स्वास्थ्य

सर्दी-जुकाम, बुखार में एक्सरसाइज कब नहीं करना चाहिए? जानिए क्या है Mayo Clinic और Cleveland Clinic की सलाह

Bimar Hone Par Exercise Karna Chahiye Ya Nahi: बिमार होने पर एक्सरसाइज करनी चाहिए या नहीं? और किन-किन बीमारियों में कर सकते हैं? आइए जानते हैं Mayo Clinic और Cleveland Clinic इसके बारे में विस्तार से।
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Aug 04, 2026
Exercise While Sick, Workout During Cold And Fever
बीमार होने पर एक्सरसाइज करनी चाहिए? image credit freepik

Cold And Fever Me Exercise Karna Chahiye Ya Nahi: फिटनेस को ध्यान में रखते हुए कुछ लोग सर्दी-जुकाम या किसी दूसरी बीमारी के दौरान भी अपनी एक्सरसाइज रूटीन जारी रखना चाहते हैं। लेकिन बीमारी के समय शरीर को आराम की जरूरत होती है और ऐसे में ज्यादा मेहनत वाला वर्कआउट करने से परेशानी बढ़ सकती है। जानते हैं कि बीमार होने पर एक्सरसाइज करनी चाहिए या नहीं और किन लक्षणों में आराम करना जरूरी होता है।

बीमार होने पर एक्सरसाइज क्यों नहीं करनी चाहिए?

Cleveland Clinic के अनुसार, बीमारी के दौरान एक्सरसाइज करने से कुछ मामलों में लक्षण और ज्यादा गंभीर हो सकते हैं। इसके अलावा चोट लगने का जोखिम भी बढ़ सकता है, रिकवरी में ज्यादा समय लग सकता है और अगर बीमारी संक्रामक है, तो दूसरे लोगों तक संक्रमण फैलने का खतरा भी रहता है। इसलिए बीमारी के दौरान एक्सरसाइज करने का फैसला इस बात पर निर्भर करता है कि आपको कौन-सी बीमारी है, लक्षण कितने गंभीर हैं और वे शरीर के किस हिस्से को प्रभावित कर रहे हैं।

किन लक्षणों में एक्सरसाइज की जा सकती है?

Mayo Clinic के अनुसार, अगर सर्दी-जुकाम के लक्षण हल्के हैं, तो हल्की से मध्यम शारीरिक गतिविधि आमतौर पर की जा सकती है। नाक बहना, नाक बंद होना, छींक आना या हल्का गले में खराश जैसे लक्षणों को आमतौर पर "गर्दन के ऊपर" वाले लक्षण माना जाता है।

ऐसे में भी सामान्य से कम तीव्रता और कम समय तक एक्सरसाइज करना बेहतर है। जैसे आप दौड़ने की जगह कुछ देर पैदल चल सकते हैं। वहीं Cleveland Clinic के अनुसार, अगर लक्षण केवल गर्दन के ऊपर तक सीमित हैं, तो हल्की एक्सरसाइज की जा सकती है। लेकिन इस दौरान अपने शरीर की प्रतिक्रिया पर ध्यान देना जरूरी है।

किन लक्षणों में एक्सरसाइज करने से बचना चाहिए?

अगर बीमारी के लक्षण शरीर के दूसरे हिस्सों को प्रभावित कर रहे हैं, तो वर्कआउट से बचना बेहतर है। Mayo Clinic के अनुसार, सीने में जकड़न या कंजेशन, तेज खांसी, पेट खराब होना, बुखार, अत्यधिक थकान या पूरे शरीर में मांसपेशियों में दर्द होने पर एक्सरसाइज नहीं करनी चाहिए।

वहीं Cleveland Clinic के अनुसार, सांस लेने में परेशानी, सीने में जकड़न, उल्टी, दस्त, मांसपेशियों में दर्द या थकान जैसे लक्षण होने पर भी आराम करना चाहिए और एक्सरसाइज शुरू करने से पहले डॉक्टर से सलाह लेना उचित है। वहीं बुखार के दौरान एक्सरसाइज करने से शरीर के तापमान को नियंत्रित करने और डिहाइड्रेशन से जुड़ी समस्याओं का जोखिम बढ़ सकता है। इसके अलावा अगर उल्टी या दस्त के कारण शरीर में पहले ही पानी की कमी हो चुकी है, तो ज्यादा मेहनत करने से चक्कर आने या बेहोशी का खतरा भी बढ़ सकता है।

बीमारी में एक्सरसाइज करनी हो तो इन बातों का रखें ध्यान

अगर आपके लक्षण हल्के हैं और एक्सरसाइज करना सुरक्षित महसूस हो रहा है, तो कुछ सावधानियां बरतना जरूरी है:

  • वर्कआउट की तीव्रता और अवधि सामान्य से कम रखें।
  • दौड़ने की जगह हल्की वॉक कर सकते हैं।
  • सामान्य से कम वजन उठाएं।
  • योग या दूसरी लो-इम्पैक्ट एक्सरसाइज को चुन सकते हैं।
  • शरीर पर ज्यादा दबाव डालने वाले वर्कआउट से बचें।
  • एक्सरसाइज के दौरान शरीर के संकेतों पर ध्यान दें।
  • पर्याप्त मात्रा में पानी पीते रहें।
  • अगर कमजोरी या तबीयत खराब महसूस हो, तो वर्कआउट रोककर आराम करें।

बीमारी के दौरान जिम जाना चाहिए या नहीं?

अगर आपको सर्दी-जुकाम या कोई अन्य संक्रामक बीमारी है, तो जिम या दूसरे लोगों के साथ एक्सरसाइज करने से बचना बेहतर है। इससे संक्रमण दूसरे लोगों तक फैल सकता है।

ये लक्षण दिखें तो न करें एक्सरसाइज

एक्सरसाइज करते समय अगर सीने में दर्द, सांस लेने में परेशानी, चक्कर या बेहोशी जैसा महसूस हो, तो तुरंत एक्सरसाइज करना रोककर आराम करें। इसके अलावा, अगर आपको यह समझ नहीं आ रहा है कि आपकी मौजूदा बीमारी या लक्षणों में एक्सरसाइज करना सुरक्षित है या नहीं, तो डॉक्टर से सलाह लेना बेहतर है। खासकर अगर आपको पहले से अस्थमा या हृदय संबंधी बीमारी है।

डिस्क्लेमर: इस लेख में दी गई जानकारी केवल स्वास्थ्य संबंधी जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से है। यह किसी भी प्रकार से डॉक्टर की सलाह या उपचार का विकल्प नहीं है।

Updated on:
04 Aug 2026 02:07 pm
Published on:
04 Aug 2026 01:56 pm