उत्तर प्रदेश के कांग्रेस अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू ने कहा, यह वक्त भारत के इतिहास में अब तक का शायद सबसे बुरा वक्त है, हम सबको साथ एकजुट होकर इस महामारी का मुकाबला करना है
पत्रिका न्यूज नेटवर्क
लखनऊ. कोरोना महामारी में मारे गए लोगों के प्रति संवेदना व्यक्त करते यूपी कांग्रेस अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू ने कहा कि यह वक्त भारत के इतिहास में अब तक का शायद सबसे बुरा वक्त है। हम सब को साथ एक जुट होकर इस महामारी का मुकाबला करना है। लेकिन यह महामारी इतना विकराल रूप क्यों ले सकी और क्यों इसका असर इतना भयानक हुआ इस पर भी सोचने की जरूरत है। न केवल लोगों की जान जा रही है बल्कि जो जिंदा भी बच रहे हैं उनका जीवन भी बेहद संकट में बीतने वाला है।
बेरोजगारी का कारण सरकार का नकारापन : अजय लल्लू
लखनऊ. सेंटर फॉर मॉनिटरिंग इंडियन इकोनॉमी की ताजा रिपोर्ट का हवाला देते हुए यूपी कांग्रेस अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू ने कहा कि आंकड़ों के मुताबिक मात्र अप्रैल महीने में ही देश में 75 लाख लोगों ने अपने रोजगार से हाथ धोया है और यह अचानक नहीं हुआ है। मार्च में मार्च में बेरोजगारी 7.8 प्रतिशत और फरवरी में 6.7 प्रतिशत थी। मतलब यह कि बीजेपी सरकार के नकारेपन की वजह से लोग पहले से ही बेरोजगारी की तरफ धकेल दिए जा रहे। कहा कि मैं नकारापन की बात इसलिए कर रहा हूं क्योंकि अगर समय रहते महामारी से निपटने की तैयारी की गई होती तो ये हालात नहीं बनते।
वक्त रहते राहुल गांधी की सलाह माने ले सरकार : अजय लल्लू
2020 के लॉकडाउन का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि पिछले साल मोदी सरकार द्वारा बिना योजना के लगाए गए लॉकडाउन ने करोड़ों को बेरोजगार कर दिया था। तब बेरोजगारी ने भारत में 45 साल का रिकॉर्ड तोड़ दिया था। सरकार को चेताते हुए अजय कुमार लल्लू ने कहा कि अभी भी वक्त नहीं बीता है, सरकार को राहुल गांधी की सलाह मान लेनी चाहिए। तुरंत कमजोर या गरीबों के खातों में 6000 रुपए कैश ट्रांसफर कर, बीजेपी सरकार को इस वक्त देश की जनता के साथ 'न्याय' करना चाहिए। कांग्रेस पार्टी लंबे समय से यह मांग करती रही है। उन्होने कहा कि कि बीजेपी सरकार ने कांग्रेस की, श्री राहुल गांधी जी की इस सलाह को मान लिया होता तो यह नौबत नहीं आती। तब हमें सिर्फ कोरोना महामारी से लड़ना होता, बेरोजगारी की माहामारी से नहीं।