनने थे। 23 मई, 1992 में हुए पूरे दिन की इस शूटिंग के लिए उन्हें एक हजार पांच सौ रुपए मिले थे। इस शूटिंग की रसीद ऐश्वर्या ने लंबे समय तक संभाल कर रखी थी, यह उनकी पहली कमाई जो थी।
फिर अगले ही साल उन्हें टीवी पर विज्ञापन फिल्म में काम करने का मौका मिला। कैमलिन पेंसिल के विज्ञापन में। मुंबई के आर्य विद्या मंदिर स्कूल से निकल कर एक साल जयहिंद कॉलेज में उन्होंने इंटरमीडिएट किया। इसके बाद डीजी रूपारेल कॉलेज में दाखिला ले लिया। रचना संसद अकादमी से आर्किटेक्चर कोर्स करने के दौरान ही उन्हें मॉडलिंग के कई असाइनमेंट मिलने लगे।
मॉडलिंग के दिनों में उनका परिचय एक फैलो मॉडल राजीव मूलचंदानी से हुआ। दोनों के बीच अफेयर की खबरें तेज हो गईं। लेकिन कहा जाता है कि इस रिश्ते के ब्रेकअप की दो वजहें रहीं। एक तो एड गुरू प्रहृलाद कक्कड़ जिन्हें आज भी ऐश्वर्या अपना गुरू मानती हैं, उन्हें लगा कि ऐश को इस समय अफेयर के चक्कर में अपना करियर खराब नहीं करना चाहिए। दूसरे उस समय की एक्ट्रेस मनीषा कोइराला से भी राजीव मूलचंदानी की दोस्ती की खबरें आने लगीं। ऐश ने तुरंत अपने को इस रिश्ते से दूर कर लिया।
यह कहानी भी सबको पता है कि 1994 में ऐश्वर्या ने फेमिना मिस इंडिया प्रतियोगिता में भाग लिया। लेकिन अंतिम मुकाबले में सुष्मिता सेन ने उनसे बाजी मार ली। यह बात भी गौरतलब है इस पूरे कंपटीशन के दौरान हर किसी को यकीन था कि पहले से सुपर मॉडल बनी ऐश्वर्या ही यह प्रतियोगिता जीतेगी। लेकिन जब वे नंबर दो पर आईं तो ना उन्हें यकीं हुआ ना ही प्रहृलाद कक्कड़ को। कहते हैं उस दिन ऐश ने जश्न मनाने की जगह शोक मनाया। अपने गुरू के कंधे पर सिर रख कर वे खूब रोईं कि वो नंबर दो पर कैसे आ गईं? कक्कड़ ने उनसे कहा था, तुम आज के बाद कभी नंबर दो पर नहीं आओगी। अभी तो तुम्हें कई जगह नंबर एक बनना है। उनकी बात सच निकली। अगले ही साल ऐश्वर्या अंतर्राष्ट्रीय पटल पर मिस वर्ल्ड बन गईं।
ऐश्वर्या के मिस वर्ल्ड बनते ही उनके पास फिल्मों के ऑफर आने लगे। लेकिन उस समय ऐश चाहती थीं कि अपनी पढ़ाई पूरी करें। वो अभिनय को गंभीरता से नहीं लेना चाहती थी। उन्हें लगता था कि मॉडलिंग एक शौकिया काम है, जो लंबे समय तक उनका करियर नहीं बन सकता। इसके अलावा फिल्म फेयर को दिए अपने पहले इंटरव्यू में ऐश ने कहा था, मुझे यकीन नहीं था कि मैं अभिनय कर सकूंगी। अभिनय और मॉडलिंग दो अलग बाते हैं। मॉडलिंग में मुझे सोचना नहीं पड़ता। दूसरी बात, मैं एक गैर फिल्मी पृष्ठभूमि से आई हूं। मेरे पापा को फिल्म इंडस्ट्री की समझ नहीं थी। उन्हें लगता था इस दुनिया में मैं खो जाऊंगी, मुझे धोखे मिलेंगे। लेकिन जब उनके पास दक्षिण के चर्चित निर्माता-निर्देशक मणि रत्नम की तमिल फिल्म इरुवर में काम करने का प्रस्ताव आया तो पापा ने ही कहा कि उन्हें यह भूमिका करनी चाहिए। ऐसा इसलिए, क्योंकि उनके परिवार के सभी लोग मणि रत्नम के प्रशंसक थे।
