ग्रेटर नोएडा

गौतमबुद्धनगर के दादरी में 3 महीने पहले लव मैरिज करने वाली मोनिका नागर की संदिग्ध मौत, ‘1 करोड़ की संपत्ती के लिए हत्या’

Greater Noida Crime: गौतमबुद्ध नगर के दादरी में 3 महीने पहले लव मैरिज करने वाली मोनिका नागर की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। मायके वालों ने 1 करोड़ की संपत्ति के लिए हत्या का आरोप लगाया है
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पत्रिका फोटो

Greater Noida Crime: दादरी के घोड़ी बछेड़ा गांव में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां 16 फरवरी को प्रेम विवाह करने वाली 20 वर्षीय मोनिका नागर की संदिग्ध मौत हो गई। आरोप है कि 1 करोड़ रुपये की संपत्ति के लालच में ससुराल वालों ने उसकी हत्या कर दी और सबूत मिटाने के लिए आनन-फानन में अंतिम संस्कार करने लगे। सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस ने जलती चिता से शव को बाहर निकालकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा।

लव मैरिज के 3 महीने बाद ही उजड़ा सुहाग

मोनिका नागर और अनुज चौहान ने परिवारों की शुरुआती असहमति के बावजूद 16 फरवरी को कोर्ट मैरिज की थी। दोनों के पिता ऑटो चालक हैं और इसी परिचय के चलते दोनों करीब आए थे। लेकिन यह वैवाहिक सुख महज 90 दिन भी नहीं टिक सका। गुरुवार को पैसों के लेनदेन को लेकर हुए विवाद के बाद मोनिका का शव घर के कमरे में संदिग्ध हालत में मिला। ग्रीमाणों ने बताया कि दोनों में विवाद हुआ था। इसके बाद मोनिका ने कमरे की कुंडी लगा ली। जब कमरे की कुंडी तोड़ी गई तो उसका शव मिला। मोनिका के मायकेवाले ससुराल पक्ष पर हत्या करने का आरोप लगा रहे हैं। उनका कहना है कि मोनिका ने फोन कर ससुराल पक्ष के लोगों ने मारपीट करने की बात कही थी।

मां ने गंभीर आरोप लगाए

पुलिस के अनुसार रेनू नागर ने पुलिस को लिखित शिकायत में बेटी को प्रताड़ित और हत्या किए जाने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा, 7 मई की दोपहर मेरी बेटी मोनिका ने फोन कर बताया कि उसका पति अनुज चौहान, उसका भाई, उसकी मां और पिता हरेंद्र और चाचा-चाची निवासी घोड़ी बछेड़ा मिलकर उसके साथ मारपीट कर रहे हैं। सूचना पाकर मैं, मेरी बेटी खुशी और मेरा भांजा विवेक चौधरी अनुज के घर के बाहर पहुंचे तो अनुज और उसके पिता हरेंद्र, भाई मोहित और कन्नू गैस वाला और चार अन्य अज्ञात लोग मेरी बेटी की हत्या कर शव कार में डालकर ले जा रहे थे।

मोनिका के नाम पर एक करोड़ की संपत्ति

रेनू नागर ने कहा कि विवाह के बाद पति और उसके परिजन मोनिका पर दहेज के लिए दबाव बनाने लगे। मोनिका के नाम एक करोड़ से अधिक की संपत्ति थी। उसे बेचकर रुपये की मांग की मांग की जा रही थी।

श्मशान घाट में मची अफरा-तफरी

घटना की जानकारी मिलते ही एसीपी जितेंद्र कुमार सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम घोड़ी बछेड़ा के श्मशान घाट पहुंची। उस समय शव का अंतिम संस्कार किया जा रहा था। पुलिस ने दखल देकर जलती चिता से शव को बाहर निकाला। हालांकि शव कुछ प्रतिशत जल चुका था, लेकिन उसे सुरक्षित कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पुलिस ने संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आरोपियों की तलाश तेज कर दी है।

Published on:
09 May 2026 02:19 pm