दिल्ली में प्रदूषण नियंत्रण के लिए सड़कों पर पानी का छिड़काव किया जाएगा।
नई दिल्ली। धूल भरी हवाओं की वजह से दिल्ली में पिछले तीन दिन से सांस लेना मुश्किल हो गया है। इसी के मद्देनजर दिल्ली में उपराज्यपाल द्वारा बुलाई गई उच्चस्तरीय आपात बैठक खत्म हो गई है। इस उच्चस्तरीय आपात बैठक में रविवार तक के लिए दिल्ली में निर्माण कार्यों पर रोक लगाने का फैसला लिया गया है। इसके अलावे कहा गया है कि प्रदूषण नियंत्रण के लिए दिल्ली की लड़कों में पानी का छिड़काव किया जाएगा। बता दें कि गुरुवार को तीन बजे दिल्ली में उपराज्यपाल ने बढ़ते प्रदूषण स्तर को लेकर यह आपात बैठक बुलाई थी। बताया जा रहा है कि राजस्थान में चल रही धूल भरी आंधी की वजह से दिल्ली एनसीआर की हवा में धूल के नैनों पार्टिकिल्स खतरनाक स्तर पर पहुंच गए हैं।
दिल्ली की हवा हुई जहरीली
आपको बता दें कि दिल्ली-एनसीआर में बीते सोमवार से धूलभरी हवाएं चल रही है। इसके कारण दिल्ली-एनसीआर की हवा में प्रदूषण खतरनाक स्तर पर पहुंच चुका है। दिल्ली में गुरुवार की सुबह से हवा में मौजूद खतरनाक प्राथमिक प्रदूषक पीएम 10 का स्तर बेहद चिंताजनक स्तर पर पहुंच चुका है। दिल्ली के अधिकांश इलाकों में हवा में मौजूद पीएम 10 का लेवल काफी ऊपर पहुंच चुका है।
दिल्ली-एनसीआर के आसमान में धूल ही धूल
आपको बता दें कि बीते तीन दिनों से दिल्ली के आसमान में धूल ही धूल नजर आ रहे हैं। इससे लोगों को काफी दिक्कतें हो रही है। लोगों को सांस लेने में परेशानी हो रही है। दमा और सांस के मरीजों को घर से बाहर निकलना दुभर हो गया है। लेकिन दिल्ली की सरकार कोई भी उपाय करने के बजाय उपराज्यपाल के घर में धरने पर बैठी है। आम आदमी पार्टी की सरकार अपनी कुछ मांगों को लेकर विरोध कर रही है और उपराज्यपाल अनिल बैजल के घर में धरने पर बैठी है। हालांकि उपराज्यपाल ने दिल्ली की हवा में बढ़ते प्रदूषण के स्तर को देखते हुए गुरूवार को तीन बजे एक आपात बैठक बुलाई है। उम्मीद की जा रही है कि इस प्रदूषण से निजात दिलाने के लिए कोई ठोस कदम उठाए जाएंगे।
पश्चिमी हवाओं के कारण दिल्ली हो रही है प्रदूषित
आपको बता दें कि दिल्ली की हवा पश्चिमी हवाओं के कारण प्रदूषित हो रही है। पश्चिम दिशा से चलने वाली हवाएं अपने साथ धूल के कणों को उठाकर ला रही है और दिल्ली एनसीआर के आसमान में यह धूलकण फैल गई है। बता दें कि मौसम विभाग के अनुसार इसकी वजह राजस्थान में धूल भरी आंधी है। राजस्थान से उठने वाली धूल के चलते यूपी के पश्चिमी इलाके तक धूल की चपेट में हैं। माना जा रहा है कि ये हालात अगले तीन दिन तक ऐसे ही बने रहेंगे। दिल्ली में बुधवार को इस मौसम का सबसे गर्म दिन रहा और बारिश से पहले तापमान नीचे आने की उम्मीद नहीं है।
फिर बढ़ा दिल्ली-एनसीआर में प्रदूषण का स्तर, हवाओं में घुला जहर
क्या है एयर क्वालिटी इंडेक्स
वायु गुणवत्ता सूचना के मापन के लिए वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) लॉन्च किया गया। एक्यूआई में हवा की गुणवत्ता की 6 श्रेणियां हैं।ये सभी श्रेणी की हवाएं स्वास्थ्य पर प्रभाव डालने से जुड़ी हैं। एक्यूआई 8 प्रदूषकों (पीएम10, पीएम 2.5, एनओ 2, एसओ 2, सीओ, ओ 3, एनएच 3 तथा पीबी) के स्तर पर विचार करता है। अभी दस शहरों का वायु गुणवत्ता डाटा एक्यूआई प्रणाली से जुड़ा है, जो पर्यावरण, वन तथा जलवायु परिवर्तन मंत्रालय और केन्द्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की वेबसाइट पर उपलब्ध है।
ये हैं हवा के प्रदूषक मानक
एक्यूआई 50 के नीचे हो -- अच्छा
एक्यूआई 51-100 के बीच-- संतोषजनक
एक्यूआई 101 से 200 के बीच -- सचेतक
एक्यूआई 201 से 300 के बीच-- खराब
एक्यूआई 300 से 400 के बीच-- बहुत खराब
एक्यूआई 400 से 500 के बीच-- काफी खराब, खतरनाक