ऐश की पहली फिल्म इरुवर थी, जिसमें उन्होंने तमिल की अदाकारा और राजनीतिज्ञ जय ललिता का किरदार निभाया था। यह फिल्म पिट गई। फिल्म में काम करने के बाद ऐश को लगा कि वो अभिनय कर सकती हैं। जब वे मुंबई लौटीं, तो उनके आस-पास वालों ने उनसे कहा कि उन्हें हिंदी फिल्मों में काम करना चाहिए, इससे पूरे देश में उनका काम देखा जाएगा।
इस तरह बॉबी द्ओल के साथ और प्यार हो गया उनकी पहली हिंदी फिल्म बन गई। यह रोमांटिक फिल्म थी जो बॉक्स ऑफिस पर धराशाई हो गई। ऐश की पहली हिट फिल्म थी तमिल में बनी 'जीन्स', जिसमें उनके साथ प्रशांत ने काम किया था। 1998 में रिलीज हुई इस फिल्म ने ऐश्वर्या राय के काम को आसान कर दिया।
संजय लीला भंसाली खामोशी द म्यूजिकल नाम से फिल्म बना चुके थे। सलमान खान और मनीषा कोइराला अभिनीत यह फिल्म थी तो गजब, लेकिन बॉक्स ऑफिस पर जादू नहीं जगा पाई। 1999 में जब उनकी अगली फिल्म 'हम दिल दे चुके सनम' आई, तब किसी को अंदाजा नहीं था कि यह फिल्म कामयाब होगी। नायिका थीं ऐश्वर्या राय, हीरो दो थे सलमान खान और अजय देवगन। इस फिल्म में ऐश्वर्या ना सिर्फ बेहद सुंदर लगीं, उनकी नृत्य और अभिनय प्रतिभा का भी जम कर इस्तेमाल किया गया। इस फिल्म के बाद ऐश्वर्या ने कभी पीछे मुड़ कर नहीं देखा।
कुछ कुछ होता है: करण जौहर जब इस फिल्म में टीना की भूमिका के लिए ऐश से मिले, वो अभिनय के लिए तैयार नहीं थीं। बाद में यह भूमिका रानी मुखर्जी ने निभाई।
राजा हिंदुस्तानी: ऐश ही इस फिल्म की पहली चॉइस थी। ऐश उस समय अपने परीक्षा में व्यस्त थी इसलिए इस ऑफर को हाथ से जाने दिया।
वीर जारा: यश चोपड़ा पहले शाहरुख खान के साथ ऐश्वर्या को लेना चाहते थे जारा के किरदार में। लेकिन ऐश दूसरी फिल्मों में व्यस्त होने की वजह से यह भूमिका नहीं कर पाई।
बाजी राव मस्तानी: संजय लीला भंसाली चाहते थे कि काशी बाई की भूमिका ऐश्वर्या निभाए। पर ऐश को यह भूमिका नहीं जमी।
भूल-भुलैया 1: ऐश्वर्या को हीरोइन की भूमिका का ऑफर मिला था। पर प्रियदर्शन की इस हॉरर-कॉमेडी से ऐश अपने को जोड़ नहीं पाई इसलिए ठुकरा दिया।
मुन्ना भाई एमबीबीएस: इस फिल्म में ऐश को लगा कि हीरोइन की भूमिका में दम नहीं है। बाद में यह भूमिका ग्रेसी सिंह ने निभाई।