
UPODOC Scheme:उत्तर प्रदेश सरकार ने प्रदेश के पारंपरिक और स्थानीय व्यंजनों को राष्ट्रीय तथा अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। इसी उद्देश्य से "एक जनपद-एक व्यंजन" ( ODOC ) योजना का शुभारंभ किया गया है। इस महत्वाकांक्षी योजना के तहत प्रत्येक जिले के विशेष पारंपरिक व्यंजनों को प्रोत्साहित किया जाएगा। हरदोई जिले के लिए प्रसिद्ध लड्डू, लौझड़ और आलू-पूरी को चयनित किया गया है। सरकार की इस पहल से न केवल इन व्यंजनों की पहचान बढ़ेगी, बल्कि उनसे जुड़े कारीगरों, हलवाइयों, खाद्य उत्पादकों और उद्यमियों को भी आर्थिक मजबूती मिलेगी।
हरदोई अपने पारंपरिक खानपान और विशिष्ट व्यंजनों के लिए लंबे समय से प्रसिद्ध रहा है। यहां के लड्डू, लौझड़ और आलू-पूरी न केवल स्थानीय लोगों की पसंद हैं, बल्कि जिले की सांस्कृतिक पहचान का भी महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। अब सरकार की ODOC योजना के माध्यम से इन व्यंजनों को बड़े बाजारों तक पहुंचाने की तैयारी की जा रही है। योजना का उद्देश्य स्थानीय उत्पादों को ब्रांडिंग, पैकेजिंग, मार्केटिंग और निर्यात के लिए तैयार करना है, ताकि वे देश ही नहीं बल्कि विदेशों में भी अपनी अलग पहचान बना सकें।
उपायुक्त (उद्योग) हर्ष प्रताप सिंह ने बताया कि यह योजना पांच जून से प्रदेश भर में लागू कर दी गई है। योजना के अंतर्गत व्यंजन निर्माण और विपणन से जुड़े उद्यमियों को विभिन्न प्रकार की वित्तीय सहायता प्रदान की जाएगी। इसके माध्यम से स्थानीय स्तर पर खाद्य उद्योग को बढ़ावा मिलेगा और रोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे।
उन्होंने बताया कि सरकार का लक्ष्य केवल व्यंजनों का प्रचार-प्रसार करना नहीं है, बल्कि उन्हें एक सशक्त आर्थिक गतिविधि के रूप में विकसित करना भी है। इससे छोटे उद्यमियों और पारंपरिक कारीगरों को अपने कारोबार का विस्तार करने में मदद मिलेगी।
ओडीओसी योजना के तहत लाभार्थियों को उनकी परियोजना लागत के आधार पर मार्जिन मनी सहायता प्रदान की जाएगी। यदि किसी परियोजना की लागत 25 लाख रुपये तक है तो उसे 25 प्रतिशत अथवा अधिकतम 6.25 लाख रुपये तक का अनुदान मिलेगा।
इसी प्रकार 25 लाख से 50 लाख रुपये तक की परियोजनाओं पर 20 प्रतिशत अथवा न्यूनतम 6.25 लाख रुपये तक की सहायता दी जाएगी। 50 लाख रुपये से 1.50 करोड़ रुपये तक की परियोजनाओं के लिए 10 प्रतिशत अथवा अधिकतम 10 लाख रुपये तक का अनुदान उपलब्ध होगा। वहीं 1.50 करोड़ रुपये से अधिक की परियोजनाओं पर 10 प्रतिशत की दर से अधिकतम 50 लाख रुपये तक की आर्थिक सहायता प्रदान की जाएगी। सरकार का मानना है कि इस वित्तीय सहयोग से खाद्य प्रसंस्करण और पारंपरिक व्यंजन उद्योग में निवेश को बढ़ावा मिलेगा तथा नए उद्यमियों को कारोबार शुरू करने के लिए प्रोत्साहन मिलेगा।
ODOC (एक जनपद-एक व्यंजन) योजना का लाभ लेने के लिए इच्छुक उद्यमियों, खाद्य उत्पादकों, हलवाइयों और व्यावसायिक इकाइयों को एमएसएमई विभाग के ऑनलाइन पोर्टल पर आवेदन करना होगा।
सबसे पहले आवेदक को एमएसएमई विभाग के पोर्टल पर जाकर अपना पंजीकरण करना होगा। इसके बाद ओडीओसी योजना( ODOC ) के तहत ऑनलाइन आवेदन फॉर्म भरना होगा। आवेदन के साथ आधार कार्ड, निवास प्रमाण पत्र, बैंक खाता विवरण, परियोजना रिपोर्ट, फोटो तथा अन्य आवश्यक दस्तावेज अपलोड करने होंगे। आवेदक की आयु कम से कम 18 वर्ष होनी चाहिए तथा वह उत्तर प्रदेश का निवासी होना चाहिए। साथ ही किसी बैंक या वित्तीय संस्था का डिफाल्टर नहीं होना चाहिए।
ऑनलाइन आवेदन जमा होने के बाद विभाग द्वारा निर्धारित स्कोर कार्ड और पात्रता मानकों के आधार पर जांच की जाएगी। पात्र पाए जाने पर परियोजना लागत के अनुसार मार्जिन मनी अनुदान एवं अन्य वित्तीय सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। उपायुक्त (उद्योग) हर्ष प्रताप सिंह के अनुसार, योजना से संबंधित विस्तृत जानकारी और आवेदन में सहायता के लिए इच्छुक व्यक्ति जिला उद्योग प्रोत्साहन एवं उद्यमिता विकास केंद्र (DIC), हरदोई में कार्यदिवसों पर संपर्क कर सकते हैं।