चीन के वुहान से निकले कोरोना वायरस ने भारत समेत दुनिया के तमाम देशों में तबाही मचा रखी है भारत में अब तक कोरोना वायरस महामारी के मामलों की संख्या बढ़कर 86 हजार के पास पहुंच गई है
नई दिल्ली। चीन के वुहान से निकले कोरोना वायरस ( Coronavirua ) ने भारत समेत दुनिया के तमाम देशों में तबाही मचा रखी है।
अकेले भारत में अब तक कोरोना वायरस ( Coronavirus in india ) महामारी के मामलों की संख्या बढ़कर 86 हजार के पास पहुंच गई है।
जबकि 2 हजार 752 लोग इस जानलेवा बीमारी से अपनी जान गवां चुके हैं। वहीं, कोरोना की रोकथाम के लिए केंद्र सरकार ( Modi Goverment ) ने देश में 17 मई तक के लिए लॉकडाउन ( Lockdown ) लागू किया हुआ है।
अब जबकि 17 मई रविवार को ही खत्म हो रही है, ऐसे में 18 मई से लॉकडाउन 4.0 ( Lockdown 4.0 ) शुरू होना है। जिसकी जानकारी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ( PM Narendra Modi ) पहले ही दे चुके हैं।
हाल ही में राष्ट्र के नाम अपने संबोधन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस बात के भी संकेत दिया थे कि देश में चौथा लॉकडाउन कई मायनों में काफी अलग होगा।
हालांकि उन्होंने यह तो नहीं बताया कि लॉकडाउन 4.0 का रूप रंग क्या होने वाला है, लेकिन लोगों का अंदाजा है कि इस बार सरकार की ओर से कई तरह की छूट दी जा सकती हैं।
इसका दूसरा पहलू या भी है कि अगर समय रहते लॉकडाउन का विकल्प नहीं निकाला गया या फिर अर्थव्यवस्था को नहीं खोला गया तो भविष्य में देश के सामने बड़ा संकट खड़ा हो सकता है।
अब चूंकि लॉकडाउन-4 को लेकर केंद्र सरकार की ओर कोई गाइडलाइन या दिशा निर्देश नहीं मिले हैं।
लेकिन माना जा रहा है कि इस दौरान साफ-सफाई, सोशल डिस्टेंसिंग और मास्क आदि सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए कई चीजों में ढील मिलेगी। माना तो यह भी जा रहा है कि लॉकडाउन 4.0 में शिक्षण संस्थाएं जैसे स्कूल, कॉलेज या प्राइवेट इंस्टीट्यूशन नहीं खुलेंगे।
इसके साथ ही मॉल और सिनेमा हॉल भी बंद रहेंगे। जबकि सैलून, नाई की दुकान और स्पा सेंटर को रेड जोन में भी सावधानीपूर्वक व शर्तों के आधार पर खोला जा सकता है।
कटेंनमेंट जोन में शायद इसकी इजाजत न मिले।
इन पर भी चल रहा विचार—
- सोशल डिस्टेंसिंग के साथ सभी तरह के ट्रांसपोर्ट जैसे लोकल ट्रेन, बस और मेट्रो में हल्की ढील देने पर विचार चल रहा है। हालांकि कटेनमेंट जोन में यह नहीं चल सकेगा।
- इसके साथ ही कैब व ऑटो आदि को भी शुरू करने पर विचार चल रहा है।
- बसों में सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुए 50 प्रतिशत सवारियों को ले जाने की छूट मिल सकती है।
- इसके साथ ही मार्केट में भी आॅड-ईवन की तर्ज पर खोला जा सकता है।
- रेड जोन में भी ई-कॉमर्स के माध्यम से सामानों की डिलिवरी में छूट मिल सकती है।