मला विश्वकर्मा थाना ( jaipur crime news ) इलाके में सामने आया है। इसमें मादक पदार्थों की तस्करी ( Drug smuggling in jaipur ) पर एटीएस ( ATS ) की टीम कार्रवाई करने पहुंची तो थाने में तैनात कांस्टेबल महेंद्र ने आरोपियों को सूचना दे दी।
जयपुर
पुलिस पर अक्सर अपराधियों से साठ-गांठ के आरोप लगते रहे हैं। लेकिन, पुलिस की कई ब्रांचों की सूचना भी आरोपी तक विभाग के ही लोग पहुंचा देते हैं। एेसा ही एक मामला विश्वकर्मा थाना ( jaipur crime news ) इलाके में सामने आया है। इसमें मादक पदार्थों की तस्करी ( drug smuggling in jaipur ) पर एटीएस ( ATS ) की टीम कार्रवाई करने पहुंची तो थाने में तैनात कांस्टेबल महेंद्र ने आरोपियों को सूचना दे दी।
इस मामले की शिकायत एटीएस ने डीसीपी को की तो डीसीपी विकास शर्मा ने कांस्टेबल को निलंबित कर दिया।जानकारी के मुताबिक एटीएस को राजधानी ( Jaipur News ) में कई जगहों पर मादक पदार्थ की तस्करी होने की सूचना थी, इसके लिए एटीएस ने टीमें बनाकर मानसरोवर, हरमाड़ा, विश्वकर्मा थाना इलाके में कार्रवाई की।
विश्वकर्मा में फेल हुई दबिश
विश्वकर्मा थाना इलाके में कार्रवाई को लेकर उन्होंने थाने के पुलिसकर्मियों को जानकारी दी, लेकिन जब वे कार्रवाई करने पहुंचे तो सूचना गलत हो गई। तब मुखबिर ने थाने से सूचना लीक करने वाले की जानकारी दी। इस पर एटीएस ने डीसीपी को आपत्ति दर्ज कराई। मामले की जांच एसीपी को सौंपी गई है।
कांस्टेबल भी और स्पेशल में भी
आरोपी महेंद्र बीट कांस्टेबल ( police constable ) भी है और स्पेशल में भी है। स्पेशल में शामिल पुलिसकर्मी सादा वर्दी में छोटे-मोटे बदमाशों के साथ रहकर उनके गिरोह की जानकारी जुटाते हैं और फिर थाना पुलिस के जरिए कार्रवाई कराते हैं। लेकिन कई दफा फायदे के फेर में कुछ सिपाही लालच में आकर पुलिस से ही गद्दारी कर जाते हैं।
यह खबरें भी पढ़ें...