
गोरखपुर : गोरखपुर में 20 जनवरी को अपने बर्थ-डे के दिन गोली मारने वाली युवती का नाम अंशिका है। पुलिस ने आरोपी युवती को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस जांच में सामने आया है कि युवती अंशिका ब्लैकमेलर है। उसके फोन से कई अश्लील फोटो और आपत्तिजनक वीडियो मिले।
युवती एक DSP-दरोगा समेत गोरखपुर में 12 पुलिसकर्मियों को अपने जाल में फंसाया और इनको ब्लैकमेल कर पैसे ऐंठे। युवती ने पुलिस को बताया कि वह अपने शौक पूरे करने के लिए ऐसा करती थी। युवती ने बताया कि वह पहले लोगों से ऐसे ही नार्मल तरीके से बात करती और उसके बाद वह उन्हें वीडियो कॉल करती। इसके बाद अंशिका अपने कपड़े उतारकर न्यूड हो जाती है और सामने वाले से भी न्यूड होने को कहती। इसके बाद जब वह न्यूड हो जाते तो उनका वीडियो रिकॉर्ड कर लेती। इसके बाद उनको ब्लैकमेल कर पैसे ऐंठती। शुरुआती जांच में सामने आया है कि वह अब तक करीब 150 लोगों को अपना शिकार बना चुकी है। इनमें अयोध्या के एक DSP, गीडा थाना प्रभारी समेत 12 से ज्यादा पुलिसकर्मी भी शामिल हैं।
फिलहाल पुलिस ने अंशिका को जेल भेज दिया है। मामले की जांच मोबाइल डेटा, कॉल डिटेल और पैसों के लेन-देन के आधार पर की जा रही है।
घटना 20 जनवरी की है। अंशिका अपने दोस्तों के साथ सिंघड़िया मोड़ स्थित मॉडल शॉप के पास जन्मदिन मना रही थी। इसी दौरान एक निजी अस्पताल के मैनेजर से उसका विवाद हो गया। आरोप है कि अंशिका ने पिस्टल निकालकर उस पर तान दी। छीना-झपटी के दौरान गोली चल गई, जो मैनेजर के दोस्त के पेट में जा लगी।
घायल युवक को पहले नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, बाद में मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया, जहां उसका इलाज चल रहा है। मौके पर मौजूद लोगों ने अंशिका और उसके साथियों को पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया।
खोराबार थाना क्षेत्र के जमुना टोला निवासी विशाल मिश्रा, जो एक चाइल्ड केयर अस्पताल में मैनेजर हैं, ने अंशिका के खिलाफ तहरीर दी। उन्होंने बताया कि अंशिका और उसका साथी बंटी वर्मा अस्पताल आए थे और बातचीत के दौरान मोबाइल नंबर ले लिया। कुछ दिन बाद अंशिका ने पिस्टल दिखाकर 12 हजार रुपए मांगे और रेप के झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी दी। डर के कारण विशाल ने पैसे दे दिए। 20 जनवरी को अंशिका ने फोन कर 50 हजार रुपए मांगे और धमकी दी कि पैसे न देने पर पूरे परिवार को मरवा देगी।
शाम करीब 5 बजे विशाल अपने दोस्त अमिताभ निषाद के साथ सिंघड़िया मोड़ पहुंचा। बातचीत के दौरान कहासुनी हुई और अंशिका ने पिस्टल निकाल ली। हाथापाई के दौरान गोली अमिताभ निषाद के पेट में जा लगी।
पुलिस जांच में सामने आया है कि 5 जनवरी को अंशिका ने गीडा थाने के एक दरोगा से मैसेंजर ऐप पर संपर्क किया। इसके बाद वीडियो कॉल कर उनका वीडियो रिकॉर्ड कर लिया और फिर ब्लैकमेल करने लगी। इसी तरह उसने गोरखपुर के 12 से ज्यादा पुलिसकर्मियों को फंसाया। अंशिका के मोबाइल से कई पुलिसकर्मियों के साथ आपत्तिजनक फोटो और वीडियो बरामद हुए हैं।
संतकबीरनगर के खलीलाबाद निवासी सूरज सिंह और प्रियांशु सिंह से भी इसी तरह 50-50 हजार रुपए वसूले गए। पैसे न देने पर पॉक्सो जैसे गंभीर केस में फंसाने की धमकी दी गई।
साल 2021 में अंशिका कोतवाली क्षेत्र में किराए पर रहती थी। मकान मालकिन ने शिकायत की थी कि वह कमरे में लड़कों को बुलाती थी। कमरा खाली कराने पर अंशिका ने 2 लाख रुपए की मांग की और झूठे केस में फंसाने की धमकी दी।
अक्टूबर 2025 में अंशिका और उसके साथियों पर किराए की THAR चोरी कर फर्जी नंबर प्लेट लगाने का केस दर्ज हुआ था। पुलिस ने उसके दो साथियों को गिरफ्तार किया, जबकि अंशिका अंडरग्राउंड हो गई थी। गाड़ी से 4 फर्जी नंबर प्लेट बरामद हुई थीं।
अंशिका सोशल मीडिया पर रील बनाने की शौकीन है। उसके इंस्टाग्राम अकाउंट पर 700 से ज्यादा वीडियो हैं। उसने संतकबीरनगर कोतवाली के सामने पुलिस जीप के पास भी रील बनाई थी, जिसमें आपत्तिजनक गाना लगाया गया था।