लखनऊ

Corona Vaccination : कोविशील्ड वैक्सीन लगवाने से आखिर क्यों कतरा रहे हैं लोग? जानें- विशेषज्ञों की राय

- कोविशील्ड वैक्सीन लगवाने में कम रुचि ले रहे हैं लोग, कर रहे कोवाक्सिन वैक्सीन की डिमांड- कोवाक्सिन और कोविशील्ड वैक्सीन के इस्तेमाल पर कोविड टीकाकरण के ब्रांड एंबेस्डर प्रोफेसर सूर्यकांत और यूपी टीकाकरण एईएफआई कमेटी सदस्य डॉ पियाली भट्टाचार्य ने दी अपनी राय

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Apr 12, 2021

पत्रिका न्यूज नेटवर्क
लखनऊ. उत्तर प्रदेश सहित पूरे देश में 'टीका उत्सव' (Corona Vaccination) मनाया जा रहा है। हर दिन लाखों की संख्या में कोरोना टीकाकरण किया जा रहा है। लखनऊ में रविवार को मात्र 9023 लोगों ने टीका लगवाया, इसकी वजह कोवाक्सिन (covaxin) वैक्सीन की कमी रही। अस्पतालों में कोवैक्सीन उपलब्ध नहीं होने के चलते लोगों को निराश होकर लौटना पड़ा वहीं, कोवैक्सीन की दूसरी डोज लेने पहुंचे 100 से अधिक लोग भी मायूस होकर घर लौटे। अस्पताल प्रभारियों का कहना है कि लोग कोविशील्ड (covishield) लगवाने में कम रुचि ले रहे हैं वहीं, विशेषज्ञों का कहना है कि मन में शंका नहीं करें, क्योंकि दोनों वैक्सीन प्रभावशाली हैं।

अफसरों के निर्देश पर रविवार को सिविल अस्पताल, रानी लक्ष्मीबाई और लोकबंधु अस्पताल सहित निजी अस्पतालों में भी कोविशील्ड वैक्सीन भेजी गई थी। स्वास्थ्य कर्मियों ने पहले तो इसे लेने से मना कर दिया, लेकिन अफसरों के दबाव में उन्हें लेना पड़ा। रविवार को सिविल में महज 90 लोगों को ही टीका लगा, जबकि रोजाना यहां 500 से 600 लोग टीका लगवा रहे थे। लोकबंधु अस्पताल में 94 लोगों ने ही कोविशील्ड वैक्सीन लगवाई, जबकि यहां रोजाना 300 से 400 लोग टीका लगवा रहे थे। इसी तरह रानी लक्ष्मीबाई अस्पताल में भी टीकाकरण महज 100 के अंदर ही सिमट गया।

सेफ हैं दोनों टीके
ट्रायल नतीजों के बाद ही एक्सपर्ट्स ने सीरम इंस्टिट्यूट ऑफ इंडिया (SII) की Covishield और भारत बायोटेक की Covaxin को अप्रूवल दिया है। मेडिकल जर्नल 'लैंसेट' ने दोनों ही वैक्‍सीन का रिव्‍यू किया है। दोनों टीके सेफ हैं और विश्‍व स्‍वास्‍थ्‍य संगठन (WHO) के तय मानकों से ज्‍यादा एफेकसी वाले हैं।

प्रोफेसर सूर्यकांत बोले- मन में नहीं रखें शंका
कोविड टीकाकरण के ब्रांड अंबेसडर प्रोफेसर सूर्यकांत ने कहा कि कोविशील्ड की तरह पहले लोग कोवाक्सिन वैक्सीन पर भी सवाल उठा रहे थे। मन में किसी प्रकार की शंका नहीं रखें, क्योंकि दोनों ही वैक्सीन प्रभावशाली हैं। उन्होंने कहा कि केजीएमयू में कई डॉक्टरों ने भी कोविशील्ड वैक्सीन लगवाई है। इसके बाद कुछ लोग संक्रमित हुए हैं, पर किसी न तो भर्ती कराना पड़ा और न ही ऑक्सीजन की जरूरत पड़ी।

वैक्सीन पर सवाल उठाने की बजाय अपनी सुरक्षा पर ध्यान दें : डॉ. भट्टाचार्य
उत्त प्रदेश टीकाकरण एईएफआई कमेटी की सदस्य डॉ. पियाली भट्टाचार्य ने कहा कि काफी रिसर्च और अप्रूवल के बाद ही बाद ही बाजार में कोई वैक्सीन आती है। कोविशील्ड वैक्सीन के पीछे भी काफी रिसर्च और ट्रायल हुआ है, जिसके बाद ही इसे अप्रूवल मिला है। दोनों वैक्सीन काफी प्रभावशाली है और उनका रेस्पांस अच्छा है। इसलिए वैक्सीन पर सवाल उठाने की बजाय अपनी सुरक्षा पर ध्यान देना चाहिए।

Published on:
12 Apr 2021 12:57 pm
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