Coronavirus के चलते Social Distancing और Face Mask के साथ लगातार बदल रही है Lifestyle Corona काल में बढ़ रही है Bihar की Madhubani Painting Mask की डिमांड PM Modi के Vocal For Local Campaign को आगे बढ़ा रहे स्थानीय कलाकार
नई दिल्ली। देशभर में कोरोना वायरस ( coronavirus ) का संकट लगातार बढ़ रहा है। अब तक देश में 11 लाख 40 हजार से ज्यादा लोग कोरोना वायरस से संक्रमित हो चुका हैं, जबकि 28 हजार से ज्यादा लोग इस घातक महामारी के चलते अपनी जान गंवा चुके हैं। यही वजह है कि लगातार केंद्र और राज्य सरकारें लोगों को कोरोना गाइडलाइन ( Corona Guideline ) फॉलो करने की बात कह रही हैं। सोशल डिस्टेंसिंग ( Social Distancing ) और फेस मास्क ( Face Mask ) के प्रयोग के लिए लगातार हिदायत दी जा रही है।
कोरोना काल में हालांकि लोगों ने इन आदतों को अपने व्यवहार का हिस्सा भी बना लिया है। वहीं अब तो डिजाइनर मास्क ( Designer Mask ) की डिमांड भी बढ़ने लगी है।
जीवनशैली ( Lifestyle ) का हिस्सा बन चुके मास्क को लेकर लोग अब अपनी पसंद का ख्याल रख रहे हैं। यही वजह है कि बिहार के मधुबनी पेंटिंग ( Madhubani Painting Mask ) वाले मास्क की डिमांड तेजी से बढ़ी है। खूबसूरत पेंटिंग के साथ इन मास्क को कुछ लोक कलाकार नए अंदाज में पेश कर रहे हैं।
मिथिला दंपती का मास्क पर मधुबनी पेंटिंग और प्रकृति का अनूठा प्रयोग लोगों को आकर्षित कर रहा है। जगतपुर टुन्नी मिश्र टोल की कलाकार उषा मिश्र और उनके पति रेमंत मिश्र ने कोरोना काल में मास्क पर मिथिला पेंटिंग को इस बारीकी से उकेरा और नयी दिशा दी कि अब इनकी चर्चा हर ओर हो रही है।
खास बात यह है कि इन मधुबनी पेंटिंग से बने मास्क की डिमांड देश के साथ-साथ विदेशों से भी आ रही है।
तीन अलग तरह के मास्क उपलब्ध
मधुबनी पेंटिंग वाले मास्क अलग-अलग लेयर के साथ उलब्ध हैं। इनमें दो लेयर, तीन लेयर और सिंगल लेयर वाले मास्क प्रमुख रूप से शामिल हैं।
प्रकृति से जुड़े दृश्यों का उतारा
मिथिला पेंटिंग में उन्होंने प्रकृति से जुड़े चित्र को प्राथमिकता दी है. अधिकतर मास्क पर पेड़-पौधे, फूल-पत्ती, पक्षी, जीव आदि के चित्र उकेरे गये हैं।
खादी चुनकर 'वोकल फॉर लोकल' को आगे बढ़ाया
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 'वोकल फॉर लोकल' के आह्वान को आगे बढ़ाने में जुटे इस दंपती ने मास्क में प्रयुक्त होनेवाले कपड़े में खादी का कपड़ा चुना है।
कोरोना काल में मिला रोजगार
जगतपुर टुन्नी मिश्र टोली के दंपती गांव की आठ-दस लड़कियों को भी मास्क बनाने के इस अभियान में जोड़ लिया है। इससे इन लोगों को कोरोना काल में बिना कहीं गये एक नया रोजगार मिल गया है। साथ ही दो रुपये की आमदनी भी हो रही है।