
Maharashtra Politics: महाराष्ट्र की राजनीति में जारी सियासी घमासान के बीच राज्य के जल संसाधन मंत्री और भाजपा नेता गिरीश महाजन ने शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) के सांसद संजय राउत पर तीखा हमला बोला है। महाजन ने दावा किया कि संजय राउत की वजह से ही उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली शिवसेना (यूबीटी) को सबसे ज्यादा नुकसान हुआ है। उन्होंने राउत को ‘मानव बम’ बताते हुए कहा कि उद्धव ठाकरे ने उन्हें अपने गले में बांध रखा है और इसका खामियाजा पार्टी को भुगतना पड़ रहा है।
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के करीबी गिरीश महाजन ने कहा कि उन्होंने कई बार उद्धव ठाकरे को संजय राउत पर लगाम लगाने की सलाह दी थी, लेकिन उन्होंने बात नहीं मानी। उन्होंने आरोप लगाया कि अब उद्धव ठाकरे ऐसे नेता बन गए हैं जिनके साथ पार्टी के लोग टिकने को तैयार नहीं हैं।
ठाकरे गुट के 9 में से 6 लोक सभा सांसदों के कथित बगावत के बाद संजय राउत द्वारा शिवसैनिकों से हंगामा करने की अपील पर भी महाजन ने निशाना साधा। उन्होंने कहा कि अब ठाकरे गुट में ऐसा कोई बचा ही नहीं है जो हंगामा कर सके।
भाजपा नेता ने कहा, वह दौर खत्म हो चुका है, तब आप हमारे साथ थे। अब आप कांग्रेस की गोद में जाकर बैठ गए हैं और राहुल गांधी को प्रधानमंत्री बनाने के लिए उनके पीछे-पीछे घूम रहे हैं।
महाजन ने दावा किया कि राज्य सभा सांसद संजय राउत से उनकी ही पार्टी के नेता और विधायक परेशान हो चुके हैं। उन्होंने कहा कि ठाकरे गुट के नेताओं की जमीनी स्तर पर पकड़ कमजोर हो गई है और पार्टी के भीतर असंतोष बढ़ता जा रहा है।
महाजन ने यह भी दावा किया कि आने वाले समय में मुंबई महानगरपालिका (BMC) के कई नगरसेवक भी ठाकरे गुट को छोड़ सकते हैं। उन्होंने कहा कि पार्टी में रहने की इच्छा रखने वाले नेताओं की संख्या लगातार घट रही है।
उन्होंने उद्धव ठाकरे की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए कहा कि उनकी पार्टी में संगठनात्मक अनुशासन की कमी है। उन्होंने आरोप लगाया कि ठाकरे गुट अपने कार्यकर्ताओं और नेताओं को स्पष्ट दिशा देने में विफल रहा है। महाजन ने कहा, "जो रहना चाहता है वह रहे और जिसे जाना है वह जाए, इस तरह कौन कहता है, ऐसे पार्टी नहीं चलती है।"
विपक्ष की ओर से भाजपा पर पैसे, ईडी और ईवीएम के इस्तेमाल के आरोप लगाए जाने पर महाजन ने कहा कि विपक्ष वास्तविकता स्वीकार करने को तैयार नहीं है। उन्होंने कहा कि राजनीतिक समर्थन और जनाधार के आधार पर महायुति लगातार मजबूत हो रही है।
उन्होंने कहा कि उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के साथ सांसदों की संख्या बढ़ने से उनकी ताकत जरूर बढ़ी है, लेकिन इससे सबसे ज्यादा फायदा महायुति गठबंधन को होगा। इसलिए हमें परेशान होने की जरूरत नहीं है।