
Rajasthan Petrol-Diesel Crisis : जयपुर शहर में पेट्रोल-डीजल की किल्लत की अफवाहों के बीच खाद्य विभाग के प्रमुख सचिव अंबरीश कुमार ने शुक्रवार को एमआइ रोड और टोंक रोड पर तीन तेल कंपनियों के 6 पेट्रोल पंपों का निरीक्षण किया। उन्होंने स्टॉक रजिस्टर जांचने के साथ ही विधिक माप विज्ञान प्रकोष्ठ के अधिकारियों से ईंधन की मात्रा की नाप-जोख भी करवाई, जो सही मिली। टोंक रोड पर वाहन चालकों से संवाद करते हुए प्रमुख सचिव ने कहा कि जयपुर और प्रदेश में पेट्रोल-डीजल की कोई कमी नहीं है, इसलिए आमजन किसी भी तरह की अफवाह पर ध्यान न दें। हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड ने भी शुक्रवार को कहा था कि राजस्थान, विशेषकर जयपुर में ईंधन आपूर्ति पूरी तरह सामान्य है।
खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति सचिव अम्बरीष कुमार ने तीनों तेल कंपनियों, आइओसीएल, बीपीसीएल, एचपीसीएल के पेट्रोल पंपों पर पेट्रोल, डीजल और सीएनजी की उपलब्धता की जांच की गई। साथ ही पेट्रोल पंप्स पर ईंधन सही मात्रा में नोजल से दिया जा रही है, इसकी भी विस्तृत जांच विधिक माप विज्ञान अधिकारी के मार्फ़त की गई।
निरीक्षण के दौरान खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति सचिव अम्बरीष कुमार ने विभिन्न पेट्रोल पंप संचालकों एवं स्टाफ सदस्यों से बातचीत कर स्टॉक एवं आपूर्ति व्यवस्था की जानकारी प्राप्त की। उन्होंने मौके पर मौजूद उपभोक्ताओं से भी संवाद किया तथा व्यवस्थाओं का अवलोकन किया। निरीक्षण में पाया गया कि किसी भी पेट्रोल पंप पर पेट्रोल, डीजल और सीएनजी की कोई कमी नहीं है बल्कि तेल का विक्रय 20 से 25 प्रतिशत तक बढ़ा है।
आमजन को अपने चार-पहिया एवं दो-पहिया वाहनों के लिए पर्याप्त मात्रा में ईंधन उपलब्ध हो रहा है। पेट्रोल पंप नोजल की जांच में पाया गया कि पाँच लीटर तेल की मात्रा में अन्तर 10 मिलिलीटर से कम था कि जो कि एक सामान्य माप तौल में होने वाला फ़र्क़ है।
अम्बरीष कुमार ने कहा कि राज्य में पेट्रोल एवं डीजल का पर्याप्त भंडार उपलब्ध है और कहीं भी किसी प्रकार की कमी की स्थिति नहीं है। उन्होंने आमजन से अपील की कि वे किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न दें तथा घबराकर अनावश्यक खरीदारी अथवा संग्रहण से बचें।
उन्होंने कहा कि राज्य में ईंधन की आपूर्ति पूरी तरह सामान्य एवं सुचारु बनी हुई है। विभाग द्वारा लगातार निगरानी रखी जा रही है ताकि आम उपभोक्ताओं को किसी प्रकार की असुविधा का सामना नहीं करना पड़े।