
India Post Franchise Scheme 2026: जोधपुर: डाक विभाग ई-कॉमर्स और पार्सल के बाजार में अपनी पकड़ मजबूत करने के लिए 'न्यू फ्रेंचाइजी स्कीम 2.0' शुरू करने की तैयारी कर रहा है। इस योजना के तहत अब छोटे दुकानदार जैसे किराना स्टोर, पान की दुकान और स्टेशनरी शॉप चलाने वाले लोग भी डाक विभाग की फ्रेंचाइजी ले सकेंगे। इसके जरिए वे स्पीड पोस्ट, पार्सल बुकिंग, डिलीवरी और पिकअप जैसी सुविधाएं दे सकेंगे। बड़ी कंपनियों और लॉजिस्टिक्स फर्मों को भी इसके जरिए अपना नेटवर्क बढ़ाने का मौका मिलेगा।
इस पूरी व्यवस्था को आधुनिक तकनीक (APT 2.0) से जोड़ा गया है, जिससे बुकिंग, पेमेंट और निगरानी का सारा काम डिजिटल तरीके से होगा। फ्रेंचाइजी पार्टनर स्पीड पोस्ट, घरेलू पार्सल और अंतरराष्ट्रीय पार्सल की बुकिंग कर सकेंगे।
व्यक्तिगत फ्रेंचाइजी लेने के लिए कम से कम 12वीं पास होना जरूरी है। हालांकि, अगर कोई सिर्फ डिलीवरी का काम करना चाहता है, तो 10वीं पास होना ही काफी है। बुकिंग के काम के लिए कम से कम 50 वर्गफीट की व्यावसायिक जगह होनी चाहिए। दुकान पर कंप्यूटर या स्मार्टफोन, इंटरनेट, बारकोड स्कैनर और वजन तोलने वाली मशीन होना आवश्यक है।
योजना में शामिल होने के लिए 5,000 से 15,000 रुपये तक की सुरक्षा राशि (सिक्योरिटी डिपॉजिट) जमा करनी होगी। शुरुआत में यह अनुबंध (कॉन्ट्रैक्ट) 3 साल का होगा, जिसे अच्छा काम देखकर आगे बढ़ाया जा सकता है।
फ्रेंचाइजी लेने वाले लोगों को ग्राहकों के घर जाकर पार्सल पिकअप करने होंगे, स्पीड पोस्ट बुक करने होंगे और उन्हें समय से डाक विभाग के नजदीकी मुख्य ऑफिस में जमा कराना होगा। डिलीवरी के लिए खुद के वाहन (गाड़ी) का इस्तेमाल करना होगा और कोशिश यही करनी होगी कि पार्सल उसी दिन डिलीवर हो जाए।
सीओडी (COD) से मिलने वाले पैसे को भी तय समय में विभाग के पास जमा कराना होगा। सारा काम डाक विभाग के मोबाइल ऐप और पोर्टल के जरिए ऑनलाइन होगा, और ग्राहकों को रसीद देना अनिवार्य होगा। ध्यान रहे कि किसी भी प्रतिबंधित (गैर-कानूनी या मना की गई) वस्तु की बुकिंग नहीं की जा सकेगी।