UP Weather Alert: उत्तर प्रदेश के 60 जिलों में मौसम विभाग का अलर्ट, गरज-चमक के साथ तेज बारिश, आंधी और ओलावृष्टि की संभावना, तापमान में गिरावट, कई जिलों में जनजीवन प्रभावित होने के आसार।
UP Weather Storm Alert: उत्तर प्रदेश में मौसम ने अचानक करवट लेते हुए पूरे प्रदेश में व्यापक असर दिखाना शुरू कर दिया है। बीते 24 घंटों के दौरान जहां कई जिलों में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई, वहीं कुछ क्षेत्रों में तेज बारिश, आंधी और ओलावृष्टि ने जनजीवन को प्रभावित किया। मौसम विभाग ने अब राज्य के करीब 60 जिलों में गरज-चमक के साथ बारिश, तेज हवाओं और कुछ स्थानों पर ओले गिरने का अलर्ट जारी किया है। आने वाले 2 से 3 दिनों तक मौसम का यही मिजाज बने रहने की संभावना जताई गई है।
सोमवार को पूरे प्रदेश में मौसम का मिजाज बदला हुआ नजर आया। पश्चिमी और पूर्वी उत्तर प्रदेश दोनों ही क्षेत्रों में बादलों की आवाजाही बनी रही और कई जगहों पर बारिश हुई। पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में भारी बारिश के साथ ओले भी गिरे, जबकि तेज हवाओं ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार यह बदलाव पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने के कारण हुआ है, जिससे वातावरण में नमी बढ़ी और तापमान में गिरावट दर्ज की गई।
बारिश के आंकड़ों पर नजर डालें तो बाराबंकी जिला सबसे आगे रहा, जहां 53 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई। इसके अलावा:
इसके साथ ही प्रदेश के कई अन्य जिलों में भी बारिश रिकॉर्ड की गई, जिससे गर्मी से राहत मिली लेकिन कुछ क्षेत्रों में जलभराव और फसलों को नुकसान की भी खबरें सामने आईं।
मौसम विभाग ने प्रदेश के कई जिलों में ओले गिरने और तेज आंधी चलने की चेतावनी जारी की है। जिन जिलों में यह अलर्ट जारी किया गया है, उनमें प्रमुख रूप से शामिल हैं , बांदा, चित्रकूट, कौशाम्बी, प्रयागराज, फतेहपुर, प्रतापगढ़, सोनभद्र, मिर्जापुर, चंदौली, वाराणसी, संत रविदास नगर, जौनपुर, गाजीपुर, आजमगढ़, मऊ, बलिया, रायबरेली, अमेठी, सुल्तानपुर, अयोध्या, अंबेडकर नगर सहित आसपास के क्षेत्र। इन इलाकों में किसानों को विशेष सतर्क रहने की सलाह दी गई है, क्योंकि ओलावृष्टि से फसलों को भारी नुकसान हो सकता है।
प्रदेश के 60 से अधिक जिलों में गरज-चमक के साथ बिजली गिरने और तेज हवाएं चलने का भी अलर्ट जारी किया गया है। इन जिलों में पूर्वांचल से लेकर पश्चिमी उत्तर प्रदेश तक के इलाके शामिल हैं। मौसम विभाग ने लोगों को सलाह दी है कि खराब मौसम के दौरान खुले स्थानों पर न रहें, पेड़ों के नीचे खड़े होने से बचें और बिजली कड़कने के समय सुरक्षित स्थानों पर शरण लें।
राजधानी लखनऊ में मंगलवार को आसमान में बादल छाए रहने की संभावना है। कुछ स्थानों पर हल्की बारिश और गरज-चमक देखने को मिल सकती है। इसके साथ ही 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने का अनुमान है। तापमान की बात करें तो अधिकतम तापमान 31 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 21 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है, जो सामान्य से कम है।
बारिश और बादलों की वजह से प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। सोमवार को बांदा जिला सबसे गर्म रहा, जहां अधिकतम तापमान 39.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जो सामान्य से 2.6 डिग्री कम है।
वहीं हरदोई जिले में न्यूनतम तापमान 15 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से करीब 10 डिग्री कम है। यह गिरावट लोगों को गर्मी से राहत जरूर दे रही है, लेकिन अचानक मौसम परिवर्तन से स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं भी बढ़ सकती हैं।
मौसम वैज्ञानिक डॉ. अतुल सिंह के अनुसार, आने वाले दिनों में प्रदेश के कई हिस्सों में तेज हवाएं चल सकती हैं, जिनकी रफ्तार 50 से 70 किलोमीटर प्रति घंटा तक हो सकती है। यह हवाएं पेड़ों और कमजोर संरचनाओं को नुकसान पहुंचा सकती हैं। उन्होंने बताया कि कुछ क्षेत्रों में हल्की बारिश होगी, जबकि कुछ जगहों पर भारी बारिश के साथ ओलावृष्टि भी देखने को मिल सकती है।
मौसम में आए इस बदलाव का सबसे ज्यादा असर किसानों पर पड़ सकता है। गेहूं की कटाई और अन्य फसलों के अंतिम चरण के दौरान बारिश और ओलावृष्टि नुकसानदायक साबित हो सकती है। कृषि विशेषज्ञों ने किसानों को सलाह दी है कि वे अपनी फसलों को सुरक्षित स्थानों पर रखें और मौसम की ताजा जानकारी पर नजर बनाए रखें।
तेज हवाओं और बारिश के कारण कई जिलों में जनजीवन प्रभावित हुआ है। कुछ स्थानों पर पेड़ गिरने, बिजली आपूर्ति बाधित होने और सड़कों पर जलभराव की समस्याएं सामने आई हैं। शहरी क्षेत्रों में यातायात भी प्रभावित हुआ, जबकि ग्रामीण इलाकों में कच्चे मकानों को नुकसान पहुंचने की आशंका जताई गई है।
मौसम विभाग के अलर्ट के बाद प्रशासन भी सतर्क हो गया है। जिलाधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे आपात स्थिति से निपटने के लिए तैयार रहें। बिजली विभाग, नगर निगम और आपदा प्रबंधन टीमें भी सक्रिय कर दी गई हैं।
मौसम में अचानक बदलाव से लोगों को सर्दी, खांसी और वायरल संक्रमण जैसी समस्याएं हो सकती हैं। डॉक्टरों ने लोगों को सावधानी बरतने, ठंडी चीजों से बचने और जरूरत पड़ने पर चिकित्सकीय सलाह लेने की सलाह दी है।