Nepal PM Balen Shah Rap Song: नेपाल के प्रधानमंत्री और रैपर बालेन शाह ने हाल ही में शपथ ग्रहण से पहले रैप सॉन्ग गाया है।
Nepal PM Balen Shah Rap Song: नेपाल की राजनीति में एक ऐतिहासिक और दिलचस्प पल उस समय देखने को मिला, जब देश के नए प्रधानमंत्री बालेन शाह ने शपथ ग्रहण से ठीक पहले अपना एक रैप गीत रिलीज कर सबका ध्यान अपनी ओर खींच लिया। आमतौर पर राजनीति और संगीत को अलग-अलग दुनिया माना जाता है, लेकिन बालेन शाह ने इन दोनों को एक साथ जोड़कर नई पीढ़ी को खास संदेश देने की कोशिश की है।
35 वर्षीय बालेन शाह ने 27 मार्च 2026 को नेपाल के 47वें प्रधानमंत्री के रूप में शपथ ली। उन्हें देश के राष्ट्रपति रामचंद्र पोडल ने राजधानी काठमांडू में आयोजित एक औपचारिक समारोह में पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई। खास बात ये रही कि वो नेपाल के इतिहास में इस पद तक पहुंचने वाले सबसे युवा नेताओं में शामिल हो गए हैं।
प्रधानमंत्री पद की जिम्मेदारी संभालने से ठीक पहले बालेन शाह ने जय महाकाली नाम से अपना रैप ट्रैक जारी किया। इस गीत के जरिए उन्होंने देशवासियों को एकता, साहस और नए नेपाल के निर्माण का संदेश दिया। गाने के बोलों में राष्ट्रीय एकजुटता और बदलाव की भावना साफ झलकती है, जिसने खासकर युवाओं को काफी प्रभावित किया।
दिलचस्प बात यह भी है कि ये गीत पूरी तरह नया नहीं था, बल्कि इसे पहले तैयार किया गया था। हालांकि शपथ ग्रहण से एक दिन पहले इसे नए विजुअल्स और हालिया चुनाव अभियान से जुड़े सीन्स के साथ फिर से प्रस्तुत किया गया। इस वजह से गीत को एक भावनात्मक और राजनीतिक संदेश के रूप में देखा जा रहा है।
गीत रिलीज होते ही सोशल मीडिया पर जबरदस्त प्रतिक्रिया देखने को मिली। कुछ ही घंटों में लाखों लोगों ने इस वीडियो को देखा, जिससे यह साफ हो गया कि बालेन शाह का डिजिटल प्लेटफॉर्म पर युवाओं के बीच मजबूत प्रभाव है। राजनीति में सक्रिय रहते हुए भी संगीत के जरिए संवाद स्थापित करने की उनकी शैली उन्हें अन्य नेताओं से अलग पहचान देती है।
बालेन शाह का राजनीतिक सफर भी उतना ही दिलचस्प रहा है जितना उनका संगीत करियर। वो राष्ट्रीय स्वतंत्रता पार्टी से जुड़े वरिष्ठ नेताओं में गिने जाते हैं और हाल ही में हुए चुनावों में उनकी पार्टी को महत्वपूर्ण सफलता मिली। यही वजह है कि उनका प्रधानमंत्री बनना नेपाल की राजनीति में एक बड़े बदलाव के संकेत के रूप में देखा जा रहा है।
इसके अलावा बालेन शाह मधेश क्षेत्र से आने वाले पहले ऐसे नेता हैं, जिन्होंने देश के सर्वोच्च कार्यकारी पद तक पहुंचकर नया इतिहास रचा है। उनके नेतृत्व से खासकर युवाओं और क्षेत्रीय प्रतिनिधित्व की उम्मीदें बढ़ गई हैं।