कोटा

राजस्थान के 35 राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय बनेंगे उच्च माध्यमिक, 2026-27 से प्रभावी होंगे क्रमोन्नति सत्र, आदेश जारी

राजस्थान सरकार ने बजट घोषणा की पालना में 35 राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालयों को उच्च माध्यमिक विद्यालय में क्रमोन्नत करने की स्वीकृति दी है। इनमें कोटा जिले के पांच स्कूल शामिल हैं और क्रमोन्नति सत्र 2026-27 से प्रभावी होगी।
2 min read
Aug 08, 2026
rajasthan budget for school
स्कूल के बच्चे और CM भजनलाल का फोटो: पत्रिका

35 Rajasthan Schools Will Upgraded: राजस्थान सरकार ने बजट घोषणा की पालना में प्रदेश के 35 राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालयों को सीधे राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय में क्रमोन्नत करने की स्वीकृति जारी कर दी है। इसमें कोटा जिले के पांच विद्यालय भी शामिल हैं। माध्यमिक शिक्षा निदेशालय बीकानेर की ओर से जारी आदेश के अनुसार ये क्रमोन्नति सत्र 2026-27 से प्रभावी होगी। क्रमोन्नत किए गए विद्यालयों में कक्षा 9वीं और 10वीं की पढ़ाई एक साथ शुरू की जाएगी। इसके बाद आगामी सत्रों में कक्षा 11वीं और 12वीं भी प्रारंभ की जा सकेगी। विद्यालयों को माध्यमिक शिक्षा बोर्ड राजस्थान, अजमेर से मान्यता प्रक्रिया पूरी करनी होगी। इस फैसले से विद्यार्थियों को स्थानीय स्तर पर ही आगे की पढ़ाई का विकल्प मिलेगा और अभिभावकों को भी राहत मिलने की उम्मीद है।

कोटा के ये स्कूल क्रमोन्नत

कोटा जिले के इटावा ब्लॉक के राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय सुमेरपुरा (पंचायत समिति इटावा), खैराबाद ब्लॉक के धायपुरा, ढकिया और डिंगसी व लाडपुरा ब्लॉक का पांचनकुंई विद्यालयों को उच्च माध्यमिक स्तर पर क्रमोन्नत किया गया है। इन विद्यालयों के उच्च माध्यमिक बनने से आसपास के गांवों के विद्यार्थियों को 10वीं के बाद पढ़ाई के लिए दूर नहीं जाना पड़ेगा। इससे ग्रामीण क्षेत्र में माध्यमिक और उच्च माध्यमिक शिक्षा की पहुंच मजबूत होगी। खासकर छात्राओं को स्थानीय स्तर पर शिक्षा जारी रखने में सुविधा मिलने की संभावना है। इससे विद्यालयों में विद्यार्थियों की संख्या बढ़ने और ग्रामीण क्षेत्रों में शैक्षणिक सुविधाओं के विस्तार की उम्मीद भी है।

स्टाफिंग पैटर्न से लेंगे शिक्षक

आदेश में बताया गया कि क्रमोन्नत विद्यालयों में भवन व्यवस्था समग्र शिक्षा अभियान, नाबार्ड, एमपीएलएडी, एमएलएएलएडी सहित अन्य मदों से की जाएगी। साथ ही विद्यालयों के नाम, ग्राम पंचायत, पंचायत समिति, जिला और यू-डाइस कोड की जांच के बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी। क्रमोन्नति के बाद इन विद्यालयों में स्टाफिंग पैटर्न के अनुसार शिक्षकों की व्यवस्था की जाएगी। प्रथम वर्ष में केवल ऐच्छिक विषयों के व्याख्याता पद स्वीकृत होंगे, जबकि अनिवार्य विषयों के लिए वरिष्ठ अध्यापकों की सेवाएं ली जाएंगी।

यहां भी क्रमोन्नत किए स्कूल

अजमेर में 2, बालोतरा 1, बाड़मेर 2, ब्यावर 2, भीलवाड़ा 5, चूरू 1, श्रीगंगानगर 1, जयपुर के चाकसू 1, जैसलमेर 4, जालोर 1, झालावाड़ 2, जोधपुर 2, राजसमंद 1, सवाईमाधोपुर 1, सलूम्बर 2, सिरोही 1, उदयपुर जिले में 1 स्कूल को क्रमोन्नत किया।

Updated on:
08 Aug 2026 07:34 am
Published on:
08 Aug 2026 07:33 am