राशिफल

Chaitra Navratri 2026: अपनी राशि के हिसाब से करें देवी की आराधना, जीवन से दूर होंगी परेशानियां और बरसेगा आशीर्वाद

Chaitra Navratri 2026: हिंदू धर्म में चैत्र नवरात्रि को अत्यंत पवित्र और शुभ माना जाता है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार हर राशि पर किसी न किसी ग्रह का प्रभाव होता है। यदि व्यक्ति अपनी राशि और उस ग्रह के प्रभाव के अनुसार देवी के किसी विशेष स्वरूप की पूजा करे, तो उसका फल अधिक शुभ माना जाता है।

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Mar 15, 2026
Chaitra Navratri puja according to zodiac sign|फोटो सोर्स- Freepik

Chaitra Navratri 2026: 19 मार्च से हिंदू नववर्ष के साथ ही चैत्र नवरात्रि की पावन शुरुआत होने जा रही है, जिसे मां दुर्गा की आराधना का विशेष पर्व माना जाता है। इन नौ दिनों में भक्त पूरे श्रद्धा भाव से देवी के विभिन्न रूपों की पूजा-अर्चना करते हैं। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार यदि अपनी राशि के अनुसार मां दुर्गा की उपासना की जाए तो इसका फल और भी शुभ माना जाता है। ऐसा करने से जीवन की परेशानियां दूर हो सकती हैं और सुख-समृद्धि का आशीर्वाद मिलता है। आइए जानते हैं कि आपकी राशि के अनुसार किस प्रकार देवी की आराधना करना शुभ रहेगा।

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मेष राशि

मेष राशि का स्वामी मंगल ग्रह है, जो साहस और ऊर्जा का प्रतीक माना जाता है। इस राशि के लोग आत्मविश्वासी और जोशीले होते हैं, लेकिन कभी-कभी जल्दबाजी या क्रोध भी दिखा सकते हैं। चैत्र नवरात्रि में मेष राशि के जातकों के लिए मां महाकाली की आराधना शुभ मानी जाती है। साथ ही मां तारा की उपासना से साहस, सुरक्षा और मानसिक शक्ति प्राप्त होती है।

वृषभ राशि

वृषभ राशि का स्वामी शुक्र ग्रह है, जो सुख, सौंदर्य और ऐश्वर्य का कारक माना जाता है। इस राशि के लोग संतुलित और आरामदायक जीवन पसंद करते हैं। नवरात्रि में वृषभ राशि वालों को मां महासरस्वती की पूजा करनी चाहिए, जिससे बुद्धि और विवेक बढ़ता है। इसके साथ ही मां ब्रह्मचारिणी और मां त्रिपुर सुंदरी की आराधना भी शुभ फल दे सकती है।

मिथुन राशि

मिथुन राशि का स्वामी बुध ग्रह है, जिसे बुद्धि और वाणी का कारक माना जाता है। इस राशि के लोग तेज दिमाग और संवाद में निपुण होते हैं। नवरात्रि में मिथुन राशि के लोगों को मां सरस्वती की पूजा करनी चाहिए, जिससे ज्ञान और बुद्धि में वृद्धि होती है। साथ ही मां चंद्रघंटा और मां भुवनेश्वरी की आराधना भी लाभकारी मानी जाती है।

कर्क राशि

कर्क राशि का स्वामी चंद्रमा है, जो मन और भावनाओं का प्रतीक माना जाता है। इस राशि के लोग संवेदनशील और परिवार के प्रति समर्पित होते हैं। नवरात्रि में कर्क राशि के लोगों को मां महालक्ष्मी की पूजा करनी चाहिए, जिससे धन और समृद्धि की प्राप्ति होती है। इसके अलावा मां सिद्धिदात्री और मां कमला की उपासना भी शुभ मानी जाती है।

