फतेहपुर

लड़की का होने वाले पति के सामने होता रहा 3 घंटों तक गैंगरेप; इसके बाद शुरू हुई दरिंदगी की कहानी, फतेहपुर का रुह कंपा देने वाला केस

Three Miscreants Gangraped Girl: लड़की का उसके होने वाले पति के सामने 3 घंटों तक गैंगरेप होता रहा। इसके बाद दरिंदगी की कहानी शुरू हुई। जानिए पूरा मामला क्या है?

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Apr 30, 2026
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लड़की का होने वाले पति के सामने होता रहा 3 घंटों तक गैंगरेप (Photo - Patrika )

Three Miscreants Gangraped Girl: ''दो आरोपियों ने मुझे मजबूती से पकड़ रखा था। तीसरा मेरी होने वाली पत्नी के साथ दरिंदगी कर रहा था। वह उसे बुरी तरह पीट रहा था। हम गिड़गिड़ाते रहे लेकिन उन्हें तरस नहीं आया। हमसे ढाई हजार रुपए लूट लिए और मोबाइल पर जबरदस्ती यह बयान रिकॉर्ड करवाया कि हमारे साथ कुछ नहीं हुआ है। डराया गया कि अगर किसी को बताया तो फोटो और वीडियो वायरल कर देंगे। यह दर्दनाक आपबीती उस युवक की है जिसने अपनी आंखों के सामने अपनी मंगेतर के साथ हैवानियत होते देखी।'' पुलिस ने इस मामले में अब तक दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है जबकि तीसरे फरार आरोपी पर 50 हजार रुपए का इनाम घोषित किया गया है।

अब बताते हैं आपको पूरा मामला

उत्तर प्रदेश के फतेहपुर की घटना बीते शुक्रवार की बताई जा रही है। 20 वर्षीय युवती अपने मंगेतर के साथ मोटरसाइकिल से एक रिश्तेदार के घर जा रही थी। तेज गर्मी के कारण दोनों रास्ते में कुछ देर के लिए रुके। इसी दौरान दो युवक वहां पहुंचे और बिना किसी कारण के उनसे अभद्रता करने लगे।

मारपीट कर युवक को बनाया बंधक

आरोप है कि दोनों युवकों ने पहले मंगेतर के साथ मारपीट की और उसे बंधक बना लिया। इसके बाद उन्होंने अपने एक और साथी को फोन कर मौके पर बुला लिया।

रेप के बाद, दरिंदगी की कहानी

पीड़िता के आरोप के मुताबिक, तीनों आरोपियों ने करीब 3 घंटे तक उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म किया। वारदात के दौरान आरोपियों ने घटना का वीडियो भी बनाया, ताकि पीड़ितों को ब्लैकमेल किया जा सके। दरिंदों ने पीड़ितों को डराकर मंगेतर से 2500 रुपये ऑनलाइन ट्रांसफर करवा लिए। इतना ही नहीं, जाते समय उन्होंने दोनों से जबरन एक वीडियो भी रिकॉर्ड कराया, जिसमें यह कहलवाया गया कि उनके साथ कुछ नहीं हुआ है, ताकि वे पुलिस में शिकायत न करें।

थाने में नहीं मिली मदद, एसपी से लगाई गुहार

पीड़ितों का आरोप है कि जब वे खागा कोतवाली पहुंचे, तो वहां पुलिस ने उनकी शिकायत दर्ज करने के बजाय उनके साथ अभद्र व्यवहार किया और मदद करने से इनकार कर दिया। इसके बाद रविवार को पीड़ितों ने फतेहपुर के पुलिस अधीक्षक अभिमन्यु मांगलिक से मुलाकात की। एसपी के हस्तक्षेप के बाद ही मामले में एफआईआर दर्ज की गई और जांच शुरू हुई।

ऑनलाइन ट्रांजेक्शन बना सुराग

जांच के दौरान आरोपियों द्वारा कराए गए 2500 रुपये के ऑनलाइन ट्रांजेक्शन ने पुलिस को अहम सुराग दिया। इसी आधार पर पुलिस ने दो आरोपियों—ललित (29) और युवराज सिंह (28)—को गिरफ्तार कर लिया।

मुख्य आरोपी फरार, इनाम घोषित

इस मामले का मुख्य आरोपी बबलू सिंह (33) अभी फरार है। पुलिस ने उसकी गिरफ्तारी के लिए 50,000 रुपये का इनाम घोषित किया है और उसकी तलाश में दबिश दी जा रही है।

पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई

मामले में लापरवाही बरतने के आरोप में खागा कोतवाली के SHO आरके पटेल को लाइन हाजिर कर दिया गया है, जबकि चौकी इंचार्ज अनीश सिंह को निलंबित कर दिया गया है।

पीड़ित परिवार पर दबाव के आरोप

पीड़ित परिवार का कहना है कि उन्हें केस वापस लेने के लिए धमकियां दी जा रही हैं और पैसों का लालच भी दिया जा रहा है।