जयपुर में कॉकरोच जनता पार्टी के प्रदर्शन के दौरान बड़ा हंगामा हो गया। समर्थकों के कंधों पर सवार होकर शहीद स्मारक पहुंच रहे फाउंडर अभिजीत दीपके पर भीड़ में घुसे दो युवकों ने थप्पड़ों से हमला कर दिया। इसके बाद गुस्साए समर्थकों ने दोनों हमलावरों को पकड़कर जमकर पीटा, जिससे प्रदर्शन स्थल पर अफरा-तफरी मच गई।

जयपुर। राजधानी जयपुर में सोमवार को कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के प्रदर्शन के दौरान उस समय हंगामा मच गया, जब पार्टी के फाउंडर अभिजीत दीपके पर भीड़ के बीच दो युवकों ने हमला कर दिया। प्रदर्शन स्थल पर प्रवेश के दौरान समर्थक अभिजीत दीपके को कंधों पर बैठाकर शहीद स्मारक की ओर ले जा रहे थे। इसी दौरान भीड़ में मौजूद दो युवकों ने उनके करीब पहुंचकर थप्पड़ मार दिए।
अचानक हुए इस घटनाक्रम से मौके पर अफरा-तफरी मच गई। अभिजीत दीपके के समर्थक तुरंत सक्रिय हो गए और दोनों हमलावर युवकों को पकड़ लिया। इसके बाद समर्थकों ने उनकी जमकर पिटाई कर दी। घटना के बाद कुछ देर तक प्रदर्शन स्थल पर तनावपूर्ण माहौल बना रहा।
थप्पड़ कांड के बाद मंच पर पहुंचे सीजेपी फाउंडर अभिजीत दीपके ने समर्थकों को संबोधित करते हुए सांप्रदायिक और जातिगत राजनीति पर निशाना साधा। उन्होंने नारे लगवाए कि "हिंदू-मुस्लिम की राजनीति अब नहीं चलेगी।" दीपके ने कहा कि देश की आजादी लाखों लोगों के बलिदान के बाद मिली है, लेकिन आज लोगों को धर्म और जाति के नाम पर बांटने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने समर्थकों से ऐसे विभाजनकारी मुद्दों से दूर रहने और एकजुट होकर अपनी लड़ाई लड़ने का आह्वान किया।
अभिजीत दीपके ने ऐलान किया कि आंदोलन यहीं नहीं रुकेगा। उन्होंने कहा कि '20 जून को एक बार फिर दिल्ली कूच किया जाएगा और इस बार बिना इस्तीफे के वापस नहीं लौटा जाएगा।' उन्होंने मंच से 'दिल्ली चलो' का नारा भी बुलंद किया, जिस पर प्रदर्शनकारियों ने जोरदार समर्थन जताया। इसके बाद राष्ट्रगान के साथ कार्यक्रम का समापन किया गया।
कॉकरोच जनता पार्टी की ओर से नीट पेपर लीक, शिक्षा व्यवस्था में सुधार, बढ़ती बेरोजगारी और युवाओं से जुड़े विभिन्न मुद्दों को लेकर जयपुर के शहीद स्मारक पर प्रदर्शन किया जा रहा था। बड़ी संख्या में युवा, छात्र और समर्थक इसमें शामिल हुए थे। प्रदर्शनकारी केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर नारेबाजी कर रहे थे।
इससे पहले भी प्रदर्शन के दौरान कुछ युवकों के बीच विवाद की स्थिति बनी थी, जिसके बाद पुलिस ने एक युवक को हिरासत में लिया था। वहीं, धरना स्थल से कई लोगों के मोबाइल फोन चोरी होने की शिकायतें भी सामने आईं, जिसके बाद मंच से लोगों को अपने सामान की सुरक्षा को लेकर सतर्क रहने की अपील की गई।
प्रदर्शन में शामिल युवा हाथों में तिरंगा और 'पेपर लीक बंद करो' तथा 'मुझे देश से प्यार है, भ्रष्टाचार अस्वीकार है' जैसे संदेश लिखे पोस्टर लेकर पहुंचे थे। घटना के बाद पुलिस ने स्थिति को नियंत्रण में लेते हुए सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी।