
Etah Tazia Accident News: उत्तर प्रदेश के एटा जिले में मुहर्रम के जुलूस के दौरान शुक्रवार को एक दर्दनाक हादसा हो गया। अलीगंज क्षेत्र में निकाले जा रहे ताजिया जुलूस के दौरान एक ऊंचा ताजिया अचानक हाईटेंशन बिजली लाइन की चपेट में आ गया। इस हादसे में करंट लगने से एक युवक की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई जबकि सात अन्य लोग गंभीर रूप से झुलस गए हैं। सभी घायलों को इलाज के लिए तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया है जहां डॉक्टरों की टीम उनकी निगरानी कर रही है।
पुलिस के अनुसार यह दर्दनाक हादसा रात करीब साढ़े तीन बजे उस समय हुआ जब मुहर्रम का जुलूस पुरानी तहसील के पास से गुजर रहा था। रास्ते में बिजली के तार काफी नीचे झूल रहे थे। जुलूस में शामिल कुछ लोग डंडों के सहारे इन तारों को ऊपर उठाकर ताजिया निकालने की कोशिश कर रहे थे। इसी दौरान ऊपर से गुजर रही 11 हजार वोल्ट की हाईटेंशन बिजली लाइन से ताजिया का ऊपरी हिस्सा टकरा गया। तार से संपर्क होते ही जोरदार धमाका हुआ और पूरे ताजिये में करंट दौड़ गया। करंट की चपेट में आने से ताजिया उठा रहे लोग बुरी तरह झुलस कर गिर पड़े। घटना के तुरंत बाद मौके पर चीख पुकार और अफरा तफरी मच गई।
हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी भारी पुलिस बल के साथ तुरंत मौके पर पहुंच गए। सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सबसे पहले इलाके की बिजली आपूर्ति बंद कराई गई ताकि कोई और चपेट में न आए। पुलिस ने स्थानीय लोगों की मदद से सभी घायलों को नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया। प्रशासन का कहना है कि उनकी पहली प्राथमिकता घायलों का बेहतर इलाज सुनिश्चित करना है। एसपी सिटी श्वेताभ पांडेय ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है।
करंट की चपेट में आने से साहिल, अली हसन, आमिर, खुर्शीद, अशरफ और नसीम सहित कुल 7 लोग गंभीर रूप से झुलस गए। हादसे के तुरंत बाद मची अफरातफरी के बीच स्थानीय लोगों और पुलिस की मदद से सभी घायलों को इलाज के लिए अलीगंज के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। वहां डॉक्टरों ने सभी को प्राथमिक उपचार दिया जिसके बाद गंभीर रूप से झुलसे मरीजों की नाजुक हालत को देखते हुए उन्हें बेहतर इलाज के लिए तुरंत हायर सेंटर रेफर कर दिया गया है।
इस दर्दनाक घटना के बाद जहां एक तरफ पूरे इलाके में मातम पसर गया है वहीं दूसरी तरफ लोगों में आक्रोश भी है। मृतक के परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन और बिजली विभाग की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। लोगों का कहना है कि जब हर साल इसी रास्ते से ऊंचे ताजिए और जुलूस निकाले जाते हैं तो पहले से बिजली के तारों की ऊंचाई को लेकर सावधानी क्यों नहीं बरती गई। अधिकारियों ने आश्वासन दिया है कि जांच में जो भी दोषी पाया जाएगा उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।