जयपुर

Rajasthan: महिला बोली ‘पैसों की वजह से डर लगता है’, बीज कारोबार के कथित भ्रष्टाचार मामले में मिली 5 कॉल रिकॉर्डिंग

Rajasthan Crime: बीज कारोबार से जुड़े कथित भ्रष्टाचार मामले में सामने आई 5 कॉल रिकॉर्डिंग ने जांच को नया मोड़ दे दिया है। बातचीत में सैंपल जांच प्रभावित करने, लैब रिपोर्ट मैनेज कराने, करोड़ों रुपए के कथित लेन-देन और प्रभावशाली लोगों तक रकम पहुंचाने जैसे दावे सामने आए हैं।
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Jun 10, 2026
Seed Corporation Scam
आरोपियों को ले जाती ACB टीम का फोटो: पत्रिका

Rajasthan Seed Corporation Scam: बीज कारोबार से जुड़े कथित भ्रष्टाचार के मामले में सामने आई फोन वार्ताओं ने जांच एजेंसियों को चौंका दिया है। एसीबी की FIR में जो रिकॉर्ड पर लेन देन की बात हुई है, उसमें सतीश, गिरफ्तार हो चुके निदेशक जुगल किशोर से लेन देन की बात कर रहा है। लेकिन यह सतीश कौन है, इसका अभी एसीबी ने खुलासा नहीं कर रही है। वार्तालाप में एक जगह जुगल किशोर मंत्री जी का भी जिक्र कर रहा है।

बातचीत में सैंपल जांच प्रभावित करने, लैब रिपोर्ट ‘मैनेज’ कराने, करोड़ों रुपए के कथित लेन-देन और प्रभावशाली लोगों तक रकम पहुंचाने जैसे दावों का उल्लेख है। वार्ताओं में ‘28 सैंपल पास, 4 फेल’ कराने की बातचीत प्रयोगशालाओं में सैंपल जांच में होने वाले गठजोड़ को उजागर करने वाली है। वहीं रुपयों के लेन-देन करने की भी जानकारी है।

वार्तालाप के अंश

1. मंडे को आओ, काम हो जाएगा…

    जुगल किशोर व सतीश कुमार (इसकी पहचान के संदर्भ में जांच चल रही है) के बीच वार्तालाप

    सतीश कुमार: मंडे को आओ, तब काम कर देंगे, हनुमानगढ़ वालों को भी लाइन पर ले आऊंगा। राजेश को कोई रिलेक्सेशन मत देना।
    जुगल : कोई रिलेक्सेशन नहीं।
    सतीश : वही सबसे ज्यादा ऊपर नीचे हो रहा है, सारा मामला गड़बड़ करने वाला वो ही है।
    जुगल : मैं बात करता हूं।
    सतीश : बात नहीं करनी है।

    2. खुल्ला खेलो, सारे सैंपल जयपुर मंगा रहा हूं…

      सतपाल व किरण की वार्तालाप

      सतपाल: अभी जुगल का फोन आया था। शाम को अपना हो गया था। उसने कहा कि अभी तो कोई दिक्कत नहीं है न।
      किरण : जोधपुर डिपार्टमेंट की तो बोल देना था कि खूब परेशान किया।
      सतपाल : मैंने बोल दिया, तब बोला कि सारे सैंपल जयपुर ही मंगा रहा हूं। खुल्ला खेलो।
      किरण : उसको यह तो कहना पड़ेगा कि एक पैकेट तो निकालना पड़ेगा, कैसे भी करके, सीजन तो आपके नाम हो गई।
      सतपाल: ऐसा अरेंज कर देंगे कि गुजरात माल वापस नहीं ले जाना पड़ेगा। रिजल्ट से पहले माल डिस्पैच का ऑर्डर करवा देंगे।
      किरण : अपने को एक हफ्ता निकालना है। मंडे को सीट में डालके शनिवार को फ्री कर दें।

      3. एक थैले में 80 लाख रुपए…

        गणपत व एक महिला के बीच वार्ता

        गणपत: एक थैला है।
        महिला: क्या है इसमें?
        गणपत: पैसा है।
        महिला: मोटा ने छोड़े हैं पैसे।
        गणपत: हां। रिस्क भी है लाने की, 80 है।
        महिला: 80 लाख, पैसों की वजह से डर लगता है।
        गणपत : एक थैली में थोड़ी है।
        महिला : एक बड़ी थैली में है, एक छोटी थैली है। 50-50 की पेटियां अलग हैं।
        गणपत : मुझे पता है।
        महिला : एक भरा हुआ दिया था, एक सरदार देकर गया, वो अलग ही है। मुझे डर लगता है।

        4. दुर्गापुरा का सोर्स ढूंढना शुरू कर दो…

          सतपाल व किरण के बीच वार्तालाप

          किरण: सैंपल दुर्गापुरा ही जाएंगे। दुर्गापुरा का सोर्स ढूंढना शुरू कर दो।
          किरण: एक बीस जुगल को दिया, 60 एमएलए के पीए को दिया। कुल एक अस्सी कर दिए। फिर बोला एक करोड़ 20 लाख कलेक्शन किया। 20 लाख तो अधिकारी ही रख गए।
          सतपाल : एक अस्सी के अलावा 5-10 लाख अलग से खर्च कर चुके। कल सुबह जुगल मिलता है तो उसे कहेंगे फंसे हैं।
          किरण : जुगल ने अब क्या किया, बताओ।
          सतपाल : उसने कहा है कि मानसरोवर एरिया में आऊंगा। अरावली एनक्लेव में फ्लैट है।

          5. लैब मैनेज कर ली, 28 पास और 4 फेल करने हैं…

            सुनील सेतिया व किरण के बीच वार्ता

            सुनील : टेंशन हो गई, फोन नहीं उठा रहे थे।
            किरण : कोई बड़ा अफसर है वो, नाम तो बताया नहीं उसने।
            सुनील : आप उसकी टेंशन मत लो। सैंपल तीन महीने लैब में ही रहने दो। आप सिर्फ लैब मैनेज कर लो। 28 पास करने हैं और 4 फेल करने हैं। 3-4 महीने में मामला ठंडा पड़ जाएगा। आप गुजरात जाओ।

            6. पेमेंट वापस करना पड़ सकता है…

              जुगल व स्वतंत्र के बीच वार्तालाप

              जुगल: पेमेंट वापस करनी पड़ सकती है। संदीप वाले लफड़े से सारा मामला उजागर हो गया। गंगानगर वाला पेमेंट मंत्री जी कुछ नहीं आया। कल सुबह जल्दी जाना पड़ सकता है। जाना बस में ही।
              स्वतंत्र : हां
              जुगल : पांच उनको दिया, पांच नंंदाराम को दिया। दस निकाला। सेट करके कह देना 90 ही थे। एक करोड़ बीस लाख कलेक्शन किया, जिसमें से 20 अधिकारी ने ही रख लिया।

              Updated on:
              10 Jun 2026 06:44 am
              Published on:
              10 Jun 2026 06:44 am