जयपुर

जयपुर में फर्जी कॉल सेंटर का भंडाफोड़, अलग-अलग मोबाइल नंबरों से ठगी का खेल, ऐसे पकड़े गए शातिर

राजधानी जयपुर में शिप्रापथ थाना और साइबर सेल ने ई-मित्र के नाम पर चल रहे फर्जी कॉल सेंटर का खुलासा कर दो आरोपियों कानाराम गुर्जर और संजय मीणा को गिरफ्तार किया। पुलिस ने कंप्यूटर, मोबाइल, एटीएम कार्ड और पेमेंट स्कैनर जब्त किए।

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Aug 31, 2025
दो आरोपी गिरफ्तार (फोटो- पत्रिका)

जयपुर: शिप्रापथ थाना पुलिस और साइबर सेल ने साइबर शील्ड के तहत ई-मित्र से जुड़े दो फर्जी कॉल सेंटर्स का खुलासा कर दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके पास से दस कंप्यूटर, एक लैपटॉप, दस मोबाइल फोन, 1 पास बुक, तीन एटीएम कार्ड, 1 चेक बुक और एक पेमेंट स्कैनर जब्त किया है।


डीसीपी (साउथ) राजर्षि राज ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी कानाराम गुर्जर (22) कोटखावदा और संजय मीणा (26) अग्रवाल फार्म मानसरोवर का रहने वाला है। आरोपी फर्जी कॉल सेंटर संचालित कर खुद को ई-मित्र और सीएससी (कॉमन सर्विस सेंटर) का कर्मचारी बताकर लोगों से संपर्क करते थे।

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वे अलग-अलग मोबाइल नंबरों से कॉल कर ग्राहकों को ई-मित्र आईडी उपलŽब्ध कराने और कैश बैंकिंग सुविधा दिलाने का झांसा देते थे। इसके बाद पीड़ितों से राशि विभिन्न बैंक खातों में जमा कराकर ठगी की जाती थी। आरोपी बैंक खाते किराए पर लेकर ठगी में उपयोग कर रहे थे।


गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश


साइबर टीम को सूचना मिली थी कि शिप्रापथ इलाके में एक ऑफिस में ई-मित्र आईडी के नाम पर फर्जी कॉल सेंटर चल रहा है। इस पर पुलिस ने दबिश देकर आरोपी कानाराम गुर्जर को गिरफ्तार किया। उसके पास चार कंप्यूटर, 4 मोबाइल, एक स्कैनर और वाई-फाई राउटर बरामद किए।


टोंक रोड से दूसरे आरोपी को पकड़ा


उसकी निशानदेही पर टोंक रोड स्थित स्काई डिजिटल ऑफिस से संजय मीणा को पकड़ लिया। पुलिस गिरोह के सदस्य शंकर गुर्जर और दयाराम गुर्जर की तलाश कर रही है।

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Published on:
31 Aug 2025 10:02 am
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