
Pratapgarh Traffic Diversion: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के प्रस्तावित प्रतापगढ़ भ्रमण कार्यक्रम को देखते हुए जिला प्रशासन और पुलिस ने व्यापक यातायात व्यवस्था लागू की है। आम नागरिकों की सुविधा, सुरक्षा और वीआईपी मूवमेंट को सुचारु बनाए रखने के उद्देश्य से 7 जुलाई 2026 को सुबह 6 बजे से रात 10 बजे तक जनपद में विशेष रूट डायवर्जन व्यवस्था प्रभावी रहेगी। इस दौरान शहर की सीमा में सभी प्रकार के भारी वाहनों के प्रवेश पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। पुलिस प्रशासन ने वाहन चालकों, ट्रांसपोर्ट संचालकों और आम नागरिकों से अपील की है कि वे निर्धारित वैकल्पिक मार्गों का ही उपयोग करें और यातायात व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करें।
मुख्यमंत्री के आगमन को देखते हुए जिला प्रशासन ने सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को लेकर व्यापक तैयारियां पूरी कर ली हैं। पुलिस अधीक्षक दीपक भूकर के निर्देशन में रूट डायवर्जन योजना तैयार की गई है, ताकि मुख्यमंत्री के काफिले के आवागमन के दौरान किसी प्रकार की यातायात बाधा उत्पन्न न हो। प्रशासन का कहना है कि इस व्यवस्था का उद्देश्य आम जनता को कम से कम असुविधा पहुंचाते हुए यातायात को व्यवस्थित रखना है।
जारी आदेश के अनुसार 7 जुलाई को प्रातः 6 बजे से रात्रि 10 बजे तक डायवर्जन व्यवस्था प्रभावी रहेगी। इस अवधि में शहर के भीतर किसी भी प्रकार के भारी वाहन को प्रवेश की अनुमति नहीं होगी। हालांकि आवश्यक सेवाओं से जुड़े वाहनों को इस प्रतिबंध से छूट दी गई है। प्रशासन का मानना है कि निर्धारित समय के दौरान यातायात का दबाव अधिक रहेगा, इसलिए पहले से तय वैकल्पिक मार्गों का पालन करना आवश्यक होगा।
यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के लिए विभिन्न दिशाओं से आने वाले वाहनों के लिए अलग-अलग वैकल्पिक मार्ग निर्धारित किए गए हैं। सुल्तानपुर की ओर से प्रयागराज, रायबरेली और वाराणसी जाने वाले भारी वाहनों को मदाफरपुर मोड़ कोहड़ौर से पट्टी बाईपास, उड़ैयाडीह, जामताली, रानीगंज और मुंगराबादशाहपुर होते हुए आगे भेजा जाएगा।
इसी प्रकार लखनऊ और रायबरेली की ओर से वाराणसी तथा जौनपुर जाने वाले वाहनों को लालगंज, लीलापुर, कोतवाली देहात, भूपियामऊ और रानीगंज मार्ग से निकाला जाएगा। अमेठी की ओर से आने वाले वाहनों के लिए लोहगपुर बिहारगंज बाईपास और सुखपाल नगर बाईपास के रास्ते अलग-अलग दिशा में डायवर्ट किया जाएगा, जबकि वाराणसी और जौनपुर से सुल्तानपुर, अयोध्या तथा अमेठी जाने वाले वाहनों को रानीगंज और जामताली मोड़ से वैकल्पिक मार्गों की ओर भेजा जाएगा।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि रूट डायवर्जन के बावजूद आवश्यक सेवाओं से जुड़े वाहनों को किसी प्रकार की असुविधा नहीं होने दी जाएगी। एम्बुलेंस, अग्निशमन सेवा, पुलिस, प्रशासनिक वाहन तथा खाद्य सामग्री ले जाने वाले वाहनों को प्रतिबंध से छूट प्रदान की गई है। अधिकारियों का कहना है कि आपातकालीन परिस्थितियों में इन वाहनों की निर्बाध आवाजाही सुनिश्चित की जाएगी।
पुलिस प्रशासन ने जिले के नागरिकों, वाहन चालकों और परिवहन कंपनियों से अपील की है कि वे यात्रा शुरू करने से पहले निर्धारित रूट की जानकारी प्राप्त कर लें और डायवर्जन व्यवस्था का पूरी तरह पालन करें। अधिकारियों ने कहा है कि अनावश्यक रूप से प्रतिबंधित मार्गों पर प्रवेश करने का प्रयास करने वाले वाहन चालकों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन का मानना है कि नागरिकों के सहयोग से ही यातायात व्यवस्था को सुचारू रखा जा सकता है और मुख्यमंत्री के कार्यक्रम के दौरान किसी प्रकार की अव्यवस्था से बचा जा सकता है।
पूरी यातायात व्यवस्था की निगरानी वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों द्वारा की जाएगी। अपर पुलिस अधीक्षक (पूर्वी) आलोक कुमार, अपर पुलिस अधीक्षक (पश्चिमी) बृजनन्दन राय, क्षेत्राधिकारी नगर आशुतोष मिश्रा तथा क्षेत्राधिकारी यातायात अनिल कुमार राय स्वयं व्यवस्था की मॉनिटरिंग करेंगे। इसके अलावा प्रमुख चौराहों और संवेदनशील स्थानों पर अतिरिक्त पुलिस बल की भी तैनाती की जाएगी।
प्रशासन ने लोगों को सलाह दी है कि यदि अत्यंत आवश्यक न हो तो निर्धारित समय के दौरान शहर के भीतर भारी वाहनों का प्रवेश न करें। जिन लोगों को दूसरे जिलों की यात्रा करनी है, वे वैकल्पिक मार्गों का उपयोग करें और अतिरिक्त समय लेकर घर से निकलें। इससे अनावश्यक जाम और असुविधा से बचा जा सकेगा।
मुख्यमंत्री के दौरे के मद्देनजर जिला प्रशासन सुरक्षा व्यवस्था के साथ-साथ आम नागरिकों की सुविधा पर भी विशेष ध्यान दे रहा है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि डायवर्जन का उद्देश्य किसी को असुविधा पहुंचाना नहीं, बल्कि यातायात को व्यवस्थित रखना और कार्यक्रम को सुरक्षित एवं सुचारु रूप से संपन्न कराना है। प्रशासन ने सभी नागरिकों से सहयोग की अपील करते हुए कहा है कि यदि सभी लोग निर्धारित दिशा-निर्देशों का पालन करेंगे तो मुख्यमंत्री का भ्रमण कार्यक्रम भी सफलतापूर्वक संपन्न होगा और शहर की यातायात व्यवस्था भी सामान्य बनी रहेगी।