
नई दिल्ली। राज्य सभा ( Rajya Sabha ) में उत्तराखंड के चमोली जिले में ग्लेशियर टूटने ( Uttarakhand Tragedy ) पर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ( Amit Shah ) ने विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि केंद्र और राज्य की सभी संबंधित एजेंसियां स्थिति की निगरानी कर रही हैं।
अमित शाह ने राज्यसभा में उत्तराखंड ग्लेशियर आपदा पर बताया कि ITBP के 450 जवान, NDRF की 5 टीमें, भारतीय सेना की 8 टीमें, एक नेवी टीम और 5 IAF हेलीकॉप्टर खोज और बचाव अभियान में लगे हुए हैं।
इस वजह से बनी बाढ़ की स्थिति
अमित शाह ने बताया कि 5600 मीटर की ऊंचाई पर स्थित ग्लेशियर के मुहाने पर हिमस्खलन हुआ, जो 14 वर्ग किमी क्षेत्र जितना बड़ा था। इसी वजह से बाढ़ की स्थित बन गई।
हर पल रखी जा रही नजर
शाह ने बताया कि केंद्र सरकार की ओर से स्थिति की 24 घंटे कड़ी नजर रखी जा रही है। खुद प्रधानमंत्री स्थिति पर अपनी नजर बनाए हुए हैं। गृह मंत्रालय के दोनों कंट्रोल रूम भी सक्रिय हैं।
उन्होंने कहा कि मैं सदन को केंद्र सरकार की ओर से आश्वस्त करना चाहता हूं कि राहत और बचाव के सभी संभव उपाय राज्य सरकार के साथ समन्वय के साथ किये जा रहे हैं और जो भी आवश्यक कदम उठाने जरूरी हैं, उन्हें उठाया जा रहा है।
आपको बता दें कि 7 फरवरी को ग्लेशियर टूटने से हुए हादसे में अब तक 26 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है। जबकि 170 से ज्यादा लोग लापता बताए जा रहे हैं। तपोवन टनल में अब भी काफी लोग फंसे हुए हैं।