जयपुर

Kirodi Lal Meena Resign: किरोड़ी लाल के इस्तीफे को लेकर आया बड़ा अपड़ेट, BJP प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ ने दिया बयान

Rajasthan Politics: पूर्व मंत्री किरोड़ी लाल मीना के इस्तीफे को लेकर बड़ा अपडेट सामने आया है।
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Updated: 13 Aug 2024, 11:40 AM IST
kirodi lal meena

Rajasthan News: राजस्थान सरकार में मंत्री पद से इस्तीफा दे चुके डॉ. किरोड़ीलाल मीना (Kirodi Lal Meena) को लेकर अभी भी असमंजस की स्थिति बनी हुई है। उन्होंने लोकसभा चुनाव में पूर्वी राजस्थान की 7 में से 4 सीटों पर हार होने के बाद अपने पद से इस्तीफा दिया था। जिसे लेकर भाजपा प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि 'उनके इस्तीफे को स्वीकार नहीं किया है और स्वीकार करेंगे भी नहीं।'

भावनात्मक होकर दिया इस्तीफा- मदन राठौड़

राजस्थान भाजपा प्रदेशाध्यक्ष (Madan Rathore) ने कहा कि 'मेरी डॉ. किरोड़ीलाल मीणा से बातचीत हुई है और मुझे विश्वास है कि वो फिर से साथ में जुड़ेंगे। किरोड़ीलाल मीणा हमारे वरिष्ठ और अनुशासित कार्यकर्ता हैं, भावनात्मक होकर उन्होंने इस्तीफा दिया है।हमने उनके इस्तीफे को स्वीकार नहीं किया है और स्वीकार करेंगे भी नहीं। उन्होंने फील्ड में काम संभाल लिया है, मीना प्रधानमंत्री को मजबूत करेंगे।'

गहलोत ने साधा निशाना

पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने सोमवार को भजनलाल सरकार पर सोशल मीडिया के माध्यम से निशाना साधा। उन्होंने पोस्ट कर लिखा कि 'प्रदेशभर में भारी बारिश एवं इससे संबंधित दुर्घटनाओं के कारण 25 से अधिक जानें जा चुकी हैं। यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि ऐसी आपदा की स्थिति में राज्य के आपदा राहत मंत्री के बारे में जनता को यह नहीं पता कि वो पद पर हैं या उनका इस्तीफा स्वीकार हो गया है।'

उन्होने आगे लिखा कि 'मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए जिससे उचित मॉनिटरिंग एवं राहत बचाव कार्यों के लिए निर्देशन मिल सकें। विकट परिस्थितियों में ऐसी असमंजस की स्थिति राज्य की जनता के साथ छलावे जैसा है।'

यूं छोड़ा मंत्री पद

गौरतलब है कि राजस्थान के पूर्व कृषि और आपदा मंत्री किरोड़ी लाल मीना ने 4 जुलाई को मंत्री पद से इस्तीफा दिया था। वहीं, इससे पहले उन्होंने सरकारी गाड़ी और विभाग जाना बंद कर दिया था। जिसकी बड़ी वजह यह रही कि पूर्वी राजस्थान में भाजपा 7 में से 4 सीटें हार गई थी। जिसकी जिम्मेदारी लेते हुए मीना ने इस्तीफा सौंप दिया। जिसकी चर्चा हाल ही में उन्होंने आदिवासी दिवस के मौके पर मीना हाईकोर्ट में की थी।