
Indian Railway रेलवे ट्रेनों में एक नई व्यवस्था शुरू करने जा रहा है। ट्रेनों में अब खाने-पीने की वस्तुएं के लिए पैसे नहीं देने पड़ेंगे। चौंके नहीं, इसका मतलब है कि, रेलवे कैश का झंझट खत्म करने जा रहा है। अब ट्रेनों में खाने-पीने की वस्तुएं बेचने वाले कैश नहीं डिजिटल पेमेंट लेंगे। लखनऊ से नई दिल्ली डबल डेकर, अमरनाथ और कुशीनगर एक्सप्रेस जैसी ट्रेनों में खानपान सेवा देने वाली कंपनी को डिजिटल भुगतान लिए तैयार किया जा रहा है। उद्देश्य है कि यात्रियों से अधिक पैसे डिजिटल के माध्यम से लिए जाएं। हालांकि, इसके अलावा यात्रियों के पास नगद भुगतान का विकल्प पहले की तरह बना रहेगा। दरअसल, मोदी सरकार डिजिटल को लेकर लगातार प्रयासरत है। रेलवे ऐसी व्यवस्था शुरू करने से यात्रियों को अपने पास अधिक पैसे रखने के झंझट से छुटकारा मिल जाएगा।
लखनऊ मेरठ सिटी एक्सप्रेस ट्रेन निरस्त जानें कब
अपरिहार्य कारणों से रेलवे प्रशासन ने तेरह जून को चलने वाली लखनऊ मेरठ सिटी एक्सप्रेस ट्रेन को निरस्त कर दिया गया है। वहीं वापसी में मेरठ सिटी से 14 जून को मेरठ सिटी लखनऊ जंक्शन एक्सप्रेस निरस्त रहेगी। यह जानकारी पूर्वोत्तर रेलवे के सीपीआरओ पीके सिंह ने दी है।
शिकायत सही मिली तो सख्त कार्रवाई
ट्रेनों में सफर के दौरान यात्री परेशान हैं। और लगातार शिकायत कर रहे हैं। जिस पर आइआरसीटीसी ने वेंडरों को तलब किया। और यात्रियों की शिकायतों को शेयर किया। रेल सफर में पैंट्री कारों या फिर वेंडरों से रेल नीर 15 के बजाए 20 रुपए में बेचते हुए ओवरचार्जिंग की शिकायतें आई है। यात्रियों ने वैशाली एक्सप्रेस में खाने की प्लेट के साथ नैपकिन न होना, खाने की प्लेट दो जगह से क्रेक होना आदि शिकायतें की। वहीं पैंट्रीकार संचालकों ने सफाई में कहा कि, ऐसे मामले इक्का-दुक्का हो सकते हैं। ओवरचार्जिंग में ज्यादातर अवैध वेंडर करते है। मुख्य क्षेत्रीय प्रबंधक अजीत कुमार सिन्हा ने ओवरचार्जिंग की शिकायतों पर जांच में सही पाए जाने पर सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए।