
Sonia Murder Case: गाजियाबाद के मुरादनगर की सूर्या विहार कॉलोनी में हुए सोनिया हत्याकांड ने पूरे इलाके को हिलाकर रख दिया था। इस अंधे कत्ल की गुत्थी को सुलझाने के लिए पुलिस ने जांच में जुट गई है। पुलिस अब केवल बातों या पुराने तरीकों पर भरोसा न करके, पूरी तरह से वैज्ञानिक साक्ष्यों के जरिए कातिलों तक पहुंचने की तैयारी में है। पुलिस का मकसद इस केस को इतना मजबूत बनाना है कि आरोपी कानून के शिकंजे से किसी भी कीमत पर बच न सकें।
मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस सबसे पहले घटनास्थल से बरामद हुए मानव अवशेषों हड्डियों या शरीर के हिस्सों का DNA टेस्ट कराने जा रही है। एसीपी भास्कर वर्मा ने बताया कि इन अवशेषों को जांच के लिए जल्द से जल्द फॉरेंसिक लैब भेजा जा रहा है। इस टेस्ट को कराने का सबसे बड़ा कारण यह है कि कानूनी तौर पर यह पूरी तरह पक्का हो सके कि ये अवशेष सोनिया के ही हैं। जब कोर्ट में यह साइंटिफिक रिपोर्ट पेश होगी, तो यह आरोपियों के खिलाफ सबसे पुख्ता और अकाट्य सबूत बनेगी, जिसे कोई झुठला नहीं पाएगा।
जांच को और ज्यादा मजबूत बनाने के लिए पुलिस की एक स्पेशल टीम दोबारा सूर्या विहार कॉलोनी स्थित वारदात वाली जगह पर जाएगी। यहां पुलिस क्राइम सीन रिक्रिएशन यानी पूरी घटना को फिर नाटक की तरह दोहराया जाएगा। पकड़े गए आरोपियों या संदिग्धों ने पुलिस को जो बयान दिए हैं, उनका मिलान हकीकत से किया जाएगा। पुलिस यह समझने की कोशिश करेगी कि मर्डर को किस तरह अंजाम दिया गया, लाश को ठिकाने लगाने का क्या प्लान था और इस खौफनाक अपराध में कौन-कौन से औजार या हथियारों का इस्तेमाल किया गया था। अक्सर आरोपी बयानों में झूठ बोलते हैं, जिसे इस तरीके से आसानी से पकड़ा जा सकता है।
पुलिस के बड़े अफसरों का कहना है कि इस हत्याकांड से जुड़े हर छोटे-बड़े सबूत को आपस में जोड़ा जा रहा है। मोबाइल की कॉल डिटेल, डिजिटल सबूत और फॉरेंसिक रिपोर्ट को मिलाकर एक ऐसी मजबूत चार्जशीट तैयार की जा रही है, जो कोर्ट में टिक सके। एसीपी ने साफ किया है कि तफ्तीश बहुत तेजी से चल रही है और बहुत जल्द पुलिस सारे सबूतों को मिलाकर इस पूरे मर्डर केस का आधिकारिक तौर पर पर्दाफाश कर देगी।