
Lucknow Gears Up for UPTET 2026: 76,000 Candidates to Appear Across 46 Exam Centres: उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) को शांतिपूर्ण, निष्पक्ष और पारदर्शी ढंग से संपन्न कराने के लिए राजधानी लखनऊ में प्रशासन ने व्यापक तैयारियां पूरी कर ली हैं। परीक्षा शुरू होने से पहले जिला प्रशासन और पुलिस अधिकारियों ने विभिन्न परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। इस दौरान ज़िला मजिस्ट्रेट विशाख जी. अय्यर और संयुक्त पुलिस आयुक्त ने परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा, निगरानी और अभ्यर्थियों की सुविधाओं से जुड़ी व्यवस्थाओं का बारीकी से निरीक्षण किया।
ज़िला मजिस्ट्रेट विशाख जी. अय्यर ने बताया कि उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा 2, 3 और 4 जुलाई को आयोजित की जाएगी। राजधानी लखनऊ में इसके लिए कुल 46 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। तीनों दिनों में कुल लगभग 76 हजार अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल होंगे। उन्होंने कहा कि परीक्षा आयोग के सभी दिशा-निर्देशों का पालन करते हुए प्रत्येक केंद्र पर आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित कर दी गई हैं, ताकि परीक्षा पूरी तरह निष्पक्ष और व्यवस्थित तरीके से संपन्न हो सके।
जिला प्रशासन ने परीक्षा की संवेदनशीलता को देखते हुए सभी परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए हैं। प्रत्येक केंद्र पर पुलिस बल की तैनाती की गई है, जबकि प्रवेश द्वार पर अभ्यर्थियों की सघन जांच की जाएगी। परीक्षा केंद्रों के भीतर और बाहर संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने के लिए पर्याप्त संख्या में सुरक्षाकर्मी मौजूद रहेंगे।
प्रशासन का कहना है कि परीक्षा के दौरान किसी भी प्रकार की गड़बड़ी, नकल या अव्यवस्था को रोकने के लिए व्यापक निगरानी की व्यवस्था की गई है। सभी संबंधित अधिकारियों को सतर्क रहने और परीक्षा को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के निर्देश दिए गए हैं।
परीक्षा की पारदर्शिता बनाए रखने के लिए सभी परीक्षा केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। इन कैमरों के माध्यम से परीक्षा केंद्रों की प्रत्येक गतिविधि पर लगातार नजर रखी जाएगी। कंट्रोल रूम से भी परीक्षा की निगरानी की जाएगी ताकि किसी भी प्रकार की अनियमितता होने पर तुरंत कार्रवाई की जा सके। जिला प्रशासन का मानना है कि आधुनिक तकनीक के उपयोग से परीक्षा प्रणाली को और अधिक पारदर्शी बनाया जा सकता है। इसी उद्देश्य से सभी केंद्रों पर डिजिटल निगरानी व्यवस्था लागू की गई है।
ज़िला मजिस्ट्रेट ने बताया कि लखनऊ में आयोजित होने वाली परीक्षा में केवल राजधानी ही नहीं, बल्कि उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों के साथ-साथ अन्य राज्यों से भी बड़ी संख्या में अभ्यर्थी शामिल होंगे। इसे देखते हुए प्रशासन ने उनके आवागमन और ठहरने की विशेष व्यवस्था की है। परिवहन विभाग, नगर निगम और अन्य संबंधित विभागों के साथ समन्वय स्थापित कर अभ्यर्थियों को किसी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए आवश्यक कदम उठाए गए हैं। रेलवे स्टेशन, बस अड्डों और प्रमुख मार्गों पर भी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गई हैं।
दूर-दराज से आने वाले अभ्यर्थियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने रैन बसेरों की पर्याप्त व्यवस्था की है। जिन अभ्यर्थियों को परीक्षा से पहले या बाद में ठहरने की आवश्यकता होगी, उनके लिए निर्धारित स्थानों पर सुविधाएं उपलब्ध रहेंगी।इसके अलावा शहर में सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को भी मजबूत किया गया है। बसों और अन्य यातायात साधनों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए संबंधित विभागों को आवश्यक निर्देश दिए गए हैं, ताकि परीक्षा केंद्रों तक पहुंचने में किसी भी अभ्यर्थी को कठिनाई न हो।
ज़िला मजिस्ट्रेट ने स्पष्ट कहा कि परीक्षा की निष्पक्षता और पारदर्शिता प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। परीक्षा आयोग द्वारा जारी सभी दिशा-निर्देशों का पूरी तरह पालन किया जाएगा। यदि कोई व्यक्ति नकल, फर्जीवाड़े या परीक्षा में बाधा डालने का प्रयास करता है, तो उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने अभ्यर्थियों से भी अपील की कि वे समय से पहले परीक्षा केंद्र पर पहुंचे, अपने प्रवेश पत्र और आवश्यक पहचान पत्र साथ रखें तथा सभी नियमों का पालन करें। इससे परीक्षा प्रक्रिया सुचारू रूप से संचालित हो सकेगी।
परीक्षा शुरू होने से पहले राजधानी के कई परीक्षा केंद्रों पर तैयारियां अंतिम चरण में दिखाई दीं। विद्यालय परिसरों की साफ-सफाई, बैठने की व्यवस्था, पेयजल, बिजली, शौचालय और अन्य मूलभूत सुविधाओं का भी अधिकारियों ने निरीक्षण किया। प्रशासन ने यह सुनिश्चित किया है कि किसी भी केंद्र पर अभ्यर्थियों को बुनियादी सुविधाओं की कमी का सामना न करना पड़े। परीक्षा को लेकर जिला प्रशासन, पुलिस विभाग और अन्य संबंधित एजेंसियों के बीच लगातार समन्वय बनाया गया है, ताकि किसी भी आपात स्थिति से प्रभावी ढंग से निपटा जा सके।
उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा लाखों युवाओं के भविष्य से जुड़ी महत्वपूर्ण परीक्षा मानी जाती है। ऐसे में जिला प्रशासन ने यह भरोसा दिलाया है कि सभी अभ्यर्थियों को सुरक्षित, निष्पक्ष और व्यवस्थित वातावरण में परीक्षा देने का अवसर मिलेगा। व्यापक सुरक्षा, सीसीटीवी निगरानी, बेहतर परिवहन व्यवस्था और रैन बसेरों जैसी सुविधाओं के माध्यम से प्रशासन ने यह सुनिश्चित करने का प्रयास किया है कि परीक्षा के दौरान किसी भी अभ्यर्थी को अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े।