
Jaisalmer Mohangarh Bomb Blast: मोहनगढ़ (जैसलमेर): जैसलमेर जिले में मोहनगढ़ क्षेत्र के 3 केएनएम में गुरुवार को तुलसाराम के खेत में दोपहर करीब एक बजे बम गिरने से जोरदार धमाका हो गया। धमाके की आवाज से पूरा क्षेत्र गूंज उठा। घटना के समय किसान खेत में काम कर रहा था। धमाके की आवाज सुनकर किसान सहम गया। गनीमत रही कि हादसे में कोई जनहानि नहीं हुई। बता दें कि चांधन फील्ड फायरिंग रेंज मोहनगढ़ के नजदीक ही स्थित है।
प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, चांधन फील्ड फायरिंग रेंज में परीक्षण के दौरान निशाना चूकने से बम खेत में गिरने की आशंका जताई जा रही है। हालांकि, घटना के वास्तविक कारणों की आधिकारिक पुष्टि होना बाकी है। घटना की सूचना मिलते ही मोहनगढ़ पुलिस मौके पर पहुंची और संबंधित अधिकारियों को फोन कर घटनाक्रम की जानकारी दी। क्षेत्र में इससे पहले भी बम गिरने की घटनाएं सामने आने की बात कही जा रही है।
खेत में बम गिरने की घटना ने नहरी क्षेत्र में खेती-किसानी करने वाले किसानों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। खेतों में किसान और कृषि श्रमिक काम करते हैं। ऐसे में फील्ड फायरिंग रेंज में परीक्षण के दौरान इस तरह की घटना होना चिंता का विषय है।
किसान ने बताया कि वह खेत में ट्रैक्टर से तुलाई का काम कर रहा था। जिस जगह वह काम कर रहा था, वहां से करीब 100 से 150 मीटर की दूरी पर उसका मोबाइल फोन रखा हुआ था। वह मोबाइल ढूंढने के लिए जा रहा था, तभी उसके भाई ने बताया कि भतीजे ने फोन करके मोबाइल पर कॉल करने की बात कही है। इसके बाद वह वापस लौट गया। कुछ देर बाद अचानक जोरदार धमाका हुआ।
उसे लगा कि मोबाइल बंद क्यों हो गया है। उसने सोचा कि अब जो होगा, देखा जाएगा। इसके बाद उसने अपने भतीजे से कहा कि ट्रैक्टर लेकर घर चलते हैं, ताकि बच्चों को डर न लगे। वह बच्चों को लेकर कुछ दूर चला गया और बाद में घटनास्थल पर वापस लौटा। किसान ने बताया कि उसने बम को गिरते हुए नहीं देखा, लेकिन वहां अचानक तेज और जोरदार धमाका हुआ था।
वहीं, एक ग्रामीण ने बताया कि सीमा पार से बार-बार इस तरह के बम आने की घटनाएं हो रही हैं। उन्होंने सरकार से इस समस्या का स्थायी समाधान करने की मांग की। ग्रामीण ने कहा कि वे देश और सेना को सर्वोपरि मानते हैं, लेकिन सेना के क्षेत्र के आसपास गांव, घर और खेत भी हैं।
ग्रामीणों को अपने परिवार का पालन-पोषण करने के लिए खेतों में काम करना पड़ता है। ऐसे में बार-बार बम गिरने की घटनाओं से उनकी सुरक्षा को लेकर चिंता बनी रहती है। उन्होंने सरकार से आग्रह किया कि इस समस्या का समाधान किया जाए, ताकि ग्रामीण बिना किसी डर के अपने खेतों में काम कर सकें।