Petrol Diesel Price Hike: मिडल ईस्ट युद्ध के चलते भारत में पेट्रोल-डीजल 3 रुपये महंगा हो गया है। स्टेट ऑफ होर्मुज बंद होने से सप्लाई ठप है। सरकार ने और झटकों के संकेत देते हुए तेल बचाने की अपील की है।
Petrol Diesel Price: शुक्रवार को तेल कंपनियों ने देशभर में पेट्रोल और डीजल के दाम में 3 रुपये बढ़ा दिए। वेस्ट एशिया (West Asia) में जारी तनाव का असर अब सीधे भारतीय जनता की जेब पर पड़ने लगा है। ईरान पर हुए हमलों के बाद भड़की आग ने पूरी दुनिया के एनर्जी मार्केट को हिला कर रख दिया है। दुनिया की 25% तेल सप्लाई स्टेट ऑफ होर्मुज (Strait of Hormuz) से गुजरती है। ईरान ने स्टेट ऑफ होर्मुज को पूरी तरह बंद कर दिया है। कच्चे तेल (Crude Oil) की कमी और सप्लाई चेन टूटने से भारत सरकार पर भारी दबाव है। यही वजह है कि महीनों से स्थिर दाम अब आसमान छूने लगे हैं।
पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने पहले ही संकेत दे दिए थे। उन्होंने दिल्ली में CII के एक कार्यक्रम में कहा था कि 'किसी न किसी स्तर पर, सरकार को पेट्रोल और डीजल जैसे पेट्रोलियम उत्पादों की कीमतें बढ़ाने के संबंध में कोई निर्णय लेना ही होगा।' वहीं, इंडियन ऑयल (IOCL) के डायरेक्टर (रिफाइनरीज) अरविंद कुमार ने इस बढ़ोतरी को बहुत छोटा बताया है।
उन्होंने कहा 'यह बहुत मामूली बढ़ोतरी है, और आप जानते हैं कि इस पर काफी दबाव है। लेकिन मैं आपको यकीन दिला सकता हूं कि इंडियन ऑयल ग्रुप की कंपनियां दस रिफाइनरिया दिन-रात काम कर रही हैं, और अपनी 100% से भी ज्यादा क्षमता पर काम कर रही हैं, ताकि हमारे किसी भी रिटेल आउटलेट पर कोई संकट न आए, कोई कमी न हो, आइए, इस आपातकाल और इस मुश्किल समय में ईंधन बचाने के लिए हम सब मिलकर प्रयास करें।'
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को जनता से तेल बचाने की इमोशनल अपील की। सरकार सोशल मीडिया पर मोदी 7 अपील (Modi 7 Appeals) नाम से पोस्टर शेयर कर रही है। पीएम ने साफ कहा है कि विदेशी मुद्रा भंडार फॉरेक्स रिजर्व्स बचाने के लिए भारतीयों को कार पूलिंग करनी होगी और पब्लिक ट्रांसपोर्ट का इस्तेमाल बढ़ाना होगा।
दिग्गज बैंकर उदय कोटक ने साफ लहजे में कहा है कि भारत को अपनी समक्षा से ज्यादा खर्च करने से बचना होगा। उन्होंने चेतावनी दी कि मौजूदा संकट 'यह सुनने में जितनी बड़ी और जटिल लगती है, असल में उससे कहीं ज्यादा बड़ी और जटिल समस्या है।' जानकारों का मानना है कि सरकार एक साथ बड़ा बोझ डालने के बजाय किस्तों में दाम बढ़ाएगी ताकि जनता को एकदम से बड़ा झटका न लगे।