लखनऊ

आतंकियों पर कार्रवाई को लेकर राजनीति शुरू, सपा-बसपा ने उठाये सवाल, बीजेपी ने कहा- दुर्भाग्यपूर्ण

11 जुलाई को राजधानी लखनऊ के काकोरी थाना क्षेत्र से अलकायदा के दो आतंकियों को गिरफ्तार किया गया था
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Jul 13, 2021
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आतंकियों पर कार्रवाई को लेकर राजनीति शुरू, सपा-बसपा ने उठाये सवाल, बीजेपी ने कहा- दुर्भाग्यपूर्ण

पत्रिका न्यूज नेटवर्क
लखनऊ. राजधानी लखनऊ के काकोरी थाना क्षेत्र से 11 जुलाई को यूपी एटीएस ने दो आतंकियों को गिरफ्तार कर अलकायदा के मॉड्यूल का खुलासा किया था। इसके बाद से लखनऊ, कानपुर सहित पूरे यूपी में एटीएस आतंकियों और उनके मददगारों को तलाश रही है। सोमवार को सिर्फ कानुपर शहर में ही 250 जगह बैरियर लगाकर सर्च ऑपरेशन चलाया गया। आतंकियों के पकड़े जाने के बाद राजनीतिक गलियारों में भी सियासत तेज हो गई है। समाजवादी पार्टी और बहुजन समाज पार्टी ने सवाल उठाते हुए पूछा कि चुनाव के दौरान ही इस तरह के खुलासे क्यों होते हैं? भाजपा ने कहाकि विपक्षी दल तुष्टीकरण की घिनौनी राजनीति कर रहे हैं।

समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव का एक बयान वायरल हो रहा है, जिसमें कहते दिख रहे हैं कि उन्हें यूपी पुलिस पर भरोसा नहीं है। भाजपा की सरकार पर तो कतई भरोसा नहीं कर सकते हैं। वहीं, सपा के नेताओं का आरोप है कि अखिलेश की छवि खराब करने के लिए एडिटेड वीडियो क्लिप लोगों के बीच शेयर की जा रही है। सपा अध्यक्ष ने का बयान उस समय आया था जब किसी की भी गिरफ्तारी नहीं हुई थी। यह भी नहीं पता था कि ये आतंकी अल कायदा से जुड़े थे।

बसपा सुप्रीमो मायावती ने ट्वीट करते हुए कहा कि लखनऊ में गिरफ्तार दो लोगों के तार अलकायदा से जुड़े होने का दावा अगर सही है तो यह गंभीर मामला है और उचित कार्रवाई होनी चाहिए। लेकिन, इसकी आड़ में कोई राजनीति नहीं होनी चाहिए जिसकी आशंका व्यक्त की जा रही है। चुनाव के करीब आने पर ही इस प्रकार की कार्रवाई लोगों के मन में संदेह पैदा करती है। अगर इस कार्रवाई के पीछे सच्चाई है तो पुलिस इतने दिनों तक क्यों बेखबर रही? यह वह सवाल है जो लोग पूछ रहे हैं। अतः सरकार ऐसी कोई कार्रवाई न करे जिससे जनता में बेचैनी और बढ़े।

आतंकियों के पक्ष में बोलना दुर्भाग्यपूर्ण : भाजपा
कैबिनेट मंत्री व राज्य सरकार के प्रवक्ता सिद्धार्थनाथ सिंह ने कहा कि यह दुर्भाग्य की बात है कि संविधान की शपथ लेकर मुख्यमंत्री रहे अखिलेश यादव आतंकियों को पकड़ने वाली यूपी सरकार व एटीएस का मनोबल गिराने का काम कर रहे हैं। वहीं, मायावती आज गिरफ्तारी पर सवाल उठा रही हैं जब उनकी सरकार में ऐसा हुआ था तो भाजपा ने विपक्ष में रहते हुए भी तारीफ की थी। बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष स्वतंत्र देव सिंह ने कहा कि आतंकियों का समर्थन विपक्ष का अधिकारिक एजेंडा है। यूपी के विधि एवं न्याय मंत्री ब्रजेश पाठक ने कहा कि राजनीतिक दलों का आतंकियों के पक्ष में बोलना दुर्भाग्यपूर्ण है।

चुनाव नहीं राष्ट्रीय सुरक्षा का मुद्दा : एडीजी कानून-व्यवस्था
विपक्षी दलों के आरोप पर एडीजी (कानून-व्यवस्था) ने कहा कि सियासत पर मेरा कुछ भी बोलना उचित नहीं है। आतंकियों की गिरफ्तारी राष्ट्रीय सुरक्षा का मुद्दा है। चुनाव का नहीं। इसमें जो भी अभियोग पंजीकृत हुए हैं, उसमें बहुत सारी गंभीर धाराएं हैं जो देश की सुरक्षा से जुड़ी हुई हैं। हम‌ इसको न्यायालय के समक्ष रखेंगे और चीजें उसके हिसाब से ही होंगी। गिरफ्तार आतंकियों के परिजनों के आरोप पर कानून-व्यवस्था एडीजी ने कहा कि हमने दो लोगों को गिरफ्तार किया गया था। एक के पास एक पिस्टल, प्रेशर कुकर के रूप में मौजूद रेडीमेड आईडी को डिफ्यूज किया गया। दूसरे के यहां कुछ विस्फोटक सामग्री और एक कुकर मिला है। ये सब जब्त किया गया है। बतौर साक्ष्य इन सभी को कोर्ट में पेश किया जाएगा। गौरतलब है कि गिरफ्तार आतंकियों के परिजनों का कहना था कि पुलिस उनके घर से ही प्रेशर कुकर उठा ले गई जो नॉर्मल थे।

Published on:
13 Jul 2021 05:25 pm