मेरठ

इस जेल में पहुंचते ही बजरंगी की हत्या का आरोपी हुआ परेशान, पूरी रात रहा एेसा हाल

मिलार्इ पर भी रहेगा प्रतिबंध
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Jul 16, 2018
sunil rathi
पूर्व बसपा नेता के बेटे पर लगा मुन्‍ना बजरंगी की हत्‍या का आरोप, जानिए कौन है वह

मेरठ।बागपत जेल में मुन्ना बजरंगी की हत्या के आरोप में कर सुर्खियों में आया कुख्यात सुनील राठी शनिवार को सेंट्रल जेल में जाते ही परेशान हो गया।फतेहगढ़ सेंट्रल जेल पहुंचते ही राठी की सारी हेकड़ी निकल गर्इ। वह रात भर जेल में जैसे-तैसे कर समय कटता दिखार्इ दिया।राठी को जेल की हार्इ सिक्योरिटी बैरक में रखा गया है।जहां बैरक की तीन स्तरीय सुरक्षा है।इसके साथ ही रात आैर दिन कर्इ अधिकारियों को राठी पर नजर रखने की जिम्मेदारी सौंपी गर्इ है।

इतनी गाड़ियों के काफिले में बागपत से फतेहगढ़ जेल पहुंचा था राठी

बागपत जेल में रहकर अपनी मर्जी चलाने वाला कुख्यात बदमाश सुनील राठी मुन्ना बजरंगी की हत्या के बाद शनिवार को सुनील राठी को फतेहगढ़ जेल में शिफ्ट किया गया।इस दौरान उसे करीब 20 पुलिसकर्मियों के साथ पांच गाड़ियों के काफिले में फतेहगढ़ जेल ले जाया गया। इस दौरान मिले वीआर्इपी ट्रीटमेंट से राठी खुद को किसी बादशाह से कम नहीं समझ रहा था।

छाती चौड़ी कर जेल के गेट पर उतरा था राठी, अंदर जाते ही हुआ ये हाल

शनिवार की देर रात बागपत पुलिस के वज्र वाहन से कुख्यात माफिया सुनील राठी सेंट्रल जेल के गेट पर उतरा तो उसकी छाती चौड़ी थी। इतना ही नहीं उसके चेहरे पर कोई शिकन नहीं था। इसके बाद वह जेल में दाखिल हुआ।इसके बाद उसे हाई सिक्योरिटी बैरक में पहुंचा दिया गया।मीडिया रिपोर्टस के अनुसार बैरक में पहुंचते ही राठी परेशान सा दिखार्इ दिया।उसके सारे हाव-भाव बदल गये। वही चर्चा है कि राठी इस जेल में विचलित और परेशान दिख रहा था।सुबह को उसे नाश्ता दिया गया और फिर इसके बाद उसे खाना दिया गया। हालांकि राठी ने बड़े आराम से नाश्ता किया और खाना भी खाया। प्रभारी जेल अधीक्षक 2-3 बार जेल में ही रहकर उसकी बैरक पर नजर रखे रहे।बैरक की सुरक्षा में जो जेल कर्मी लगे हैं वह भी खासे चौकन्ने हैं।जिस बैरक में राठी है वहां की स्थिति यह है कि वह न तो किसी को देख सकता है और न ही कोई उसको कोर्इ देख सकता है।

इसी जेल में बंद है राठी का विरोधी अजीत उर्फ हप्पू सिंह

वेस्ट यूपी के 1 लाख रुपये का इनामी और राठी का धुर विरोधी अजीत उर्फ हप्पू इसी जेल में बंद है।जेल प्रशासन इसके चलते सतर्क है कि यहां भी बागपत जेल की तरह मर्डर सरीखी कहानी न दोहराई जाए।बता दें कि हप्पू का भी वेस्ट यूपी में क्राइम की दुनिया में बड़ा नाम है।बताया जाता है कि सुनील राठी और हप्पू का 36 का आंकड़ा है।चर्चा है कि सुनील राठी ने ही अपने संपर्क के बल पर हप्पू की जेल बदलवाई थी।

Published on:
16 Jul 2018 04:21 pm