रामपुर में सपा नेता पर्वत सिंह यादव समेत एक होमगार्ड की मंगलवार देर रात को हत्या कर दी गई, भाजपा नेता की हत्या का लगा था आरोप
रामपुर। पूर्व कैबिनेट मंत्री आजम खान के करीबी और सपा नेता पर्वत सिंह यादव समेत एक होमगार्ड की मंगलवार देर रात को हत्या कर दी गई। गांव के ही नौ लोगों ने उन्हें गोलियों से भून डाला। हत्यारों ने घर से नगर की तरफ जाते हुए गांव की मेन सड़क पर उन्हें गोलियां मारी हैं। सूचना मिलते ही डीआईजी मुरादाबाद और एसपी पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंच गए। आरोपियों को पकड़ने के लिए पुलिस की कई टीमों का गठन किया गया है। वहीं, डबल मर्डर की घटना से पूरे जिले में हड़कंप मच गया है।
आजम खान के माने जाते थे करीबी
पर्वत सिंह यादव थाना सहजादनगर इलाके के गांव दीनपुर के रहने वाले थे। वह सपा नेता आजम खान के बेहद करीबी माने जाते थे। करीब दो साल पर्वत सिंह पर गांव के ही एक भाजपा नेता की हत्या का आरोप लगा था। बताया जा रहा है कि मंगलवार देर रात को उसी पक्ष के लोगों ने गांव में जब उनकी वैगन आर कार को नगर की तरफ जाते देखा तो सड़क पर उनकी कार रुकवाई और अंधाधुंध फायरिंग कर दी। इस हमले में कार में आगे बैठे होमगार्ड के सिर में भ्की एक गोली लगी, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। इसके बाद कार चला रहे सपा नेता ने कार से निकलकर भागने की कोशिश की तो नौ लोगों ने उन्हें खेत में दौड़ा लिया और गोलियां बरसा दीं। वारदात के बाद हमलावर फरार हो गए।
ट्रैक्टर ट्रॉली में आए थे बदमाश
सपा नेता पर्वत सिंह की पत्नी के मुताबिक, पर्वत सिंह शाम को थाने से आए थे। दोबारा किसी काम से नगर के लिए अपने होमगार्ड मित्र के साथ कार में बैठकर निकले थे। रास्ते में हमलावरों ने ट्रैक्टर ट्राॅली लगाकर पहले उनकी वैगन आर कार रुकवाई। इससे पहले कार में बैठे पर्वत सिंह यादव कुछ समझ पाते, नौ लोगों ने उन पर अंधाधुंध गोलियां चला दीं। इससे पर्वत सिंह और हाेमगार्ड की मौत हो गई। पहले होमगार्ड की हत्या की और इसके बाद उनके पति की हत्या कर दी। पुरानी रंजिश की वजह से यह हमला किया गया है।
रात में भी कुछ लोगों ने किया था हमला
वहीं, होमगार्ड के भाई और उनके गांव के ही एक सख्स ने बताया कि रात को उनके बेटे के नामकरण में कुछ लोग आए थे। उन्होंने जरा सी बात पर उनको तमंचों ओर बंदूक की बटों से पीटा था। उन्होंने चार लोगों के खिलाफ इसकी रिपोर्ट भी दर्ज करवाई है लेकिन उनकी गिरफ्तारी नहीं हुई। अगर गिरफ्तारी हो जाती तो आज यह घटना ही नहीं होती। तनाव को देखते हुए गांव में पुलिस और पीएसी लगा दी गई है।
पुरानी रंजिश को लेकर हुई हत्या
इस मामले में एसपी विपिन तांडा ने बताया कि यह हत्या पुरानी रंजिश को लेकर हुई है। पहले से दोनों की रंजिश थी। बाद में मामला शांत हो गया लेकिन मंगलवार देर रात को एक पक्ष ने पर्वत सिंह व होमगार्ड पर ताबड़तोड़ गोलियां चला दीं। इसमें एक होमगार्ड की भी हत्या हुई है। होमगार्ड पर्वत सिंह के साथ क्यों था, इसकी भी जांच करवाई जाएगी।
दो साल पहले भाजपा नेता की हुई थी हत्या
गौरतलब है कि दो साल साल पहले गांव के ही एक भाजपा नेता की हत्या हुई थी। इसमें पीड़ित परिवार ने पर्वत सिंह के खिलाफ नामजद एफआईआर लिखाई थी। आरोप लगा था कि सपा सरकार में पर्वत सिंह का नाम बाद में एऊआईआर से हटा दिया गया था, जिसको लेकर भाजपा नेता के परिजन पर्वत सिंह से बेहद नफरत रखने लगे। पर्वत सिंह की हत्या को उसी का परिणाम बताया जा रहा है।