सिंह राशि

सिंह राशि का स्वामी सूर्य है, जो तेज, प्रतिष्ठा और नेतृत्व का प्रतीक है। इस राशि के लोग आत्मविश्वासी और प्रभावशाली होते हैं। नवरात्रि में सिंह राशि के जातकों को मां महालक्ष्मी और मां सिद्धिदात्री की पूजा करनी चाहिए। साथ ही मां बगलामुखी की आराधना से शत्रुओं पर विजय और सफलता के योग बनते हैं।

कन्या राशि

कन्या राशि का स्वामी भी बुध ग्रह है। इस राशि के लोग व्यवस्थित और व्यावहारिक सोच के लिए जाने जाते हैं।नवरात्रि के दौरान कन्या राशि के लोगों को मां सरस्वती की पूजा करनी चाहिए। इससे ज्ञान और विवेक में वृद्धि होती है। साथ ही मां चंद्रघंटा की आराधना से साहस और आत्मविश्वास बढ़ता है। शक्ति साधना में मां भुवनेश्वरी की उपासना भी शुभ मानी जाती है।

तुला राशि

तुला राशि का स्वामी शुक्र ग्रह है। इस राशि के लोग संतुलन और सौंदर्य को महत्व देते हैं।चैत्र नवरात्रि में तुला राशि के लोगों को मां महासरस्वती की पूजा करनी चाहिए। इसके साथ ही मां दुर्गा के ब्रह्मचारिणी स्वरूप की आराधना भी लाभकारी मानी जाती है। शक्ति साधना में मां त्रिपुर सुंदरी की उपासना से सुख और वैभव की प्राप्ति हो सकती है।

वृश्चिक राशि

वृश्चिक राशि का स्वामी मंगल ग्रह है, इसलिए इस राशि के लोगों में साहस और दृढ़ता अधिक होती है। नवरात्रि के दौरान वृश्चिक राशि के लोगों को मां महाकाली की पूजा करनी चाहिए। उनकी कृपा से जीवन के भय और बाधाएं दूर होती हैं। दस महाविद्याओं में मां तारा की उपासना भी इस राशि के लोगों के लिए विशेष फलदायी मानी जाती है।

धनु राशि

धनु राशि का स्वामी गुरु ग्रह है, जिसे ज्ञान और आध्यात्मिकता का प्रतीक माना जाता है।नवरात्रि के दौरान धनु राशि के लोगों को मां महालक्ष्मी की पूजा करनी चाहिए। साथ ही मां सिद्धिदात्री की आराधना भी शुभ मानी जाती है। महाविद्याओं में मां कमला की उपासना से जीवन में सुख-समृद्धि आती है।

मकर राशि

मकर राशि का स्वामी शनि ग्रह है। कई बार शनि के प्रभाव से जीवन में चुनौतियां आ सकती हैं।नवरात्रि के दौरान मकर राशि के लोगों को मां महाकाली की पूजा करनी चाहिए। साथ ही मां कालरात्रि की आराधना भी शुभ मानी जाती है। उनकी कृपा से भय और बाधाएं दूर होती हैं।

कुंभ राशि

कुंभ राशि का स्वामी भी शनि ग्रह है। इस राशि के लोग विचारशील और सामाजिक होते हैं।नवरात्रि के दौरान कुंभ राशि के लोगों को मां महाकाली की आराधना करनी चाहिए। मां कालरात्रि की पूजा से नकारात्मक ऊर्जा दूर होती है और जीवन में सुरक्षा का भाव बढ़ता है।

मीन राशि

मीन राशि का स्वामी गुरु ग्रह है। इस राशि के लोग आध्यात्मिक और भावनात्मक स्वभाव के होते हैं।चैत्र नवरात्रि के दौरान मीन राशि के लोगों को मां महालक्ष्मी की पूजा करनी चाहिए। इसके साथ ही मां सिद्धिदात्री की आराधना भी शुभ मानी जाती है। महाविद्याओं में मां कमला की उपासना से आर्थिक और मानसिक स्थिरता प्राप्त हो सकती है।

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