
Jhunjhunu Gang War : झुंझुनूं के नवलगढ़ के खिरोड़ ग्राम पंचायत की कैमरी की ढाणी में शुक्रवार सुबह जमीनी विवाद को लेकर दो आपराधिक गैंग आमने-सामने आ गए। ताबड़तोड़ फायरिंग और मारपीट में एक हिस्ट्रीशीटर समेत दो बदमाशों की मौत हो गई, जबकि दो बदमाश घायल हुए। गैंगवार भादवासी में करोड़ों रुपए की बेशकीमती जमीन को लेकर चल रहे विवाद के चलते हुई। भादवासी निवासी श्रवण भादवासी व हिस्ट्रीशीटर रविंद्र कटेवा के बीच भादवासी में जमीन को लेकर आपसी रंजिश चल रही थी।
श्रवण भादवासी ने चारों बदमाशों को सुपारी देकर रविंद्र कटेवा की हत्या करने के लिए भेजा था। भादवासी में बेशकीमती जमीन को लेकर पहले भी दोनों पक्षों में झगड़े और हमले हो चुके हैं। इसी रंजिश ने शुक्रवार को गैंगवार का रूप ले लिया, जिसमें दोनों गैंग के एक-एक सदस्य की जान चली गई। पुलिस के अनुसार शुक्रवार सुबह करीब साढ़े 9 बजे कार में सवार चार बदमाश हिस्ट्रीशीटर रविंद्र कटेवा पर फायरिंग करने पहुंचे थे।
हमले में रविंद्र कटेवा बच गया। लेकिन उसके साथी सुनील सुंडा को गोली लग गई, जिसे गंभीर हालत में सीकर के एसके अस्पताल ले जाया गया। जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। हमलावरों का मकसद आरके-0056 ग्रुप के सरगना रविंद्र कटेवा को ठिकाने लगाना था। फायरिंग के बाद घटनास्थल से भाग रहे बदमाशों में शामिल हिस्ट्रीशीटर कृष्णकांत उर्फ गोलू स्वामी को करीब दो किमी दूर एक खेत में रविंद्र कटेवा गैंग के सदस्यों ने घेर लिया। वहां हुई झड़प में गोलू स्वामी को गोली मार दी गई। गोली दाहिनी कनपटी से प्रवेश कर बाईं ओर से निकल गई, जिससे मौके पर ही उसकी मौत हो गई।
पुलिस को घटनास्थल से पिस्टल, शव से करीब 10 फीट दूर मिली। वारदात के दौरान दो बदमाशों को ग्रामीणों और कटेवा गैंग के लोगों ने पकड़कर जमकर पीटा, जिन्हें बाद में पुलिस उपचार के लिए एसके अस्पताल अस्पताल लेकर गई। जहां से दोनों को जयपुर रैफर कर दिया गया। जहां पर उनका इलाज चल रहा है।
पुलिस ने अब तक श्रवण भादवासी गैंग के पांच और रविंद्र कटेवा सहित पांच सदस्यों को हिरासत में ले लिया है। पुलिस गहन पूछताछ कर रही है। अन्य आरोपियों की तलाश जारी है। शुक्रवार देर रात आईजी जयपुर रेंज ने नवलगढ़ के गोठड़ा थाने पहुंचकर घटनाक्रम की जानकारी ली, जबकि शनिवार को एसपी बृजेश उपाध्याय व एएसपी देवेंद्र सिंह राजावत मौके पर जांच-पड़ताल में जुटे रहे।
चौथा आरोपी सीकर के सिंहासन निवासी नंदू फौजी मौके से फरार हो गया। नंदू फौजी के खिलाफ दादिया थाना क्षेत्र में पहले से कई आपराधिक मामले दर्ज हैं। उसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमें लगातार दबिश दे रही हैं।
मृतक गोलू स्वामी के पिता ने बताया कि उनका बेटा पिछले चार-पांच वर्षों से परिवार के संपर्क में नहीं था। उन्होंने हिस्ट्रीशीटर रविंद्र कटेवा और उसके गैंग के सदस्यों के खिलाफ गोठड़ा पुलिस थाने में हत्या का मामला दर्ज कराया है। वहीं, सुनील सुंडा के परिजनों ने श्रवण भादवासी और उसके गुर्गों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कराया है।
इधर, कृष्णकांत उर्फ गोलू स्वामी के शव का पोस्टमार्टम नवलगढ़ के राजकीय जिला अस्पताल में मेडिकल बोर्ड से कराया गया। पोस्टमार्टम के बाद शव उसके पिता प्रहलादराय स्वामी और छोटे भाई संदीप को सौंप दिया गया। सुनील सुंडा का पोस्टमार्टम शुक्रवार को सीकर के एसके अस्पताल में कर शव सौंप दिया था। शनिवार को दोनों का अंतिम संस्कार कर दिया गया।
श्रवण भादवासी व रविंद्र कटेवा के बीच जमीन को लेकर विवाद चल रहा है। रविंद्र ने श्रवण भादवासी के लोगों की पिटाई की थी। जिसका दादिया थाने में मुकदमा दर्ज हुआ था। इसका बदला लेने के लिए श्रवण ने चार बदमाशों को सुपारी देकर रविंद्र कटेवा को मारने के लिए भेजा। श्रवण भदवासी की गैंग व रविंद्र कटेवा व उनकी गैंग के सदस्यों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। दोनों गैंग के कई आरोपियों को राउंडअप कर पूछताछ की जा रही है।
अन्य आरोपियों की तलाश की जा रही है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि कृष्णकांत का पीछा कर रहे बदमाशों ने ही मर्डर किया है। हालांकि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आनी बाकी है। भागने वाले बदमाश की पहचान नंदू फौजी निवासी सिंहासन की तलाश की जा रही है।
बृजेश ज्योति उपाध्याय, एसपी झुंझुनूं