राजफेड द्वारा लहसुन खरीद की ऑन लाइन टोकन व्यवस्था में खामी.
कोटा . राजफेड द्वारा लहसुन खरीद की ऑन लाइन टोकन व्यवस्था के तहत किसानों को भेजे जा रहे मोबाइल मैसेज व्यवस्था में गड़बड़ी के चलते पूर्व में पंजीयन कराने वाले कई किसानों का लहसुन धरा रहा गया।
जबकि हाल ही में जिन किसानों ने पंजीयन कराया, उनका लहुसन खरीद लिया गया। किसानों ने इसकी शिकायत राजफेड अधिकारियों से की है। बाजार हस्तक्षेप योजना के तहत हाड़ौती में हो रही लहसुन की खरीद में राजफेड द्वारा किसानों का लहसुन मोबाइल पर मैसेज भेजकर खरीदा जा रहा है।
जिन किसानों ने योजना के तहत खरीद केंद्रों पर लहसुन बेचने के लिए एक माह पूर्व पंजीयन कराया था। वह किसान लहसुन तुलवाने के मैसेज के इंतजार में बैठे हैं। वहीं जिन किसानों ने हाल ही में लहसुन तुलवाने के लिए पंजीयन कराया, उनके मोबाइल पर लहसुन तुलवाने के मैसेज आ गए। ऐसे में वह किसान खरीद केंद्र पहुंच कर लहसुन तुलवा गए।
सुल्तानपुर क्षेत्र के धनवां निवासी किसान राकेश मीणा ने बताया कि उन्होंने 25 अप्रेल को लहसुन तुलवाई के लिए टोकन कटवाया था। इसके लिए लहसुन की कटाई भी कर ली, लेकिन अभी तक मैसेज नहीं आया।
लहसुन खराब होता जा रहा है। इधर भाजपा किसान मोर्चा के प्रदेश मंत्री मुकुट नागर, शहर जिला अध्यक्ष राकेश चौहान, उपाध्यक्ष हुसैन देशवाली ने बताया कि कई किसान एक माह से मैसेज के इंतजार में बैठे है।
इनका लहसुन भी तुलना चाहिए था। व्यवस्था में खामियों का किसान खामियाजा क्यों भुगतें। मामले को लेकर कोटा क्रय विक्रय सहकारी समिति की एम डी बीना बैरवा को अवगत कराया है। साथ ही राजफेड एम डी वीना प्रधान को फोन पर अवगत कराया। उन्होंने समस्या समाधान का आश्वासन दिया।
Read more:सरकारी सिस्टम की बलि चढ़ी एक और जान
कोटा राजफेड क्षेत्रीय अधिकारी नरेश शुक्ला ने कहा की तुलाई मैसेज में गड़बड़ी जयपुर सर्वर से हो रही है। इस बारे में जयपुर उच्च अधिकारियों को अवगत करवा दिया है।