Mission 2026 : राजस्थान में भविष्य का बुनियादी ढांचा तैयार हो रहा है। अब दुनिया मरुधरा का दम देखेगी। टनल से ट्रैक तक, राजस्थान सुविधाओं में विश्वस्तरीय और बेमिसाल होगा। अत्याधुनिक हाई स्पीड रेल पटरियां और शानदार हाईवे से राजस्थान की अर्थव्यवस्था को नई रफ्तार मिलेगी। जानिए रोचक जानकारियां।
Mission 2026 : नया साल 2026 आज से शुरू हो गया है। नए साल पर राजस्थान अब विकास की ऐसी 'हाई-स्पीड' पटरी पर दौड़ने को तैयार है, जहां दूरी कम होगी और सुविधाएं विश्वस्तरीय होंगी। कोटा की दरा टनल से लेकर नागौर की अत्याधुनिक हाई स्पीड रेलवे पटरियों तक, प्रदेश में बुनियादी ढांचे का एक ऐसा जाल बिछ रहा है जो न केवल सफर सुगम बनाएगा, बल्कि अर्थव्यवस्था को भी नई रफ्तार देगा। आस्था के केंद्र खाटूश्यामजी में 'स्वदेश दर्शन' के जरिए श्रद्धालुओं को महाकाल नगरी जैसी भव्यता का अनुभव होगा।
कोटा : भारतमाला परियोजना के तहत दिल्ली-मुम्बई एक्सप्रेस-वे पर दरा टनल से जुलाई तक वाहनों की निर्बाध आवाजाही शुरू हो जाएगी।
नागौर : चौसला में 820 करोड़ की लागत से बन रहा पहला हाई-स्पीड ट्रेन ट्रायल ट्रैक 2026 में तैयार होगा। यह 63.5 किमी लंबा होगा।
श्रीगंगानगर : राष्ट्रीय राजमार्ग-62 को सूरतगढ़ से श्रीगंगानगर तक चार लेन किया जाएगा। 1200 करोड़ रुपए की लागत से 75 किमी तक का सफर आसान होगा।
प्रतापगढ़ : प्रतापगढ़ शहर में जाम से निजात के लिए 80 करोड़ रुपए की लागत से बाइपास बनाया जाएगा।
सीकर : खाटूश्यामजी में स्वदेश दर्शन 2.0 योजना के तहत 87.87 करोड़ रुपए की लागत से विकास कार्य होंगे।
पाली : नेशनल हाईवे-325 का निर्माण 2026 में पूरा होगा। करीब 400 करोड़ रुपए की लागत से बनने वाला यह हाईवे यातायात सुगम करेगा।
जयपुर : अजमेर रोड स्थित हीरापुरा बस टर्मिनल की सौगात, 500 से अधिक बसों का संचालन।
जयपुर : सिरसी रोड को 160 फीट चौड़ी करने का काम चल रहा है। जल्द सड़क नए रूप में दिखेगी।